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क्या आपका खाना बढ़ा रहा है कैंसर का खतरा? वैज्ञानिकों की इस नई रिसर्च ने चौंकाया

Published: Wed, 08 Apr 2026 06:05 PM (IST)

प्रिंसटन यूनिवर्सिटी के एक नए अध्ययन के अनुसार, हाई फैट डाइट कैंसर, विशेषकर ट्रिपल-नेगेटिव ब्रेस्ट कैंसर की वृद्धि को तेज कर सकता है।

उच्च वसा वाला भोजन बढ़ा सकता है कैंसर का खतरा: नया शोध (Picture Credit- AI Generated)

उच्च वसा वाला भोजन बढ़ा सकता है कैंसर का खतरा: नया शोध (Picture Credit- AI Generated)

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संक्षेप में पढ़ें

लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। यह तो हम सभी जानते हैं कि हमारे खाने में शामिल फूड्स न सिर्फ हमारी भूख मिटाते हैं, बल्कि हमारी सेहत पर भी सीधा असर डालते हैं। खासकर हमारे शरीर के अंदर पल रही बीमारियों पर खानपान सीधा असर पड़ता है।

इसलिए यह कहा जाता है कि खाने में सभी पोषक तत्वों को शामिल करना जरूरी है, ताकि सेहत को फायदा मिल सके। हालांकि, खाने में किसी भी चीज की अति सेहत को नुकसान भी पहुंचा सकती है। हाल ही में एक स्टडी में भी इसे लेकर खुलासा हुआ है। इसके मुताबिक ज्यादा फैट वाली डाइट कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी की रफ्तार बढ़ा सकती है।

क्या कहती है स्टडी?

हाल ही में प्रिंसटन यूनिवर्सिटी के एक नए अध्ययन में पता चला कि हमारा खानपान कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी के बढ़ने की रफ्तार को तय कर सकता है। खासकर हाई फैट डाइट सेहत के लिए गंभीर रूप से हानिकारक साबित हो सकती है।

खतरनाक है 'हाई-फैट' डाइट

वैज्ञानिकों ने अपनी रिसर्च में पाया कि ज्यादा फैट वाला खाना खाने से ब्रेस्ट कैंसर बहुत तेजी से बढ़ता और फैलता है। यह स्टडी खासतौर पर 'ट्रिपल-नेगेटिव ब्रेस्ट कैंसर' (TNBC) पर आधारित थी, जो ब्रेस्ट कैंसर का एक ऐसा 'जिद्दी' प्रकार है, जिस पर आम दवाइयां और स्टैंडर्ड इलाज आसानी से असर नहीं करते।

क्यों है यह खतरनाक? 

भारत में हर साल लगभग 2 लाख महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर के मामले सामने आते हैं, जिनमें से करीब 30% मामले इसी खतरनाक 'ट्रिपल-नेगेटिव' कैटेगरी के होते हैं।

कैसे की गई स्टडी?

इस रिसर्च के सटीक नतीजे पाने के लिए वैज्ञानिकों ने एक बिल्कुल नई तकनीक का इस्तेमाल किया। उन्होंने लैब में एक 3D ट्यूमर विकसित किया। इसे इंसानी खून (प्लाज्मा) जैसे तरल पदार्थ में रखा गया ताकि यह बिल्कुल एक इंसान के शरीर में मौजूद असली ट्यूमर की तरह व्यवहार करे।

चार अलग-अलग डाइट का टेस्ट

इसके बाद शरीर में खाने का क्या असर होता है, यह देखने के लिए चार कंडीशन- हाई इंसुलिन, हाई ग्लूकोज (शुगर), हाई कीटोन और हाई फैट का परीक्षण किया गया।

रिसर्च में सामने आए चौंकाने वाले नतीजे

रिसर्च टीम की लेखिका मरियम कोहराम ने बताया कि सबसे ज्यादा और आक्रामक असर 'हाई फैट' डाइट में देखा गया। ज्यादा फैट मिलने पर कैंसर सेल्स तेजी से बढ़े और ट्यूमर का आकार काफी बड़ा हो गया।

अध्ययन से जुड़ीं प्रोफेसर नेल्सन के मुताबिक, "हम ऐसे भोजन या डाइट की तलाश कर रहे थे, जो कैंसर के विकास को धीमा कर सके, लेकिन हैरानी की बात है कि हमें 'हाई-फैट' के रूप में एक ऐसी डाइट मिली जो ट्यूमर को तेजी से बढ़ा रही थी।"

क्या बिल्कुल भी नहीं खाना चाहिए फैट?

हालांकि, विशेषज्ञों ने यह भी साफ किया है कि इसे सीधी 'डाइट एडवाइस' न माना जाए। इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि फैट खाने से सीधे कैंसर हो जाएगा।

इसका असली अर्थ यह है कि अगर किसी को ट्यूमर है, तो लंबे समय तक ज्यादा फैट वाली डाइट लेने से उस ट्यूमर के आक्रामक होने का खतरा बढ़ जाता है। यह रिसर्च भविष्य में डॉक्टरों को यह तय करने में मदद करेगी कि कैंसर के किस इलाज के साथ मरीज को कौन-सी डाइट देनी चाहिए।

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