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    गर्मियों में बढ़ गई है आंखों में जलन और रेडनेस? इन्फेक्शन से बचने के लिए अपनाएं ये तरीके

    Updated: Thu, 28 May 2026 01:48 PM (IST)

    हीटवेव का असर सिर्फ त्वचा तक सीमित नहीं है। यह आपकी आंखों में भी ड्राईनेस, रेडनेस, इन्फेक्शन और खुजली की समस्या हो सकती है। ...और पढ़ें

    हीटवेव से आंखों में जलन और सनबर्न का खतरा (Picture Courtesy: Freepik)

    हीटवेव से आंखों में जलन और सनबर्न का खतरा (Picture Courtesy: Freepik)

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    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। बढ़ती गर्मी के प्रभाव को हम सिर्फ लू, डिहाइड्रेशन या सनबर्न से जोड़कर देखते हैं, लेकिन इसका असर आपकी आंखों पर भी पड़ सकता है। गर्मी के दिनों में ड्राई आइज, रेडनेस, जलन, एलर्जी और धुंधला दिखने की समस्याएं काफी बढ़ जाती हैं। 

    दरअसल, जब तापमान 45 डिग्री सेल्सियस को पार कर जाता है, तो लंबे समय तक धूप में रहने से आंखों को गंभीर नुकसान पहुंच सकता है। आइए डॉ. चित्रलेखा दे (सीनियर कंसल्टेंट, ऑप्थेलोमोलॉजी, अमृता हॉस्पिटल, फरीदाबाद) से जानते हैं कि हीटवेव आपकी आंखों पर कैसे असर डालती है और इससे बचने के लिए क्या करना चाहिए। 

    हीटवेव आंखों को कैसे पहुंचाती है नुकसान?

    • टियर फिल्म का सूखना- हमारी आंखों की सतह को सुरक्षित और नमी बनाए रखने के लिए एक बारीक टियर फिल्म होती है, जो धूल, प्रदूषण और इन्फेक्शन से बचाव करती है। हीटवेव के दौरान चलने वाली गर्म हवाएं, शरीर में पानी की कमी और तेज धूप इस नमी को तेजी से सुखा देती हैं। इससे आंखों में ड्राईनेस और कॉर्निया में जलन का खतरा बढ़ जाता है।
    • AC और बाहरी तापमान का उतार-चढ़ाव- अक्सर लोग तेज गर्मी से बचने के लिए तेज एयर कंडीशनर में बैठते हैं और फिर अचानक तेज धूप में बाहर निकल जाते हैं। तापमान का यह अचानक बदलाव और AC की ड्राई हवा आंखों की नमी को और कम कर देती है, जिससे इन्फेक्शन का खतरा बढ़ता है।
    • बच्चों और युवाओं पर दोहरा असर- गर्मियों की छुट्टियों में बच्चे और युवा मोबाइल, टैबलेट या लैपटॉप पर ज्यादा समय बिताते हैं। स्क्रीन देखते समय हम पलकें कम झपकाते हैं, जिससे डिजिटल आई स्ट्रेन और आंखों में ड्राईनेस, रेडनेस, खुजली व जलन की समस्या काफी बढ़ जाती है।
    • UV रेडिएशन के नुकसान- सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे के बीच UV किरणों का स्तर सबसे ज्यादा होता है। इस दौरान सीधी धूप के संपर्क में आने से मोतियाबिंद का तेजी से बढ़ना, रेटिना को नुकसान, फोटोकेराटाइटिस यानी आंखों का सनबर्न और टेरीजियम जैसी गंभीर बीमारियां हो सकती हैं।
    Eye Problems Heatwave
    (AI Generated Image)

    हीटवेव में आंखों को सुरक्षित कैसे रखें?

    • UV-प्रोटेक्टिव सनग्लासेस पहनें- जब भी धूप में बाहर निकलें, हमेशा अच्छी क्वालिटी वाले सनग्लासेज पहनें जो 100% UV किरणों को रोकते हों।
    • हाइड्रेटेड रहें- दिनभर में भरपूर मात्रा में पानी, नारियल पानी या नींबू पानी पीते रहें ताकि शरीर के साथ-साथ आंखों में भी नमी बनी रहे।
    • 20-20-20 का नियम अपनाएं- स्क्रीन का इस्तेमाल करते समय हर 20 मिनट बाद, 20 फीट दूर किसी चीज को कम से कम 20 सेकंड के लिए देखें। इससे आंखों की मांसपेशियों को आराम मिलता है।
    • साफ पानी से आंखें धोएं- बाहर से आने के बाद आंखों को ठंडे और साफ पानी से धोएं। आंखों को रगड़ने से पूरी तरह बचें, क्योंकि इससे इन्फेक्शन फैल सकता है।
    • खुद डॉक्टर न बनें- आंखों में जलन या रेडनेस होने पर बिना डॉक्टर की सलाह के कोई भी आई ड्रॉप न डालें।