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    छह साल पुराने सामूहिक दुष्कर्म मामले में फैसला, अकाली नेता समेत छह दोषी करार; 3 को 20-20 साल की सजा

    Updated: Thu, 23 Jul 2026 06:30 PM (IST)

    बरनाला की अदालत ने वर्ष 2020 के चर्चित सामूहिक दुष्कर्म मामले में छह आरोपितों को दोषी ठहराते हुए अलग-अलग अवधि की सजा सुनाई। वहीं तीन पुलिस अधिकारियों ...और पढ़ें

    6 साल पहले हुआ था युवती से गैंगरेप।

    6 साल पहले हुआ था युवती से गैंगरेप।

    HighLights

    1. बरनाला कोर्ट ने 2020 गैंगरेप मामले में सुनाया फैसला।

    2. अकाली दल नेता समेत तीन को 20-20 साल की जेल।

    3. तीन पुलिस अधिकारी समेत 11 आरोपी सबूतों के अभाव में बरी।

    हेमंत राजू, बरनाला। एडिशनल सेशन कोर्ट बरनाला के जज बिक्रमजीत सिंह ने वीरवार दोपहर चर्चित गैंगरेप 2020  मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए शिरोमणि अकाली दल के जिला जरनल सेक्रेट्री समेत छह आरोपितों को कड़ी सजा सुनाई है। अदालत ने तीन आरोपितों को 20-20 वर्ष के कठोर कारावास व अन्य तीन आरोपितों को 10-7 व 5  वर्ष के कारावास की सजा दी है।

    वहीं, मामले में नामजद तीन पुलिस अधिकारियों को साक्ष्यों के अभाव में सभी आरोपों से बरी कर दिया गया। सीनियर एडवोकेट कुलवंत गोयल व एडवोकेट विवांशू गोयल बरनाला ने बताया कि यह मामला पीड़िता मनजीत कौर और उनकी बेटी कुलजीत कौर द्वारा दस जुलाई 2020 को थाना सिटी वन बरनाला में दर्ज कराया गया था। मामले की सुनवाई अतिरिक्त सत्र जज बिक्रमजीत सिंह की अदालत में हुई।

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    जिला जनरल सेक्रेटरी हैं धर्मेंद्र

    अदालत ने शिरोमणि अकाली दल के जिला जरनल सेक्रेट्री धर्मेंद्र सिंह घड़ियावाला निवासी बरनाला, मनोज कुमार बाबा उर्फ काला निवासी गांव जोशी जिला पानीपत, चंद लाल निवासी बरनाला को सामूहिक दुष्कर्म का आरोपित ठहराते हुए 20-20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। 

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    11 लोगों को किया गया बरी

    वहीं, इसी मामले में अन्य आरोपितों कर्मजीत कौर उर्फ अमन निवासी प्रेम नगर बरनाला को पांच वर्ष ,लखविंदर सिंह को दस वर्ष व उसकी मां बलजीत कौर दोनों निवासी बंठिडा को सात वर्ष के कारावास की सजा दी गई। इसके अलावा अदालत ने साक्ष्यों के आधार पर नामजद तीन पुलिस अधिकारियों थानेदार गुलाब सिंह, थानेदार दर्शन सिंह और थानेदार करमजीत सिंह व अन्य आठ आरोपितों को सभी आरोपों से दोषमुक्त करते हुए बाइज्जत बरी कर दिया।

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