घर की सुख-समृद्धि के लिए मां के कमरे में करें ये मामूली बदलाव; सकारात्मकता से भर जाएगा जीवन
घर में सुख-शांति चाहते हैं, तो अपनी मां के कमरे से जुड़े इन वास्तु टिप्स का ध्यान दें। ...और पढ़ें

वास्तु टिप्स: माता के कमरे में रखें इन 3 बातों का ध्यान। Ai Generated Image

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर का हर कोना वहां रहने वाले सदस्यों के जीवन पर गहरा असर डालता है। घर में मां का स्थान सबसे ऊपर और पूजनीय होता है। अगर मां की सेहत अच्छी है और उनका मन खुश है, तो पूरे घर में खुशियां दिखती हैं। अक्सर हम अपने कमरों की सजावट पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन मां के कमरे के वास्तु को नजरअंदाज कर देते हैं। वास्तु के अनुसार, माता के कमरे में किए गए छोटे बदलाव न केवल उनकी सेहत सुधार सकते हैं, बल्कि घर की सुख-शांति में भी वृद्धि कर सकते हैं। तो आइए जानते हैं।

Ai Generated Image
दिशा और सोने की स्थिति का ध्यान
वास्तु के अनुसार, घर के बड़ों या माता का कमरा दक्षिण-पश्चिम या दक्षिण दिशा में होना अच्छा माना जाता है। यह दिशा स्थिरता की होती है। सोते समय मां का सिर हमेशा दक्षिण दिशा की ओर होना चाहिए। इससे मानसिक तनाव कम होता है। अगर कमरा इस दिशा में न हो, तो कम से कम बेड की स्थिति को इस तरह रखें कि सोते समय पैर उत्तर की ओर रहें।
रंगों का सही चुनाव
मां के कमरे में कभी भी गहरे या डार्क रंगों का प्रयोग न करें। ये रंग चिड़चिड़ापन और बेचैनी बढ़ा सकते हैं। इसके बजाय, कमरे की दीवारों पर हल्का पीला, क्रीम, ऑफ-व्हाइट या हल्का गुलाबी रंग करवाएं। ये रंग शांति, प्यार और आरोग्य के प्रतीक हैं, जो मन को शांत रखने में मदद करते हैं।
बेड में न रखें पुराना सामान
अक्सर माताएं अपनी दवाइयां बेड के सिरहाने या साइड टेबल पर रखती हैं। वास्तु के अनुसार, सिरहाने के पास दवाइयां रखना बीमारी को न्योता देने जैसा है। दवाइयों को हमेशा एक बॉक्स में बंद करके अलमारी में रखें। साथ ही, मां के बेड के नीचे कबाड़ या भारी सामान न रखें। बेड के नीचे खाली जगह होने से सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है, जिससे सेहत में सुधार होता है।
खबरें और भी
यह भी पढ़ें- वास्तु टिप्स: घर में टूटी झाड़ू रखना पड़ सकता है भारी, आर्थिक तंगी से बचने के लिए बदलें ये आदत
यह भी पढ़ें- Vastu Tips: घर की इस दिशा में लगाएं कपल फोटो, खुशहाल रिश्तों के लिए जरूरी वास्तु टिप्स
अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण अंधविश्वास के खिलाफ है।