डल झील में शिकारा का आनंद और हस्तकला की तारीफ... कश्मीर की सुंदरता के मुरीद हुए अमेरिकी राजदूत गोर; आज जाएंगे लद्दाख
भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने जम्मू-कश्मीर के अपने पहले दौरे पर डल झील में शिकारा का आनंद लिया और स्थानीय कारीगरों से मिले।

अमेरिकी राजदूत सर्जिया गोर ने डल झील में शिकारा का लिया आनंद। फोटो सोशल मीडिया
HighLights
अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर का जम्मू-कश्मीर का पहला दौरा।
डल झील में शिकारा सवारी और कश्मीरी हस्तशिल्प का अनुभव।
स्थानीय कारीगरों से मिलकर उनकी कला को सराहा।
राज्य ब्यूरो, श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर के अपने पहले दौरे पर पहुंचे भारत में अमेरिकी राजदूत एवं दक्षिण एशिया के विशेष दूत सर्जियो गोर बुधवार को कश्मीर की प्राकृतिक खूबसूरती और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से रूबरू हुए। अपने दौरे के दौरान उन्होंने प्रसिद्ध डल झील में शिकारा की सवारी का आनंद लिया और बाद में निशात स्थित अली शाह क्राफ्ट्स शोरूम पहुंचकर स्थानीय कारीगरों से बातचीत की। वह गुरुवार को लद्दाख जाएंगे।
डल झील की शांत लहरों के बीच शिकारा की सवारी करते हुए सर्जियो गोर श्रीनगर की उस खूबसूरती का हिस्सा बने, जो लंबे समय से कश्मीर की पहचान रही है। शिकारा सवारी के दौरान उन्होंने डल झील और उसके आसपास के प्राकृतिक नजारों का आनंद लिया। इसके बाद अमेरिकी दूत ने निशात स्थित एक प्रतिष्ठित कश्मीरी कालीन शोरूम का दौरा किया।
कारीगरों से मिले गोर
संबंधित अधिकारियों के अनुसार, अमेरिकी राजदूत कश्मीर की समृद्ध हस्तशिल्प की नायाब वस्तुओं को देखने के लिए अचानक ही डल झील किनारे स्थित एक शोरूम में दाखिल हो गए। हालांकि उक्त शोरूम जहां कई कारीगर उस समय कालीन भी बुन रहे थे, में अमेरिकी राजदूत की यात्रा तय नहीं थी। उन्होंने स्थानीय कारीगरों से मुलाकात की और उनकी कला को बेहद करीब से देखा।
गोर ने कारीगरों से बातचीत के दौरान पारंपरिक कश्मीरी हस्तशिल्प तैयार करने की प्रक्रिया, इस्तेमाल की जाने वाली तकनीकों और पीढ़ियों से चली आ रही कारीगरी के बारे में जानकारी ली। उन्होंने कारीगरों के हुनर में विशेष रुचि दिखाई और उनके काम को प्रत्यक्ष रूप से देखा।
VIDEO | Srinagar: Exclusive visuals of US Ambassador to India Sergio Gor enjoying a shikara ride on the Dal Lake. pic.twitter.com/jUmmS7367F
— Press Trust of India (@PTI_News) August 19, 2026
जम्मू-कश्मीर भारत का अहम हिस्सा
कश्मीर की हस्तशिल्प परंपरा सदियों पुरानी है और यहां की बारीक कढ़ाई, कालीन, लकड़ी की नक्काशी तथा अन्य पारंपरिक कलाएं घाटी की सांस्कृतिक पहचान का अहम हिस्सा हैं। गोर का अली शाह क्राफ्ट्स दौरा इसी समृद्ध विरासत को करीब से समझने का अवसर बना।
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सर्जियो गोर का जम्मू-कश्मीर दौरा ऐसे समय में हुआ है, जब वह पहली बार केंद्र शासित प्रदेश की यात्रा पर हैं। इससे पहले उन्होंने मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से मुलाकात की थी। बैठक के बाद अमेरिकी राजदूत ने जम्मू-कश्मीर को “भारत का एक महत्वपूर्ण हिस्सा” बताया था और क्षेत्र में बेहतर होते सुरक्षा माहौल की सराहना की थी।
कश्मीर की प्राकृतिक सुंदरता से लेकर यहां की सदियों पुरानी कारीगरी तक, सर्जियो गोर के बुधवार के कार्यक्रम ने उनके दौरे को कूटनीतिक बैठकों से आगे एक सांस्कृतिक आयाम भी दिया।
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