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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 20, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सिर्फ लाल-हरा नहीं, Packaged Food पर होते हैं 5 अलग-अलग रंगों के निशान; क्या आप जानते हैं इनका मतलब?

Published: Sun, 20 Jul 2025 08:16 PM (IST)Updated: Sun, 20 Jul 2025 10:19 PM (IST)

क्या आपने कभी Packaged Food पर हरे और लाल रंग के अलावा और भी रंगों के निशान देखे हैं? हममें ...और पढ़ें

खाने के पैकेट पर बने ये 5 रंगों के निशान खोलते हैं कई राज (Image Source: Freepik)
खाने के पैकेट पर बने ये 5 रंगों के निशान खोलते हैं कई राज (Image Source: Freepik)

HighLights

  1. Packaged Food पर 5 अलग-अलग रंगों के निशान होते हैं।
  2. ज्यादातर लोग रेड या ग्रीन के अलावा और संकेतों का मतलब नहीं जानते हैं।
  3. इन निशानों को जानना आपको सही प्रोडक्ट चुनने में मदद करता है।

लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। भारत में खाने को लेकर लोगों की पसंद बहुत अलग-अलग है। कोई प्योर वेजिटेरियन है, तो कोई नॉन वेजिटेरियन। कुछ लोग मीट नहीं खाते लेकिन अंडा खाते हैं, वहीं अब कई लोग पूरी तरह से Vegan भी हो चुके हैं- यानी न दूध, न घी, न अंडा, बस पूरी तरह से प्लांट बेस्ड डाइट।

इसलिए, यह जरूरी हो गया है कि हम जो भी खाएं, उसके बारे में पूरी जानकारी रखें। ऐसे में, अगर आप ध्यान से देखें तो खाने-पीने की हर चीज के पैकेट पर एक छोटा-सा रंगीन निशान होता है- कभी हरा, कभी लाल, कभी पीला, नीला या काला।

बता दें, ये सिर्फ डिजाइन का हिस्सा नहीं हैं, बल्कि आपकी सेहत से जुड़ी अहम जानकारी देते हैं। आइए जानते हैं कि इन रंगों का मतलब क्या होता है और खासतौर पर काले निशान से क्यों आपको सतर्क रहना चाहिए।

हरे और लाल निशान

  • हरा निशान: यह दर्शाता है कि प्रोडक्ट पूरी तरह से वेजिटेरियन है। यानी इसमें कोई मीट, अंडा या अन्य जानवरों से मिलने वाला प्रोडक्ट नहीं है।
  • लाल निशान: यह संकेत देता है कि यह प्रोडक्ट नॉन वेजिटेरियन है। अगर आप वेजिटेरियन हैं, तो इस पर खास ध्यान दें।

अभी तक ज्यादातर लोग सिर्फ इन दो रंगों को पहचानते हैं, लेकिन जानकारी यहीं खत्म नहीं होती है।

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अब जानिए बाकी रंगों का मतलब

नीला निशान

यह दर्शाता है कि यह प्रोडक्ट दवा से संबंधित है। इसका मतलब यह है कि इसका इस्तेमाल किसी मेडिकल स्थिति के लिए हो सकता है, और इसे डॉक्टर की सलाह के बिना इस्तेमाल न करें।

पीला निशान

यह इस बात का संकेत है कि प्रोडक्ट में अंडा मौजूद है। कई लोग अंडा नहीं खाते, ऐसे लोगों के लिए यह जानकारी बहुत जरूरी है।

काला निशान

अगर किसी खाने के पैकेट पर काला निशान बना है, तो यह इस बात का संकेत है कि उस प्रोडक्ट में काफी मात्रा में केमिकल्स मौजूद हैं। यह स्वाद बढ़ाने, रंग देने या लंबे समय तक खराब न होने के लिए डाले जाते हैं, लेकिन ज्यादा मात्रा में ये सेहत को नुकसान पहुंचा सकते हैं।

एक्सपर्ट मानते हैं कि काले निशान वाले प्रोडक्ट्स का ज्यादा सेवन पाचन तंत्र, लिवर और किडनी पर असर डाल सकता है। लंबे समय तक इन्हें डाइट में शामिल करने से बीमारियों का खतरा भी कई गुना बढ़ सकता है।

क्या करें?

हर बार जब आप कोई फूड आइटम खरीदें, तो उसके पैकेट पर लगे रंगीन निशान जरूर देखें।

  • बच्चों के स्नैक्स, नमकीन, मीठे और पैकेज्ड फूड पर काले निशान ज्यादा देखने को मिलते हैं- इन्हें नियमित रूप से देने से बचें।
  • अगर कोई प्रोडक्ट काले निशान वाला हो, तो बेहतर है कि उसे न खरीदें या बहुत कम मात्रा में ही इस्तेमाल करें।

खाने के पैकेट पर लगे छोटे-छोटे रंगीन निशान आपकी सेहत की सुरक्षा के लिए होते हैं- ये आपकी पसंद और जरूरत के हिसाब से सही च्वॉइस करने में मदद करते हैं। अब जब आप इनका मतलब जान चुके हैं, तो अगली बार मार्केट जाएं तो सिर्फ स्वाद या ब्रांड देखकर न खरीदें, बल्कि उसके रंगों की भाषा भी समझें।

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