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    पीपल की पूजा से चमकेगी किस्मत! सिर्फ शनिवार को ही जल चढ़ाने के पीछे क्या है धार्मिक रहस्य?

    Updated: Fri, 22 May 2026 07:30 AM (IST)

    शनिवार के दिन पीपल के पेड़ पर जल चढ़ाने का क्या धार्मिक महत्व है? आइए यहां पढ़ते हैं। ...और पढ़ें

    Astrology: शनिवार को पीपल के पेड़ में जल देने की परंपरा क्यों है?

    Astrology: शनिवार को पीपल के पेड़ में जल देने की परंपरा क्यों है?

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    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हिंदू धर्म में पीपल के वृक्ष को सबसे पूजनीय माना गया है। श्रीमद्भगवद्गीता में खुद भगवान श्रीकृष्ण ने कहा है कि 'वृक्षाणां अश्वत्थोहम्' यानी वृक्षों में मैं पीपल हूं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पीपल की रोजाना पूजा से जीवन के सारे कष्ट दूर हो जाते हैं और सोया हुआ भाग्य जाग उठता है।

    लेकिन क्या आप जानते हैं कि आखिर शनिवार के दिन पीपल पर जल चढ़ाने और दीपक जलाने का इतना विशेष महत्व क्यों है? आइए जानते हैं इसके पीछे का गहरा धार्मिक रहस्य।

    peepal tree worship

     AI Generated image

    शनिवार और पीपल से जुड़ी पौराणिक कथा

    पौराणिक कथाओं के अनुसार, एक समय जब देवताओं पर शनिदेव का प्रकोप बढ़ रहा था, तब ऋषि पिप्पलाद ने शनिदेव को दंड दिया था। बाद में शनिदेव ने क्षमा मांगी और वचन दिया कि जो भी व्यक्ति शनिवार के दिन पीपल के वृक्ष की पूजा करेगा, उसे शनि की साढ़ेसाती, ढैय्या या महादश के बुरे प्रभाव नहीं झेलने पड़ेंगे।

    वहीं, एक अन्य कथा के अनुसार, हर शनिवार को माता लक्ष्मी अपनी बहन से मिलने पीपल के पेड़ पर आती हैं। इसलिए, शनिवार को पीपल पर जल चढ़ाने और घी का दीपक जलाने से माता लक्ष्मी बेहद प्रसन्न होती हैं और साधक के घर को धन-धान्य से भर देती हैं।

    शनिवार को जल चढ़ाने के चमत्कारी लाभ

    • त्रिदेवों का आशीर्वाद - पीपल के वृक्ष में त्रिदेवों का वास माना जाता है। शनिवार को जल अर्पित करने से त्रिदेवों की असीम कृपा मिलती है।
    • ग्रह दोषों से मुक्ति - शनिवार के दिन पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाने से कुंडली के राहु, केतु और शनि दोष शांत होते हैं।
    • पितृदोष का निवारण - पीपल में पितरों का वास भी माना गया है। शनिवार को पीपल पर दूध मिश्रित जल चढ़ाने से पितर तृप्त होते हैं और वंश वृद्धि का आशीर्वाद देते हैं।

    न करें ये गलती

    धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, रविवार के दिन पीपल के वृक्ष को जल नहीं देना चाहिए और न ही इसकी पूजा करनी चाहिए। माना जाता है कि रविवार के दिन पीपल में अलक्ष्मी का वास होता है, इसलिए इस दिन पूजा करने से घर में तंगी आती है।

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    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण अंधविश्वास के खिलाफ है।