Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    मनोहरपुर SHG घोटाला: पूर्व बैंक सखी ने 14 महिला समूहों के खातों से उड़ाए ₹43 लाख

    Updated: Tue, 07 Jul 2026 08:18 PM (IST)

    मनोहरपुर प्रखंड में 14 महिला स्वयं सहायता समूहों के बैंक खातों से पूर्व बैंक सखी सुबानी तिग्गा ने लगभग 43 लाख रुपये की अवैध निकासी की है। ...और पढ़ें

    प्रतीकात्‍मक तस्‍वीर।

    प्रतीकात्‍मक तस्‍वीर।

    HighLights

    1. पूर्व बैंक सखी सुबानी तिग्गा पर लगा है धोखाधड़ी का आरोप।

    2. 'गंगा SHG' से 3 लाख लौटाने का लिखित समझौता हुआ।

    संसू, मनोहरपुर। पश्चिमी सिंहभूम जिले के मनोहरपुर प्रखंड में विभिन्न महिला स्वयं सहायता समूहों (SHG) के बैंक खातों से लाखों रुपये की अवैध निकासी का एक बड़ा मामला सामने आया है। 
     
    पूर्व बैंक सखी तिरला निवासी सुबानी तिग्गा पर आरोप है कि उसने नियमों को ताक पर रखकर 14 महिला स्वयं सहायता समूहों के खातों से लगभग 43 लाख रुपये की अवैध निकासी की है। इस खुलासे के बाद महिला समूहों में हड़कंप मच गया है।
     

    बैठक में 14 समूहों की सूची आई सामने

    जेएसएलपीएस (JSLPS) की बारंगा आजीविका संकुल संगठन (CLF) की अध्यक्ष राजकिशोरी सुरीन ने बताया कि पहले वे लोग क्षेत्र का नियमित भ्रमण नहीं करती थीं। 
     
    लेकिन जब झारखंड राज्य ग्रामीण बैंक, मनोहरपुर से अवैध निकासी के मामले आने लगे, तो 25 जून को तीन पंचायतों के सभी 18 ग्राम संगठनों (VO) के सदस्यों की बैठक बुलाई गई।


    इसी बैठक में यह बात खुलकर सामने आई कि आरोपी सुबानी तिग्गा ने कुल 14 स्वयं सहायता समूहों के खातों में सेंध लगाई है। जिन 14 महिला समूहों के खातों से अवैध निकासी की गई है, उनके नाम इस प्रकार हैं:

    •     रायकेरा: लिली SHG, मां पार्वती SHG, ज्योति एकता SHG, दीप SHG, कमला SHG, विमला SHG
    •     तिरला: आदिवासी SHG, एरवी SHG, ऋतु SHG
    •     सतपोटका: सूत्र SHG, नेहा SHG
    •     अन्य गांव: अनार SHG (गोपीपुर), एकता SHG (बरंगा), दुर्गा SHG (प्रधानपल्ली) 
    बैठक में आरोपी सुबानी तिग्गा ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए कहा है कि वह दो महीने के भीतर पूरी राशि का भुगतान कर देगी, ऐसा न करने पर उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। 
     
    हालांकि, इस मामले में सीएलएफ अध्यक्ष और जेएसएलपीएस के अधिकारियों की चुप्पी से मामले को दबाने या आरोपी को बचाने की आशंका भी जताई जा रही है।
     

    'गंगा SHG' के साथ हुआ लिखित समझौता 

    इसी बीच खुदपोस गांव की गंगा महिला स्वयं सहायता समूह से अवैध रूप से निकाले गए लगभग 3 लाख रुपये का मामला मीडिया में आने के बाद प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। 
     
    सोमवार को जेएसएलपीएस कार्यालय में बीपीएम नरेश कुम्हार की उपस्थिति में समूह के पदाधिकारियों और आरोपी सुबानी तिग्गा के बीच एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। 
     
    इस बैठक में लिखित समझौता हुआ कि सुबानी तिग्गा ब्याज सहित कुल 312660 रुपये 13 जुलाई 2026 तक गंगा महिला समूह को लौटा देगी। यदि तय समय पर भुगतान नहीं किया गया, तो आरोपी के खिलाफ थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी। 

    यह भी पढ़ें- रिलायंस कमर्शियल फाइनेंस धोखाधड़ी पर CBI ने 4097 करोड़ के घोटाले में चार्जशीट दाखिल की, 7 नामजद और 3 गिरफ्तार

    यह भी पढ़ें- रांची में पशुपालन विभाग के खाते से फिर 17 लाख की अवैध निकासी कुबेर पोर्टल पर फर्जी आईडी से घोटाला

    यह भी पढ़ें- 116 करोड़ का घोटाला! चंडीगढ़ निगम का अकाउंटेंट गिरफ्तारी से बचने के लिए लगा रहा दांव-पेच, तीसरी बार मांगी अग्रिम जमानत

    महिला समूहों के खातों से अवैध निकासी का यह पूरा मामला मेरे यहां आने से पहले का है। मेरे कार्यभार संभालने के बाद यह गड़बड़ी उजागर हुई और मैंने तुरंत छानबीन शुरू करा दी। आरोपी सुबानीलकड़ा तिग्गा ने दो महीने में पैसे लौटाने का आश्वासन दिया है।

    -

     नरेश कुम्हार, बीपीएम, जेएसएलपीएस, मनोहरपुर

    बैंक में रोजाना विभिन्न स्वयं सहायता समूहों के लोग आते रहते हैं। चेक पास करने वाले संबंधित बैंक कर्मियों से पूछताछ और पीड़ित समितियों के बैंक स्टेटमेंट की विस्तृत जांच किए बिना अभी कुछ भी स्पष्ट कहना संभव नहीं है। सच्चाई का पता लगा रहे हैं।

    -

     संजीव कुमार, शाखा प्रबंधक, झारखंड ग्रामीण बैंक, मनोहरपुर

    खबरें और भी