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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 03, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Kamada Ekadashi 2024: इस साल कब है कामदा एकादशी? जानें शुभ मुहूर्त एवं पारण का समय

    By Pravin KumarEdited By: Pravin Kumar
    Updated: Wed, 03 Apr 2024 05:52 PM (IST)

    इस दिन भगवान विष्णु संग माता लक्ष्मी की पूजा-अर्चना की जाती है। साथ ही उनके निमित्त एकादशी व्रत रखा जाता है। कामदा एकादशी व्रत करने से साधक को सौ यज्ञ ...और पढ़ें

    Kamada Ekadashi 2024: इस साल कब है कामदा एकादशी? जानें शुभ मुहूर्त एवं पारण का समय
    Kamada Ekadashi 2024: इस साल कब है कामदा एकादशी? जानें शुभ मुहूर्त एवं पारण का समय

    HighLights

    1. हर वर्ष चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को कामदा एकादशी मनाई जाती है।
    2. कामदा एकादशी व्रत करने से साधक को सौ यज्ञों तुल्य फल प्राप्त होता है।
    3. चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि 18 अप्रैल को शाम 05 बजकर 31 मिनट पर शुरू होगी।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। Kamada Ekadashi 2024: हर वर्ष चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को कामदा एकादशी मनाई जाती है। तदनुसार, इस साल 19 अप्रैल को कामदा एकादशी है। इस दिन भगवान विष्णु संग माता लक्ष्मी की पूजा-अर्चना की जाती है। साथ ही उनके निमित्त एकादशी व्रत रखा जाता है। धार्मिक मत है कि कामदा एकादशी व्रत करने से साधक को सौ यज्ञों तुल्य फल प्राप्त होता है। साथ ही ब्रह्म वध दोष से भी मुक्ति मिलती है। इसके अलावा, व्यक्ति द्वारा किए सभी पाप नष्ट हो जाते हैं। अतः साधक कामदा एकादशी पर आराध्य भगवान विष्णु की पूजा करते हैं। आइए, कामदा एकादशी की तिथि, शुभ मुहूर्त एवं पूजा विधि जानते हैं-

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    शुभ मुहूर्त

    चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि 18 अप्रैल को शाम 05 बजकर 31 मिनट पर शुरू होगी और अगले दिन 19 अप्रैल को संध्याकाल 08 बजकर 04 मिनट पर समाप्त होगी। उदया तिथि मान होने के चलते 19 अप्रैल को कामदा एकादशी मनाई जाएगी।

    पारण का समय

    साधक 20 अप्रैल को सुबह 05 बजकर 50 मिनट से लेकर 08 बजकर 26 मिनट के मध्य व्रत खोल सकते हैं। इस समय में स्नान-ध्यान कर भगवान विष्णु की पूजा करें। इसके पश्चात ब्राह्मणों को दान देकर पारण करें।

    सूर्योदय और सूर्यास्त का समय

    सूर्योदय - सुबह 05 बजकर 51 मिनट पर

    सूर्यास्त - शाम 06 बजकर 49 मिनट पर

    चन्द्रोदय- दोपहर 02 बजकर 54 मिनट पर

    चंद्रास्त- देर रात 03 बजकर 57 मिनट पर

    पंचांग

    ब्रह्म मुहूर्त - सुबह 04 बजकर 23 मिनट से 05 बजकर 07 मिनट तक

    विजय मुहूर्त - दोपहर 02 बजकर 30 मिनट से 03 बजकर 22 मिनट तक

    गोधूलि मुहूर्त - शाम 06 बजकर 48 मिनट से 07 बजकर 10 मिनट तक

    निशिता मुहूर्त - रात्रि 11 बजकर 58 मिनट से 12 बजकर 42 मिनट तक

    अशुभ समय

    राहुकाल - सुबह 10 बजकर 43 मिनट से 12 बजकर 20 मिनट तक

    गुलिक काल - सुबह 07 बजकर 28 मिनट से 09 बजकर 06 मिनट तक

    दिशा शूल - पश्चिम

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    डिसक्लेमर- इस लेख में निहित किसी भी जानकारी/सामग्री/गणना की सटीकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। विभिन्न माध्यमों/जयोतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संग्रहित कर ये जानकारियां आप तक पहुंचाई गई हैं। हमारा उद्देश्य महज सूचना पहुंचाना है, इसके उपयोगकर्ता इसे महज सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त, इसके किसी भी उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता की ही रहेंगी।

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