औरैया में पुलिस पर प्रताड़ना का आरोप लगाकर यमुना में कूदे डॉक्टर का मिला शव, अस्पताल संचालक गिरफ्तार
औरैया में पुलिस पर प्रताड़ना का आरोप लगाकर यमुना में कूदे डॉक्टर सौरभ का शव 14 घंटे बाद मिला। पुलिस ने आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में अस्पताल संच ...और पढ़ें

यमुना नदी में मिला डॉक्टर का शव।
HighLights
औरैया में यमुना में कूदे डॉक्टर का शव बरामद।
पुलिस पर प्रताड़ना का आरोप लगाकर की थी आत्महत्या।
अस्पताल संचालक आत्महत्या के लिए उकसाने में गिरफ्तार।
जागरण संवाददाता, औरैया। अस्पताल में हुई मारपीट के बाद पुलिस द्वारा कोई सुनवाई न करने व प्रताड़ना का आरोप लगाकर यमुना में कूदने वाले डॉक्टर का शव गुरुवार सुबह करीब 11.20 बजे मिल गया। बुधवार देर शाम डॉक्टर ने नदी में छलांग लगाई थी। करीब 14 घंटे चले रेस्क्यू के बाद राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) ने शव बरामद किया।
घटना पता लगने पर लखीमपुर खीरी जनपद से स्वजन पहुंचे। पिता ने बेटे की मौत पर चार नामजद व अज्ञात लोगों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई है। खुदकुशी के लिए उकसाने के मामले में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने अस्पताल संचालक को गिरफ्तार किया गया है। अन्य की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
दूसरी ओर एसपी ने उन वीडियो का संज्ञान लिया है, जिसमें डॉक्टर ने खुदकुशी करने से पहले बनाया था। एक वीडियो में उसके द्वारा एसएचओ पर आरोप लगाया गया कि आरोपित पक्ष को बचाने का प्रयास करते हुए उसकी बात को नहीं सुना गया। एसपी अभिषेक वर्मा ने बताया कि लगे आरोपों की जांच जारी है।
लखीमपुर खीरी जनपद के मोहम्मदी कोतवाली अंतर्गत गांव शेखापुर निवासी डॉ. सौरभ पुत्र नंद किशोर बाजपेयी तिलकनगर मुहल्ला स्थित रामऔतार मेमोरियल हॉस्पिटल में लगभग तीन वर्षों से तैनात थे। घटना से पहले उनके द्वारा बनाए गए वीडियो में यह कहते नजर आए कि अस्पताल संचालक डॉ. एसपी सिंह के बहनोई सर्वेश सिंह ने उन्हें पीटा।
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सर्वेश के बेटे गौरव सिंह, रिश्तेदार मोहन व कुछ अन्य लोगों पर आरोप लगाए। यह भी आरोप लगाया कि उन्हें वेतन नहीं दिया जाता। अपनी बात रखता हूं तो प्रताड़ित किया जाता। मुझे कमरे में बंद कर दिया गया है। जैसा कि नंद किशोर ने तहरीर में बताया कि डॉ. सौरभ ने कई बार अपनी पीड़ा फोन करके बताई। घटना पता लगने पर बेटे को समझाया।
डॉ. एसपी सिंह से यह भी कहा गया कि मैं आ रहा हूं। तब तक आप, बेटे को संभाले। दूसरी ओर डॉ. सौरभ की पत्नी ने रोते हुए घटनास्थल पर बताया कि उसके पति से सर्वेश सिंह का अक्सर विवाद होता था। सर्वेश अस्पताल में गाड़ी चलता है। जिस वजह से
उसे सौरभ ड्राइवर कहकर बुलाते थे, यह बात उसे अच्छी नहीं लगती थी। वह चाहता था कि उसे जीजा कहकर बुलाएं। फिलहाल, इन आरोपों का जिक्र तहरीर में नहीं किया गया है। एसपी ने बताया कि स्वजन द्वारा लगाए जाने वाले आरोपों और खुदकुशी से पूर्व डॉ. सौरभ द्वारा जारी वीडियो के आधार पर जांच कराई जा रही।