अक्षय तृतीया पर ऐसे करें भगवान कुबेर की पूजा, तिजोरी में कभी नहीं होगी धन की कमी!
अक्षय तृतीया हिंदू धर्म में एक अबूझ मुहूर्त और अनंत फल देने वाली तिथि है, जिस पर मां लक्ष्मी के साथ भगवान कुबेर की पूजा का विशेष महत्व है। ...और पढ़ें

Akshaya Tritiya 2026: अक्षय तृतीया पर कुबेर देव की जरूर करें पूजा।
HighLights
अक्षय तृतीया का दिन बेहद शुभ माना जाता है
यह दिन भगवान कुबेर की पूजा के लिए बहुत महत्व रखता है
इस साल यह पर्व 19 अप्रैल को पड़ रहा है
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हिंदू धर्म में अक्षय तृतीया का दिन अबूझ मुहूर्त और अनंत फल देने वाली तिथि माना जाता है। इस साल 19 अप्रैल 2026 को मनाई जाने वाली अक्षय तृतीया पर न केवल मां लक्ष्मी, बल्कि भगवान कुबेर की पूजन का भी विशेष महत्व है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इसी दिन (Akshaya Tritiya 2026) भगवान कुबेर को धन के रक्षक और देवताओं के कोषाध्यक्ष का पद प्राप्त हुआ था।
अगर आप भी अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत करना चाहते हैं और चाहते हैं कि आपकी तिजोरी कभी खाली न रहे, तो इस अक्षय तृतीया पर भगवान कुबेर के नामों का जप जरूर करें।
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भगवान कुबेर पूजन विधि (Puja Vidhi)
- घर की उत्तर दिशा को साफ करें और वहां एक चौकी बिछाकर पीला या लाल कपड़ा बिछाएं।
- चौकी पर कुबेर देव की मूर्ति या कुबेर यंत्र स्थापित करें।
- प्रतिमा व यंत्र पर गंगाजल छिड़ककर उन्हें पवित्र करें।
- कुबेर देव को पीले फूल, अक्षत, फल और मिठाई अर्पित करें।
- उन्हें 'धनिया' और 'गुड़' का भोग जरूर लगाएं।
- गाय के घी का दीपक जलाएं।
- अंत में आरती करें।
पूजा मंत्र
"ॐ ह्रीं श्रीं क्रीं श्रीं कुबेराय अष्ट-लक्ष्मी मम गृहे धनं पुरय पुरय नमः॥"
।।कुबेर देव के 108 नाम।।
1. ॐ कुबेराय नमः।
2. ॐ धनदाय नमः।
3. ॐ श्रीमाते नमः।
4. ॐ यक्षेशाय नमः।
5. ॐ गुह्यकेश्वराय नमः।
6. ॐ निधीशाय नमः।
7. ॐ शङ्करसखाय नमः।
8. ॐ महालक्ष्मीनिवासभुवये नमः।
9. ॐ महापद्मनिधीशाय नमः।
10. ॐ पूर्णाय नमः।
11. ॐ पद्मनिधीश्वराय नमः।
12. ॐ शङ्ख्यनिधिनाथाय नमः।
13. ॐ मकराख्यनिधिप्रियाय नमः।
14. ॐ सुखसम्पतिनिधीशाय नमः।
15. ॐ मुकुन्दनिधिनायकाय नमः।
16. ॐ कुन्दाक्यनिधिनाथाय नमः।
17. ॐ नीलनित्याधिपाय नमः।
18. ॐ महते नमः।
19. ॐ वरन्नित्याधिपाय नमः।
20. ॐ पूज्याय नमः।
21. ॐ लक्ष्मिसाम्राज्यदायकाय नमः।
22. ॐ इलपिलापतये नमः।
23. ॐ कोशाधीशाय नमः।
24. ॐ कुलोचिताय नमः।
