तमिलनाडु में गैस रिसाव: पश्चिमी सिंहभूम के 14 मजदूर रेस्क्यू, ट्रेन से झारखंड के लिए रवाना
तमिलनाडु के तिरुवल्लूर में अमोनिया गैस रिसाव से प्रभावित पश्चिमी सिंहभूम के 14 श्रमिकों को सुरक्षित रेस्क्यू कर उनके गृह जिले वापस लाया जा रहा है। ...और पढ़ें

रेस्क्यू के बाद ट्रेन से झारखंड के लिए रवाना
HighLights
तमिलनाडु गैस रिसाव से पश्चिमी सिंहभूम के 14 श्रमिक बचाए गए।
श्रमिकों को ट्रेन से राउरकेला, फिर चक्रधरपुर लाया जा रहा।
जिला प्रशासन घर वापसी तक लगातार निगरानी कर रहा है।
जागरण संवाददाता, चाईबासा। तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले में अमोनिया गैस रिसाव की घटना से प्रभावित पश्चिमी सिंहभूम जिले के 14 श्रमिकों की सुरक्षित घर वापसी सुनिश्चित कर दी गई है। जिला प्रशासन के समन्वित प्रयासों और तमिलनाडु प्रशासन के सहयोग से सभी श्रमिकों को सुरक्षित रेस्क्यू कर रेल मार्ग से उनके गृह जिले भेजा जा रहा है।
इस खबर से श्रमिकों के परिजनों ने राहत की सांस ली है, जो घटना के बाद से लगातार उनकी सुरक्षित वापसी को लेकर चिंतित थे।
तमिलनाडु से पहले राउरकेला पहुंचेंगे
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सभी श्रमिक पहले रेल मार्ग से राउरकेला पहुंचेंगे। वहां से वे अगली ट्रेन के माध्यम से आगामी दिवस प्रातः चक्रधरपुर रेलवे स्टेशन पहुंचेंगे। चक्रधरपुर स्टेशन पर जिला प्रशासन की ओर से अधिकारियों एवं कर्मचारियों की टीम तैनात रहेगी, जो श्रमिकों के स्वागत के साथ-साथ उनकी सुरक्षित घर वापसी की पूरी व्यवस्था करेगी।
सभी श्रमिकों को उनके गांव और घर तक पहुंचाने के लिए प्रशासन ने अलग-अलग वाहनों की व्यवस्था की है, ताकि उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
जिला प्रशासन ने बताया कि श्रमिकों की यात्रा पर लगातार नजर रखी जा रही है। संबंधित अधिकारियों के माध्यम से उनकी स्थिति की नियमित जानकारी ली जा रही है। यदि किसी श्रमिक को यात्रा के दौरान स्वास्थ्य संबंधी कोई समस्या होती है तो तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने की भी व्यवस्था की गई है। आवश्यकता पड़ने पर चक्रधरपुर पहुंचने के बाद भी उनका स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाएगा।
सूचना मिलते ही पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन सक्रिय
प्रशासन के अनुसार, तिरुवल्लूर में अमोनिया गैस रिसाव की सूचना मिलते ही पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन सक्रिय हो गया था। उपायुक्त के निर्देश पर संबंधित अधिकारियों ने तमिलनाडु प्रशासन, स्थानीय पुलिस तथा अन्य एजेंसियों से लगातार संपर्क बनाए रखा।
खबरें और भी
दोनों राज्यों के प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय के कारण प्रभावित सभी 14 श्रमिकों का सुरक्षित रेस्क्यू संभव हो सका और अब उनकी सकुशल घर वापसी कराई जा रही है।
परिजनों को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी
जिला प्रशासन ने श्रमिकों के परिजनों को भी पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी और उन्हें भरोसा दिलाया कि किसी भी श्रमिक को असुरक्षित स्थिति में नहीं छोड़ा जाएगा। प्रशासन लगातार परिजनों के संपर्क में रहा, जिससे उन्हें समय-समय पर श्रमिकों की स्थिति की जानकारी मिलती रही। इससे परिवारों की चिंता काफी हद तक कम हुई।
प्रशासन ने कहा कि राज्य से बाहर कार्य करने वाले जिले के श्रमिकों की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है। भविष्य में भी यदि जिले का कोई श्रमिक किसी आपदा, दुर्घटना या संकट की स्थिति में फंसता है तो जिला प्रशासन उसकी हरसंभव सहायता और सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने के लिए तत्पर रहेगा।
जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया
इस पहल से प्रभावित परिवारों ने जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है। परिजनों का कहना है कि घटना के बाद वे काफी चिंतित थे, लेकिन प्रशासन की लगातार निगरानी, समन्वय और त्वरित कार्रवाई के कारण अब उनके अपने सुरक्षित घर लौट रहे हैं। पूरे जिले में श्रमिकों की सकुशल वापसी की खबर से राहत और संतोष का माहौल है।