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    प्रगनानंद से सीख लेकर दमदार वापसी की कोशिश करें गुकेश, विश्‍वनाथन आनंद ने दिया अहम सुझाव

    Updated: Tue, 09 Jun 2026 07:53 PM (IST)

    आर प्रगनानंद ने हाल ही में नार्वे शतरंज चैंपियन का खिताब अपने नाम किया। प्रगनानंद नार्वे शतरंज खिताब जीतने वाले पहले भारतीय बने। विश्‍वनाथन आनंद ने उन ...और पढ़ें

    आर प्रगनानंद और डी गुकेश

    आर प्रगनानंद और डी गुकेश

    HighLights

    1. आनंद ने कहा कि गुकेश ले सकते हैं प्रगनानंद से सीख

    2. आर प्रगनानंद ने नार्वे शतरंज चैंपियनशिप का खिताब जीता

    3. आनंद ने कहा कि प्रगनानंद इस समय गुकेश से बेहतर खेल रहे हैं

    प्रेट्र, नई दिल्ली। दिग्गज खिलाड़ी विश्वनाथन आनंद ने आर प्रगनानंद के खेलने के बेहद प्रतिस्पर्धी अंदाज की तारीफ की और संघर्ष कर रहे विश्व चैंपियन डी गुकेश से कहा कि वे नार्वे शतरंज चैंपियन बने इस खिलाड़ी से सीख लेकर अपनी वापसी की कहानी लिखें।

    प्रगनानंद हाल ही में नार्वे शतरंज का खिताब जीतने वाले पहले भारतीय शतरंज खिलाड़ी बने, जबकि गुकेश टूर्नामेंट में छठे स्थान पर रहे। आनंद ने कहा कि मुझे खुशी है कि प्रगनानंद ने शानदार अंदाज में नार्वे शतरंज जीता। पिछले चार दौर में उन्होंने जिस तरह से जोरदार वापसी की उससे मैं बहुत खुश हूं। वे बहुत ही प्रभावशाली शैली के साथ खेल रहे हैं।

    गुकेश को अहम सलाह मिली

    इस साल के आखिर में अपने विश्व खिताब के बचाव के लिए जावोखिर सिंदारोव से भिड़ने वाले गुकेश को सलाह देते हुए आनंद ने कहा कि वह प्रगनानंद से प्रेरणा लें।

    आनंद ने कहा कि प्रगनानंद इस समय गुकेश से बेहतर खेल रहे हैं लेकिन कुछ भी बदल सकता है। मुझे लगता है कि फॉर्म में बार-बार उतार-चढ़ाव आते रहेंगे। गुकेश थोड़े अटके हुए लग रहे हैं। मुझे लगता है कि वह प्रगनानंद से प्रेरणा ले सकते हैं।

    प्रगनानंद जबरदस्‍त खेलते हैं

    उन्होंने कहा कि वह देख सकते हैं कि अगर आप कड़ी मेहनत करते रहते हैं तो किसी ना किसी मोड़ पर चीजें बदल ही जाती हैं। पांच बार के विश्व चैंपियन आनंद ने कहा कि प्रगनानंद बोर्ड पर हमेशा मुकाबले के लिए तैयार रहते हैं और यही रवैया उनके लिए मददगार होता है।

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    आनंद ने कहा कि असल में पिछले डेढ़ साल से प्रगनानंद वैसे ही हैं। कभी-कभी वे जबरदस्त खेलते हैं और दिलचस्प खेल दिखाते हैं और वह हमेशा मुकाबले के लिए तैयार रहते हैं। हो सकता है कि नतीजे हमेशा उनके पक्ष में ना हों।

    उन्होंने कहा कि शुरुआती छह दौर के खेल में पिछले आठ या नौ महीने की तुलना में अधिक फर्क नहीं देख सकते। लेकिन फिर शानदार वापसी हुई और उन्हें देखकर काफी अच्छा लगा क्योंकि उन्होंने बहुत दिलचस्प शतरंज खेला।

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