वास्तु टिप्स: बच्चों के स्टडी रूम में ये 5 चीजें रखने से पढ़ाई में बढ़ सकता है मन
वास्तु शास्त्र के अनुसार बच्चों के स्टडी रूम में कुछ खास चीजें रखने से उनकी एकाग्रता और पढ़ाई में मन बढ़ता है। ...और पढ़ें

बच्चों के स्टडी रूम का इंटीरियर वास्तु के हिसाब से होना चाहिए । (Picture Credit- AI Generated)

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धर्म डेस्क, नई दिल्ली। वास्तु शास्त्र में बच्चों के स्टडी रूम को लेकर भी काफी महत्वपूर्ण बातें बताई गई हैं। कई बार हम इंटीरियर डेकोरेशन के वक्त कुछ बातों को नजरअंदाज कर देते हैं और ऐसा स्टडी रूम तैयार करते हैं, जो बच्चों के मन को भटकाता है। यदि वास्तु में बताई गई केवल पांच चीजों का ध्यान रख लिया जाए, तो स्टडी रूम में बैठकर बच्चों को पढ़ाई करने में कोई दिक्कत नहीं होगी। तो चलिए बताते हैं कि वास्तु के हिसाब से कौन सी वो चीजें हैं, जिनका स्टडी रूम में होना अनिवार्य होता है।
चौकोर स्टडी टेबल
वास्तु शास्त्र में साफ-साफ बताया गया है कि गोल आकार मन को भटकाता है और स्थिर नहीं रहने देता है। इसलिए स्टडी रूम में एक चौकोर स्टडी टेबल जरूर होनी चाहिए। चौकोर टेबल पर पढ़ाई करने से बच्चे का दिमाग शांत रहता है और ऊर्जा का संतुलन बना रहता है।
कैलेंडर होना चाहिए
बच्चों के स्टडी रूम में एक कैलेंडर जरूर होना चाहिए। इससे बच्चे में टाइम मैनेजमेंट की अच्छी जानकारी हो जाती है। वास्तु के हिसाब से कैलेंडर को हमेशा उत्तर, पश्चिम या पूर्व दिशा की दीवार में टांगना चाहिए ।
ब्राह्मी का पौधा
बच्चों के स्टडी रूम में एक ब्राह्मी का पौधा जरूर लगा होना चाहिए। यह पौधा बच्चे की बौद्धिक क्षमता को बढ़ाता है और पढ़ाई में उसके फोकस को बढ़ाता है। इस पौधे को हमेशा कमरे की खिड़की पर लगा होना चाहिए, ताकि इसे धूप और हवा लगती रहे। यह पौधा बच्चों के लिए माइंड टॉनिक की तरह काम करता है, इस पर बार-बार नजर पड़ने से बच्चों की याददाश्त अच्छी होती है।
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स्वास्तिक का चिन्ह
बच्चों के स्टडी रूम में एक स्वास्तिक का चिह्न भी जरूर होना चाहिए। यह बच्चों के अंदर पढ़ाई को लेकर पॉजिटिव वाइब्स लाता है। स्टडी रूम का माहौल सकारात्मक रहे, इसके लिए स्वास्तिक को पूर्व या उत्तर की दिशा में जो दीवार हो वहां लगाना या बनाना चाहिए।
जामुनी क्वार्ट्ज
जामुनी क्वार्ट्ज को एमेथिस्ट प्रेशियस स्टोन कहा जाता है। इसका एक नाम 'मेमोरी स्टोन' भी है। यह पर्पल कलर का होता है। वास्तु शास्त्र में इसे पढ़ाई करने वाले बच्चों के लिए बहुत अच्छा माना गया है। इसकी ऊर्जा बच्चे के मन को शांत रखती है और उसका ध्यान पढ़ाई में लगा रहता है। इस पत्थर को वैसे तो अंगूठी या चेन में लॉकेट के साथ धारण किया जा सकता है, मगर चाहें तो इसे स्टडी टेबल पर केवल रखा भी जा सकता है।
अतः अपने बच्चे के लिए नया स्टडी रूम बनवाने का प्लान कर रही हैं, तो आपको भी ऊपर बताई गई बातों पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
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