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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 15, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Chaitra Navratri 2024: अष्टमी और नवमी पर इन विशेष चीजों का करें दान, माता रानी होंगी प्रसन्न

    Updated: Mon, 15 Apr 2024 01:02 PM (IST)

    नवरात्र के 9 दिनों तक माता रानी के नौ रूपों की पूजा और व्रत किया जाता है। नवरात्र की अष्टमी तिथि और नवमी तिथि का बेहद खास महत्व है क्योंकि इस दिन भक् ...और पढ़ें

    Chaitra Navratri 2024: अष्टमी और नवमी पर इन विशेष चीजों का करें दान, माता रानी होंगी प्रसन्न
    Chaitra Navratri 2024: अष्टमी और नवमी पर इन विशेष चीजों का करें दान, माता रानी होंगी प्रसन्न

    HighLights

    1. चैत्र नवरात्र के अंतिम दिन कन्या पूजन किया जाता है।
    2. कन्या पूजन में विशेष चीजों का दान करना चाहिए।
    3. इस बार रामनवमी 17 अप्रैल को है।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। Ashtami Navami 2024 Kanya Pujan Daan: चैत्र नवरात्र में माता रानी के नौ रूपों की पूजा और व्रत करने का विधान है। चैत्र नवरात्र की अष्टमी और नवमी तिथि पर कन्या पूजन किया जाता है। ऐसा माना जाता है कि कन्या पूजन न करने से नवरात्र की पूजा अधूरी होती है। इसलिए अष्टमी और नवमी के दिन विधिपूर्वक कन्या पूजन करना चाहिए। कन्या पूजन में कुछ चीजों का दान करना शुभ माना जाता है। ऐसे में चलिए जानते हैं कन्या पूजन के दौरान किन चीजों का दान करना कल्याणकारी होता है।

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    कन्‍या पूजन में इन चीजों का करें दान

    • चैत्र नवरात्र में कन्‍या पूजन के बाद आप कन्‍याओं को श्रृंगार की चीजें दान में दे सकते हैं। दान करने से पहले श्रृंगार का सामान माता रानी को अर्पित करना चाहिए। फिर इसके बाद दान करें। मान्यता है कि ऐसा करने से माता रानी प्रसन्न होती हैं।
    • इसके अलावा कन्‍या पूजन में आप कन्‍याओं को मिठाई का दान दे सकते हैं। कन्‍याओं को मिठाई का दान करना शुभ माना जाता है। अगर आप चाहे तो मिठाई को घर में बना सकते हैं या फिर मार्केट से खरीदकर ला सकते हैं।
    • कन्‍याओं की विदाई के दौरान उन्हें आप दक्षिणा अवश्य दें। माना जाता है कि कन्‍याओं को दक्षिणा देने से पूजा सफल होती है।
    • अष्टमी और नवमी पर कन्याओं को वस्त्र का दान करना अधिक शुभ माना जाता है। अगर वस्त्र का दान करना संभव न हो, तो ऐसे में आप एक रुमाल भी दान कर सकते हैं। माना जाता है कि वस्त्र का दान करने से माता रानी प्रसन्न होती है और सदैव मां की कृपा साधक पर बनी रहती है।
    • इसके अलावा कन्याओं को दान में फल भी दे सकते हैं। मान्यता है कि फल का दान करने से इंसान को जीवन में शुभ कर्मों का फल कई गुना वापस होकर आता है। इसलिए आप कन्याओं को दान में फल दे सकते हैं।

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    डिसक्लेमर- इस लेख में निहित किसी भी जानकारी/सामग्री/गणना की सटीकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। विभिन्न माध्यमों/जयोतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संग्रहित कर ये जानकारियां आप तक पहुंचाई गई हैं। हमारा उद्देंश्य महज सूचना पहुंचाना है, इसके उपयोगकर्ता इसे महज सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त, इसके किसी भी उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता की ही रहेगी।