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    धर्मांतरण कांड: बदायूं में 'घर के अंदर चर्च' बनाकर मतांतरण की साज‍िश, बरेली इंटेलिजेंस की रेड!

    Updated: Mon, 12 Jan 2026 04:00 AM (IST)

    बदायूं के बिसौली में मतांतरण के प्रयास का मामला लखनऊ तक पहुंच गया है। बरेली इंटेलिजेंस टीम ने 'घर के अंदर चर्च' चला रहे फिलिप दास और मारथा दास के बयान ...और पढ़ें

    प्रतीकात्‍मक च‍ित्र

    प्रतीकात्‍मक च‍ित्र

    HighLights

    1. बिसौली कोतवाली में दर्ज हुई है तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी

    2. एक दंपती को लालच देकर किया था मतांतरण कराने का प्रयास

    जागरण संवाददाता, बदायूं। बिसौली कोतवाली इलाके में सामने आए मतांतरण का मामला अब लखनऊ तक पहुंच गया है। इससे मामले की जांच करने बरेली इंटेलीजेंस की टीम बिसौली पहुंची। टीम ने पहले कोतवाली पुलिस से जानकारी जुटाई। बाद में पीड़ित परिवार से भी मिली और जिन लोगों ने मतांतरण कराने का प्रयास किया था। उनके भी बयान दर्ज किए गए।

    उन्होंने अपने घर में ही एक चर्च बना रखा है, जहां हर रविवार को तमाम लोगों को बुलाया जाता है। उन्हें मतांतरण कराने पर लालच दिया जाता है। आठ जनवरी को बिसौली कोतवाली पुलिस ने मतांतरण कराने के आरोप में तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। नगर के मुहल्ला गुलाबबाग निवासी सौदान आर्य का कहना था कि उनके घर पर ग्राम अजनावर निवासी मीना आती जाती थी।

    वह उनकी पत्नी को काफी समय से मकान बनवाने और नौकरी लगवाने का लालच दे रही थी। उनकी पत्नी सीधी साधी भोलीभाली है। इससे वह उसकी बातों में आ गई। इससे मीना उनकी पत्नी को गुलाबबाग निवासी फिलिफ दास और उसकी पत्नी मारथा दास के पास ले गई थी। इस दंपती ने अपने घर में ही चर्च बना लिया है।

    उनके यहां प्रत्येक रविवार को प्रार्थना सभा के नाम पर लोगों को बहला फुसलाकर मतांतरण कराने का प्रयास किया जाता है। उसकी पत्नी को भी पूरी तरह से अपने आगोश में ले लिया था। गनीमत रही कि सही समय पर हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं को पता चल गया और उन्होंने हंगामा करते हुए कार्रवाई की मांग की, जिससे पुलिस ने तीनों के खिलाफ प्राथमिकी भी दर्ज कर ली।

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    अभी इसमें कोई पकड़ा नहीं गया है लेकिन शनिवार को बरेली इंटेलीजेंस की टीम बिसौली कोतवाली पहुंची और टीम ने मामले की छानबीन की। टीम ने पीड़ित परिवार से पूरे मामले की जानकारी ली। बाद में फिलिफ दास के घर पर जाकर मामले की जानकारी जुटाई और उसके बयान दर्ज किए। बताया जा रहा हे कि यह मामला लखनऊ तक पहुंच गया है। इससे शासन ने इसकी गंभीरता से जांच भी शुरू करा दी है।

    इस्लामनगर से लेकर बिसौली तक चल रहा था मतांतरण का खेल

    जब पिछले दिनों इस्लामनगर थाना क्षेत्र में मतांतरण का मामला सामने आया था और उसमें चार लोग पकड़े गए थे। तभी यह पता चल गया था कि यह मामला बिसौली कस्बे से भी जुड़ा हुआ है। हालांकि जब पुलिस मौके पर पहुंची थी। तब बिसौली का युवक मौके से फरार हो गया था। उस दौरान केवल कासगंज निवासी दंपती, इस्लामनगर और अलापुर निवासी आरोपित को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। अगर उसी समय पुलिस बिसौली जाकर मामले की छानबीन करती तो शायद यहां के लोग भी पकड़े जाते।

     

    इस मतांतरण के मामले में तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज है। दरअसल इसमें सात साल से कम वाली सजा है। इससे आरोपितों को गिरफ्तार नहीं किया गया है। इसकी जांच करने बरेली से इंटेलीजेंस की टीम भी आई थी और जांच करके चली गई।

    - राजेंद्र सिंह पुंडीर, इंस्पेक्टर बिसौली


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