विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

राजस्थान: हाईवे के बीचों-बीच बैठकर क्यों खाना खा रहा था परिवार? अब सामने आई सच्चाई

Updated: Tue, 01 Sep 2026 11:41 AM (GMT+05:30)

सोशल मीडिया पर वायरल हुए राजस्थान हाईवे पर परिवार के खाना खाने के वीडियो का सच सामने आया है। परिवार ...और पढ़ें

HighLights

  1. वायरल वीडियो में परिवार हाईवे के बीच खाना खाते दिखा।

  2. परिवार ने बताया वे निर्धारित ले-बाय पर रुके थे।

  3. बारिश, भूख और बच्चों के कारण आपात स्थिति थी।

डिजिटल डेस्क, जयपुर। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो ने इन दिनों इंटरनेट पर बहस छेड़ दी है, जिसमें राजस्थान के एक नेशनल हाईवे के बीचो-बीच बैठकर एक परिवार खाना खाता हुआ नजर आ रहा है। इस वीडियो के सामने आने के बाद लोगों ने हाईवे सुरक्षा और नागरिकों की सिविक सेंस पर गंभीर सवाल उठाने शुरू कर दिए।

कई इंटरनेट यूजर्स ने परिवार की इस हरकत की कड़ी निंदा करते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने व्यस्त हाईवे को पिकनिक स्पॉट बना दिया है और पुलिस से मामले की जांच करने की मांग भी की। एनडीटीवी के अनुसार, वायरल वीडियो की वास्तविकता दावे से बिल्कुल अलग है।

क्या है वीडियो का असली सच?

एनडीटीवी के अनुसार, वीडियो शेयर करने वाले शिव प्रकाश ने बताया कि यह वीडियो 12 अगस्त को हरियाली अमावस्या के मौके पर रिकॉर्ड किया गया था। शिव अपने परिवार के साथ मेनाल वॉटरफॉल्स घूमने गए थे। चित्तौड़गढ़ स्थित अपने घर वापस लौटते समय, परिवार हाईवे के किनारे बने एक ले-बाय पर लगभग 15 मिनट के लिए रुका था।

शिव के अनुसार, उनके साथ बच्चे और बुजुर्ग भी सफर कर रहे थे और उस दिन बहुत तेज बारिश हो रही थी। शाम के करीब 4:30 बज रहे थे और परिवार के सभी सदस्य भूखे थे।

उन्होंने स्थानीय ग्रामीणों से पूछा कि क्या आस-पास कोई रेस्टोरेंट या सुरक्षित जगह है जहां वे खाना खाने के लिए रुक सकें। ग्रामीणों ने उन्हें हाईवे पर बने उस ले-बाय के बारे में बताया, जहां आमतौर पर ट्रक खड़े होते हैं और यात्री आराम करते हैं।

इंस्टाग्राम वीडियो को गलत तरीके से किया गया पेश

शिव ने बताया कि उनका परिवार वहां खाना खाने के लिए बमुश्किल 15 मिनट रुका और उसके तुरंत बाद वे अपने घर की ओर निकल गए। उन्होंने यह वीडियो अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर अपलोड किया था, लेकिन बाद में लोगों ने इसे गलत संदर्भ में पेश किया।

वीडियो को इस तरह से दिखाया गया मानो परिवार हाईवे के ठीक बीचो-बीच ट्रैफिक के बीच बैठा हो। मामले के तूल पकड़ने और वीडियो के वायरल होने के बाद, शिव को अपना इंस्टाग्राम अकाउंट प्राइवेट करना पड़ा।

शिव ने स्पष्ट किया कि परिवार का खुद को या दूसरों को खतरे में डालने का कोई इरादा नहीं था। उन्होंने बताया कि यह एक आपातकालीन जैसी स्थिति थी क्योंकि उनके साथ बच्चे और बुजुर्ग थे, भारी बारिश हो रही थी और सभी भूखे थे। ग्रामीणों द्वारा जानकारी मिलने के बाद ही वे उस निर्धारित विश्राम स्थल पर रुके थे।

हालांकि, शिव के इस स्पष्टीकरण के बावजूद, वीडियो ने सोशल मीडिया पर एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। कई यूजर्स अब भी परिवार की आलोचना कर रहे हैं और हाईवे पर सुरक्षा तथा नागरिक जिम्मेदारियों को लेकर सवाल उठा रहे हैं।

यह भी पढ़ें- राजस्थान: जैसलमेर में बीएसएफ की महिला जवान ने आत्महत्या, जांच में जुटी पुलिस

यह भी पढ़ें- राजस्थान पुलिस ने साइबर ठगी के मामले में दिल्ली से 43 लोगों को पकड़ा, आईडी कार्ड और सिम कार्ड बरामद