25. ॐ अश्वारूढाय नमः।
26. ॐ विश्ववन्द्याय नमः।
27. ॐ विशेषज्ञानाय नमः।
28. ॐ विशारदाय नमः।
29. ॐ नलकूबरनाथाय नमः।
30. ॐ मणिग्रीवपित्रे नमः।
31. ॐ गूढमन्त्राय नमः।
32. ॐ वैश्रवणाय नमः।
33. ॐ चित्रलेखामनःप्रियाय नमः।
34. ॐ एकपिनाकाय नमः।
35. ॐ अलकाधीशाय नमः।
36. ॐ पौलस्त्याय नमः।
37. ॐ नरवाहनाय नमः।
38. ॐ कैलासशैलनिलयाय नमः।
39. ॐ राज्यदाय नमः।
40. ॐ रावणाग्रजाय नमः।
41. ॐ चित्रचैत्ररथाय नमः।
42. ॐ उद्यानविहाराय नमः।
43. ॐ विहरसुकुथूहलाय नमः।
44. ॐ महोत्सहाय नमः।
45. ॐ महाप्राज्ञाय नमः।
46. ॐ सदापुष्पक वाहनाय नमः।
47. ॐ सार्वभौमाय नमः।
48. ॐ अङ्गनाथाय नमः।
49. ॐ सोमाय नमः।
50. ॐ सौम्यादिकेश्वराय नमः।
51. ॐ पुण्यात्मने नमः।
52. ॐ पुरूहुतश्रियै नमः।
53. ॐ सर्वपुण्यजनेश्वराय नमः।
54. ॐ नित्यकीर्तये नमः।
55. ॐ निधिवेत्रे नमः।
56. ॐ लंकाप्राक्तन नायकाय नमः।
57. ॐ यक्षिनीवृताय नमः।
58. ॐ यक्षाय नमः।
59. ॐ परमशान्तात्मने नमः।
60. ॐ यक्षराजे नमः।
61. ॐ यक्षिणि हृदयाय नमः।
62. ॐ किन्नरेश्वराय नमः।
63. ॐ किंपुरुशनाथाय नमः।
64. ॐ नाथाय नमः।
65. ॐ खट्कायुधाय नमः।
66. ॐ वशिने नमः।
67. ॐ ईशानदक्ष पार्स्वस्थाय नमः।
68. ॐ वायुवाय समास्रयाय नमः।
69. ॐ धर्ममार्गैस्निरताय नमः।
70. ॐ धर्मसम्मुख संस्थिताय नमः।
71. ॐ नित्येश्वराय नमः।
72. ॐ धनाधयक्षाय नमः।
73. ॐ अष्टलक्ष्म्याश्रितलयाय नमः।
74. ॐ मनुष्य धर्मण्यै नमः।
75. ॐ सकृताय नमः।
76. ॐ कोष लक्ष्मी समाश्रिताय नमः।
77. ॐ धनलक्ष्मी नित्यवासाय नमः।
78. ॐ धान्यलक्ष्मीनिवास भुवये नमः।
79. ॐ अश्तलक्ष्मी सदवासाय नमः।
80. ॐ गजलक्ष्मी स्थिरालयाय नमः।
81. ॐ राज्यलक्ष्मीजन्मगेहाय नमः।
82. ॐ धैर्यलक्ष्मी-कृपाश्रयाय नमः।
83. ॐ अखण्डैश्वर्य संयुक्ताय नमः।
84. ॐ नित्यानन्दाय नमः।
85. ॐ सुखाश्रयाय नमः।
86. ॐ नित्यतृप्ताय नमः।
87. ॐ निधित्तरै नमः।
88. ॐ निराशाय नमः।
89. ॐ निरुपद्रवाय नमः।
90. ॐ नित्यकामाय नमः।
91. ॐ निराकाङ्क्षाय नमः।
92. ॐ निरूपाधिकवासभुवये नमः।
93. ॐ शान्ताय नमः।
94. ॐ सर्वगुणोपेताय नमः।
95. ॐ सर्वज्ञाय नमः।
96. ॐ सर्वसम्मताय नमः।
97. ॐ सर्वाणिकरुणापात्राय नमः।
98. ॐ सदानन्दक्रिपालयाय नमः।
99. ॐ गन्धर्वकुलसंसेव्याय नमः।
100. ॐ सौगन्धिककुसुमप्रियाय नमः।
101. ॐ स्वर्णनगरीवासाय नमः।
102. ॐ निधिपीठ समस्थायै नमः।
103. ॐ महामेरुत्तरस्थायै नमः।
104. ॐ महर्षिगणसंस्तुताय नमः।
105. ॐ तुष्टाय नमः।
106. ॐ शूर्पणकज्येष्ठाय नमः।
107. ॐ शिवपूजारताय नमः।
108. ॐ अनघाय नमः।
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