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    चार्जर की केबल पर लगे इस काले गोले का मतलब क्या? ज्यादातर लोग समझ लेते हैं फ्यूज!

    Updated: Sun, 28 Dec 2025 10:56 AM (GMT+05:30)

    चार्जिंग केबल्स पर मौजूद छोटा काला सिलिंड्रिकल हिस्सा, जिसे फेराइट बीड कहते हैं, डिवाइस की सुरक्षा में महत्वपूर्ण है। यह इलेक्ट्रिकल नॉइज को नियंत्रित ...और पढ़ें

    चार्जर की केबल पर लगे इस काले गोले का मतलब क्या? ज्यादातर लोग समझ लेते हैं फ्यूज!

    चार्जर की केबल पर लगे इस काले गोले का मतलब क्या? ज्यादातर लोग समझ लेते हैं फ्यूज!

    टेक्नोलॉजी डेस्क, नई दिल्ली। क्या आपने कभी नोटिस किया है कि कुछ चार्जिंग केबल्स के बीच में एक छोटा काला सिलिंड्रिकल हिस्सा होता है। आजकल लैपटॉप चार्जर में यह खासकर आम है। हालांकि यह एक मामूली हिस्सा लग सकता है, लेकिन यह असल में आपके डिवाइस को बचाने में अहम भूमिका निभाता है। टेक्नोलॉजी की लैंग्वेज में इस हिस्से को Ferrite Bead या Ferrite Choke कहते हैं।

    लोग अक्सर इसे नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन यह छोटा सा कॉम्पोनेंट फोन और लैपटॉप को कई तरह की बिजली की समस्याओं से बचाता है। आइए जानते हैं कि यह क्या है और डिवाइस की सुरक्षा के लिए यह इतना जरूरी क्यों है।

    क्या है फेराइट बीड?

    आपके चार्जिंग डेटा केबल पर सिलेंडर जैसे कॉम्पोनेंट फेराइट बीड को अगर आसान शब्दों में समझें तो यह हिस्सा इलेक्ट्रिकल नॉइज को कंट्रोल करता है। जब केबल से बिजली या डेटा ट्रांसफर होता है, तो हाई-फ्रीक्वेंसी सिग्नल बन सकते हैं। ये सिग्नल डिवाइस के अंदर के सर्किट को नुकसान पहुंचा सकते हैं।

    इसे कंट्रोल करने के लिए फेराइट बीड इन सिग्नल को सोख लेता है और सिर्फ जरूरी करंट या डेटा को ही आगे जाने देता है। बहुत से लोग सोचते हैं कि यह एक फ्यूज है, लेकिन इसका काम पावर को काटना नहीं है, बल्कि इलेक्ट्रिकल सिग्नल को फिल्टर करना है।

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    डिवाइस की सेफ्टी में क्यों है जरूरी?

    अगर चार्जिंग के दौरान इलेक्ट्रिकल नॉइज को कंट्रोल नहीं किया जाता है, तो यह सीधे आपके मोबाइल फोन या लैपटॉप की परफॉर्मेंस पर असर डाल सकता है। इससे चार्जिंग स्लो हो सकती है, बार-बार कनेक्शन टूट सकता है, स्क्रीन फ्लिकर कर सकती है या डिवाइस हैंग भी हो सकता है। ऐसे मामलों में फेराइट इन हाई फ्रीक्वेंसी को कंट्रोल करने में मदद करता है, डिवाइस को स्टेबल परफॉर्मेंस देता है और उसे सुरक्षित रखता है।

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