Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 20, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Dahi Handi 2024: दही हांडी फोड़ने की परंपरा कैसे हुई शुरू, जानें इसे मनाने का तरीका

    Updated: Tue, 20 Aug 2024 03:17 PM (GMT+05:30)

    पंचांग के अनुसार इस वर्ष 26 अगस्त को जन्माष्टमी मनाई जाएगी। यह पर्व भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि पर मनाया जाता है। इसके अगले दिन दही हांडी ...और पढ़ें

    Dahi Handi 2024: भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीला है दही हांडी उत्सव
    Dahi Handi 2024: भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीला है दही हांडी उत्सव

    HighLights

    1. भाद्रपद महीने में दही हांडी उत्सव मनाया जाता है।
    2. सनातन धर्म में दही हांडी उत्सव का विशेष महत्व है।
    3. इस बार यह उत्सव 27 अगस्त को है।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। Dahi Handi 2024: हर साल जन्माष्टमी के अगले दिन यानी भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि पर देशभर में हर्षोल्लास के साथ दही हांडी के पर्व को मनाया जाता है। इस दिन मंदिरों और गली-मोहल्ले में हांडी उत्सव का आयोजन किया जाता है। दही हांडी के त्योहार को महाराष्ट्र और गुजरात धूमधाम के साथ मनाया जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस पर्व को द्वापर युग से ही मनाया जा रहा है। क्या आपको पता है कि दही हांडी उत्सव (How Dahi Handi Tradition Started) की शुरुआत कैसे हुई और इस त्योहार को हर साल क्यों मनाया जाता है? अगर नहीं पता, तो आइए जानते हैं इसके बारे में विस्तार से।  

    ऐसे हुई इसकी शुरुआत

    पौराणिक कथा के अनुसार, द्वापर युग में भगवान श्रीकृष्ण छोटी उम्र में लोगों के घरों से माखन मिश्री की चोरी किया करते थे और अपने मित्रों में वितरण कर खाते थे। प्रभु की लीला से गोपियां परेशान हों गईं थी, तो ऐसे में गोपियां  माखन की मटकी को ऊंचे स्थान पर लटकाने लगीं, परंतु उनका यह प्रयास असफल रहा। इसके बाद भी भगवान श्रीकृष्ण अपने सखा के संग हांडियों से मक्खन और दही चुराकर खाया करते थे। इसलिए प्रभु की इस बाल लीला को हर साल जन्माष्टमी के अगले दिन दहीं हांडी (Dahi Handi Festival 2024) के उत्सव के रूप में धूमधाम के साथ मनाया जाता है।  

    यह भी पढ़ें: Dahi Handi 2024: इस साल कब मनाई जाएगी दही हांडी, बाल गोपाल की लीलाओं से जुड़ा है यह पर्व

    कैसे मनाते हैं दही हांडी उत्सव

    भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि पर हांडी उत्सव मनाया जाता है। इस दिन मंदिर, और गली-मोहल्ले में मटकी में दही, माखन और मिश्री भरकर ऊंचाई पर लटका दिया जाता है। इसके पश्चात युवाओं की टोलियां मानव पिरामिड बनकर इस मटकी को फोड़ने का प्रयास करती हैं। जो टोली इस मटकी को फोड़ देती हैं। वह टोली विजेता कहलाती है।  

    कब है दही हांडी उत्सव

    दही हांडी का पर्व कृष्ण जन्माष्टमी के एक दिन बाद यानी भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि पर मनाया जाता है। इस साल कृष्ण जन्माष्टमी सोमवार, 26 अगस्त, 2024 दिन मनाई जाएगी। ऐसे में दही हांडी का पर्व मंगलवार, 27 अगस्त के दिन मनाया जाएगा।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें: Janmashtami 2024: श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की डेट को लेकर न हों कन्‍फ्यूजन, एक क्लिक में जानें सही डेट और शुभ मुहूर्त

    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।