जमशेदपुर में हिमांशु सिंह हत्याकांड में लापरवाही बरतने वाले 3 पुलिसकर्मी सस्पेंड, देखें शहर के पबों का खूनी रिकॉर्ड
जमशेदपुर के बिष्टुपुर में हिमांशु सिंह हत्याकांड में लापरवाही बरतने पर तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है। पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा और ...और पढ़ें

बिष्टुपुर में विरोध प्रदर्शन के दौरान रोते बिलखते हिमांशु सिंह के परिजन।
HighLights
हिमांशु सिंह हत्याकांड में तीन पुलिसकर्मी निलंबित, लापरवाही का आरोप।
अर्जुन मुंडा, सरयू राय ने कानून-व्यवस्था पर उठाए गंभीर सवाल।
जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। बिष्टुपुर थाना क्षेत्र स्थित डबल डाउन (डीडी) बार के बाहर हुई हिंसक वारदात और हिमांशु सिंह हत्याकांड को लेकर जमशेदपुर पुलिस महकमे में बड़ा एक्शन हुआ है।
वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) पीयूष पांडेय ने ड्यूटी में घोर लापरवाही बरतने के आरोप में घटनास्थल पर मौजूद गश्ती दल के तीन पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
निलंबित पुलिसकर्मियों में सहायक अवर निरीक्षक (ASI) रतन कुमार दास, सहायक अवर निरीक्षक (ASI) राजेश कुमार रंजन और आरक्षी संख्या 913 मनोज कुमार शामिल हैं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस पूरे मामले की विभागीय जांच जारी है और इसकी अंतिम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
झारखंड को झकझोरने वाली घटना: अर्जुन मुंडा
बिष्टुपुर के डीडी बार के बाहर हुए इस जघन्य हत्याकांड पर पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता अर्जुन मुंडा ने आक्रोश जताया है। उन्होंने राज्य की हेमंत सोरेन सरकार पर निशाना साधा है।
उन्होंने कहा कि पुलिस की मौजूदगी में किसी व्यक्ति को पुलिस के ही वाहन से खींचकर उस पर जानलेवा हमला किया जाना पूरे झारखंड को झकझोर देने वाली घटना है।
यदि अपराधी पुलिस के सामने ही इतने बेखौफ होकर हत्या जैसी वारदात को अंजाम दे सकते हैं, तो आम जनता की सुरक्षा पर बहुत गंभीर सवाल खड़े होते हैं। यह घटना राज्य की कानून-व्यवस्था की पूरी तरह विफलता को उजागर करती है।
दोषियों को मिले फांसी: सरयू राय
जमशेदपुर पश्चिमी के विधायक सरयू राय ने भी कहा कि पुलिस की गश्ती गाड़ी से दो युवकों को खींचकर चापड़ से हमला करना जमशेदपुर पुलिस के चेहरे पर कालिख पोतने जैसा है।
उन्होंने इस लापरवाही के लिए पुलिस प्रशासन को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराते हुए मांग की है कि इस जघन्य हत्याकांड के सभी आरोपियों पर हत्या की कठोर धाराओं के तहत मुकदमा चलाया जाए।
साथ ही, उन्होंने स्पीडी ट्रायल चलाकर अपराधियों को फांसी की सजा दिलाने की दिशा में प्रभावी कदम उठाने की वकालत की।
जमशेदपुर के बार और पबों का खूनी इतिहास:
जमशेदपुर के बार, पब और होटलों में सुरक्षा और कानून-व्यवस्था के बिगड़ने का यह कोई पहला मामला नहीं है। पिछले कुछ वर्षों में शहर के नाइटलाइफस्पॉट्स पर कई बड़ी हिंसक घटनाएं हो चुकी हैं:
- डबल डाउन (डीडी) पब एंड बार, बिष्टुपुर (जून 2026): बार के अंदर शुरू हुआ विवाद बाहर तक पहुंचा। अपराधियों ने पुलिस की मौजूदगी में दो युवकों पर चापड़ से हमला किया। घायल हिमांशु सिंह की टीएमएच (TMH) में इलाज के दौरान मौत हो गई। इस मामले में भाजपा नेता व बार संचालक नीरज सिंह समेत 10 लोगों पर नामजद एफआईआर दर्ज हुई है।
- डॉल्फिन क्लब, मानगो (8 जून 2026): पूल पार्टी के दौरान छेड़खानी को लेकर दो गुटों में खूनी संघर्ष हुआ, जिससे कार्यक्रम स्थल रणक्षेत्र में तब्दील हो गया। इस घटना में एक युवती समेत तीन लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे।
- रॉयल हिल होटल डांस बार, मानगो (मार्च 2024): यहां अवैध रूप से चलाए जा रहे डांस बार का भंडाफोड़ हुआ था। पुलिस ने मालिक, मैनेजर और सात कर्मचारियों समेत 11 बार बालाओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी।
- सागर बार, साकची (21 अप्रैल 2022): शहर के सबसे चर्चित मामलों में से एक, जहां कारोबारी जितेंद्र सिंह की उनके प्रतिद्वंद्वियों ने दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी थी।
- सिटी इन होटल बार, पारडीह (वर्ष 2023-24): इस बार में शराब पीने के दौरान ग्राहकों के बीच कई बार हिंसक मारपीट, हंगामा और सरेआम फायरिंग की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, जिसमें पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा था।
फिलहाल, पुलिस प्रशासन का दावा है कि हिमांशु हत्याकांड के सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच की जा रही है और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज कर दी गई है।