Vastu Shastra: सूर्यास्त के बाद भूलकर भी न करें ये 5 काम, रूठ सकती हैं मां लक्ष्मी
वास्तु शास्त्र के अनुसार, शाम के समय कुछ कामों को करना वर्जित माना गया है। पढ़ें सूर्यास्त के बाद किन आदतों से घर में दरिद्रता आती है और किन नियमों का ...और पढ़ें

Vastu Niyam: सूरज डूबने के बाद न करें ये काम (Image Source: AI-Generated)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
धर्म डेक्स, नई दिल्ली। दिनभर की भागदौड़ के बाद जब सूरज ढलता है, तो वह समय प्रकृति के शांत होने और घर में सकारात्मक ऊर्जा (Positive Energy) के आगमन का होता है। हिंदू धर्म और वास्तु शास्त्र में शाम के समय को 'संध्या काल' कहा जाता है, जो देवताओं की आराधना का समय है।
अक्सर हमारे घर के बड़े-बूढ़े हमें शाम के समय सोने या झाड़ू लगाने से टोकते हैं। क्या यह सिर्फ अंधविश्वास है? या फिर इसके पीछे गहरे वास्तु और वैज्ञानिक कारण छिपे हुए हैं।
1. घर में झाड़ू-पोछा करना
वास्तु के अनुसार, शाम के समय घर की सफाई करना यानी मां लक्ष्मी (maa laxmi) को घर से बाहर निकालना है। माना जाता है कि सूर्यास्त के समय मां लक्ष्मी घर में प्रवेश करती हैं। अगर आप उस समय झाड़ू लगाते हैं, तो आप घर की सकारात्मक ऊर्जा और बरकत को बाहर धकेल देते हैं।
2. पैसों का लेन-देन
शाम के समय किसी को उधार देना या कर्ज लेना, दोनों ही शुभ नहीं माने जाते। ऐसा कहा जाता है कि सूर्यास्त के बाद धन का आदान-प्रदान करने से लक्ष्मी दूसरे के पास चली जाती है और आपके घर में आर्थिक तंगी आने लगती है।
3. पेड़-पौधों को छूना या पानी देना
पौधों में भी जीवन होता है और सूर्यास्त के बाद वे सो जाते हैं। शाम को उन्हें छूना, उनके पत्ते तोड़ना या उन्हें पानी देना उन्हें कष्ट पहुंचाने जैसा है, जिससे घर में वास्तु दोष (Vastu Dosha) पैदा होता है।
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4. दही या सफेद चीजों का दान
वास्तु और ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, सूर्यास्त के बाद दही, दूध या नमक जैसी सफेद चीजों का दान नहीं करना चाहिए। सफेद चीजों का संबंध शुक्र और चंद्रमा से होता है। शाम को इनका दान करने से घर की सुख-समृद्धि कम होने लगती है।
5. शाम के समय सोना
बीमार या बुजुर्गों को छोड़कर, स्वस्थ व्यक्ति का शाम के समय सोना आलस्य और दरिद्रता को आमंत्रण देता है। यह समय ध्यान और पूजा-पाठ का होता है, सोने का नहीं।
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