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    नींद से जुड़ी 3 गलतफहमियों को सच मानकर अपनी उम्र घटा रहे हैं आप, न्यूरोलॉजिस्ट की चेतावनी

    Updated: Tue, 17 Mar 2026 07:09 AM (IST)

    डॉ. सुधीर कुमार ने नींद से जुड़ी तीन गलतफहमियों को दूर किया है। उन्होंने बताया कि खर्राटे लेना नॉर्मल नहीं, बल्कि 'ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एपनिया' का संकेत ...और पढ़ें

    नींद से जुड़े इन 3 मिथकों ने बिगाड़ी करोड़ों की सेहत (Image Source: Freepik)

    नींद से जुड़े इन 3 मिथकों ने बिगाड़ी करोड़ों की सेहत (Image Source: Freepik) 

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    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। क्या आपको भी लगता है कि खर्राटे लेना एक आम बात है या फिर उम्र बढ़ने के साथ कम सोना ठीक है? अगर हां, तो यह आर्टिकल खास आपके लिए ही है।

    अपोलो हॉस्पिटल के सीनियर न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. सुधीर कुमार का कहना है कि नींद हमारे जीवन का एक बहुत अहम हिस्सा है, लेकिन इसे लेकर कई तरह की गलतफहमियां लोगों के बीच फैली हुई हैं। आइए, इस आर्टिकल में नींद से जुड़े तीन सबसे आम मिथकों से पर्दा उठाते हैं।

    Sleep myths

    (Image Source: Freepik) 

    मिथक नंबर-1: "खर्राटे लेना बिल्कुल नॉर्मल है और इससे कोई नुकसान नहीं होता"

    सच्चाई: अगर कोई व्यक्ति बहुत तेज खर्राटे लेता है, तो यह 'ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एपनिया' का इशारा हो सकता है। इस स्थिति में, इंसान की सोते समय बार-बार सांस रुकती है। तेज खर्राटों को हल्के में नहीं लेना चाहिए क्योंकि यह हाई ब्लड प्रेशर, स्ट्रोक और हार्ट अटैक का खतरा बढ़ा देता है। इसके अलावा, नींद पूरी न होने की वजह से दिन में भी नींद आती रहती है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं का जोखिम बढ़ जाता है।

    मिथक नंबर-2: "बुजुर्ग लोगों को ज्यादा नींद की जरूरत नहीं होती है"

    सच्चाई: यह सच है कि उम्र बढ़ने के साथ लोगों की नींद थोड़ी हल्की हो सकती है, लेकिन उनके शरीर को आराम और नींद की जरूरत पहले जितनी ही होती है। ज्यादातर बुजुर्गों को भी रोजाना लगभग 7 घंटे की नींद की जरूरत होती है। अगर किसी को लगातार खराब नींद आ रही है या नींद पूरी नहीं हो रही है, तो यह डिप्रेशन, स्लीप एपनिया या फिर अल्जाइमर जैसी दिमागी बीमारियों का शुरुआती संकेत हो सकता है।

    मिथक नंबर-3: "शराब पीने से नींद अच्छी आती है"

    सच्चाई: कई लोगों को लगता है कि शराब पीने से उन्हें बेहतर नींद आती है। हालांकि, शराब आपको जल्दी सुला जरूर सकती है, लेकिन असल में यह आपकी नींद की क्वालिटी को पूरी तरह बिगाड़ देती है। इसके सेवन से आपको वह गहरी और आरामदायक नींद नहीं मिल पाती जिससे शरीर तरोताजा महसूस करता है। इसके कारण आप रात में बार-बार जागते हैं। इतना ही नहीं, शराब आपके खर्राटे और स्लीप एपनिया जैसी समस्याओं को और भी ज्यादा गंभीर बना सकती है।

    हमारे दिमाग और दिल को पूरी तरह से स्वस्थ रखने के लिए एक अच्छी और गहरी नींद लेना बेहद जरूरी है। इसलिए, डॉक्टर का कहना है कि नींद से जुड़ी किसी भी समस्या को कभी भी नजरअंदाज न करें।

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