Navratri 2025: नवरात्र व्रत में भूलकर भी न करें ये 5 गलतियां, वरना गैस-एसिडिटी से होगा बुरा हाल
22 सितंबर से नवरात्र का पावन पर्व शुरू होने जा रहा है। ऐसे में भक्त मां दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए 9 दिनों का व्रत रखते हैं। कई बार व्रत के दौरान ल ...और पढ़ें

HighLights
- नवरात्र का व्रत शरीर को शुद्ध करने का एक तरीका है।
- इस दौरान खानपान में बरती जाने वाली लापरवाही भारी पड़ सकती है।
- व्रत के बीच होने वाली कुछ गलतियां गैस-एसिडिटी की वजह बन सकती हैं।
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। Navratri 2025: नवरात्र... यानी भक्ति, उपवास और मां दुर्गा का आशीर्वाद। 9 दिन की यह तपस्या न सिर्फ हमारी आस्था का प्रतीक है, बल्कि शरीर और मन को शुद्ध करने का भी एक तरीका है, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि व्रत रखने के बाद भी आपका पेट फूलने लगे, एसिडिटी हो जाए या गैस से बुरा हाल हो जाए?
दरअसल, यह सब कुछ गलतियों की वजह से होता है जिन्हें हम अक्सर नजरअंदाज कर देते हैं। इस साल के नवरात्र व्रत अगर आप बिना किसी परेशानी के रखना चाहते हैं, तो इन 5 गलतियों (Navratri Fasting Mistakes) को भूलकर भी न करें।
ज्यादा तला-भुना और मसालेदार खाना
व्रत का मतलब यह नहीं है कि आप कुट्टू की पूरी, पकौड़े और आलू के चिप्स खाकर पेट भर लें। ये चीजें तेल में तलने के कारण भारी हो जाती हैं और इन्हें पचाना मुश्किल होता है। इससे पेट में गैस और एसिडिटी बन सकती है। कोशिश करें कि उबला हुआ, भुना हुआ या कम तेल वाला खाना खाएं, जैसे साबूदाने की खिचड़ी, दही के साथ आलू या फल।
खाली पेट चाय-कॉफी का सेवन
व्रत के दौरान खाली पेट चाय या कॉफी पीना सबसे बड़ी गलती है। चाय और कॉफी में मौजूद कैफीन पेट में एसिड के प्रोडक्शन को बढ़ा देता है, जिससे एसिडिटी और सीने में जलन की समस्या हो सकती है। इसकी जगह आप नींबू पानी, छाछ, नारियल पानी या फलों का जूस पी सकते हैं, जो आपको हाइड्रेटेड भी रखेगा और पेट को शांत भी।
खबरें और भी
पानी कम पीना
व्रत में अक्सर लोग खाने-पीने पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन पानी पीना भूल जाते हैं। शरीर में पानी की कमी (डिहाइड्रेशन) से कब्ज और एसिडिटी हो सकती है। इसलिए दिनभर में पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं। इसके अलावा, खीरा, तरबूज और ककड़ी जैसे पानी वाले फलों का सेवन भी कर सकते हैं।
ज्यादा खट्टे फल खाना
कुछ लोग सोचते हैं कि व्रत में फल खाना सबसे अच्छा है। यह सच है, लेकिन खट्टे फलों का सेवन सीमित मात्रा में ही करें। अगर आपको पहले से ही एसिडिटी की समस्या है, तो खाली पेट संतरा, नींबू या मौसमी जैसे खट्टे फल खाने से बचें। आप इसकी जगह केला, पपीता या सेब खा सकते हैं, जो पेट के लिए हल्के होते हैं।
लंबे समय तक खाली पेट रहना
कुछ लोग व्रत के दौरान सुबह से शाम तक कुछ भी नहीं खाते। इससे पेट में एसिड बनने लगता है, जो गैस और एसिडिटी का कारण बनता है। थोड़ी-थोड़ी देर में कुछ हल्का खाते रहें। सुबह भीगे हुए बादाम, अखरोट और केला खाने से दिनभर एनर्जी बनी रहती है।
इन बातों का रखें ख्याल
- सुबह की शुरुआत: गुनगुने पानी के साथ भीगे हुए नट्स या एक केला खाएं।
- दिन में: फल, दही या छाछ का सेवन करें।
- दोपहर के भोजन में: कम तेल वाली साबूदाने की खिचड़ी, सिंघाड़े या कुट्टू की रोटी और दही खाएं।
- शाम को: हल्का स्नैक्स जैसे मखाना या भुनी हुई मूंगफली खाएं।
- रात में: हल्की सब्जी और रोटी या दूध पीकर सोएं।
यह भी पढ़ें- Home Remedies For Acidity: कुछ खाते ही बनने लगती है गैस, तो इन घरेलू नुस्खों से मिलेगा तुरंत आराम!
यह भी पढ़ें- Lemongrass Benefits: खट्टी डकार और एसिडिटी से हैं परेशान, तो इससे राहत दिलाने में मदद करेगी लेनमग्रास
Disclaimer: लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।