बाराबंकी में 144 में से 105 परियोजनाएं अधूरी, बारिश में हुआ जलभराव तो नपेंगे जिम्मेदार
बाराबंकी में जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने 20 लाख से अधिक लागत की 144 में से 105 अधूरी परियोजनाओं पर नाराजगी जताई और उन्हें जल्द पूरा करने के निर्देश ...और पढ़ें

यह तस्वीर AI जेनेरेटेड है
HighLights
144 में से 105 विकास परियोजनाएं अभी भी अधूरी हैं।
डीएम ने लंबित कार्यों को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए।
बारिश में जलभराव होने पर अधिकारियों की जिम्मेदारी तय होगी।
संवाद सूत्र, बाराबंकी। विकास की रफ्तार देने के लिए चल रही 20 लाख रुपये से अधिक लागत की 144 परियोजनाओं में अभी 105 अधूरी हैं। 39 परियोजनाएं ही पूरी हो सकी हैं। धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को लंबित कार्यों को पूरा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं होगी।
कलेक्ट्रेट के लोक सभागार में नगर विकास कार्यों की समीक्षा के दौरान डीएम ने बरसात को लेकर नगर निकायों की तैयारियों की भी पड़ताल की। जलभराव की समस्या सामने आने पर सीधे जिम्मेदारी तय करने की चेतावनी दी। उन्होंने नालों और नालियों की नियमित सफाई के साथ जल निकासी की प्रभावी व्यवस्था कराने को कहा। नगर निकायों को बारिश के दौरान अलर्ट मोड में रहने के निर्देश दिए गए।
कूड़ा उठान में लापरवाही नहीं
नगर पालिका और नगर पंचायतों में घर-घर कूड़ा उठान की व्यवस्था शत-प्रतिशत करने के निर्देश दिए गए। सार्वजनिक स्थलों, सड़कों, फुटपाथ और नालियों पर अतिक्रमण के खिलाफ लगातार अभियान चलाने को कहा गया।
बकाया वसूली पर भी सख्ती
राजस्व वसूली की समीक्षा में लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति तेज करने के निर्देश दिए गए। बकायेदारों से वसूली में लापरवाही करने वाले कर्मचारियों की जवाबदेही तय करने को कहा गया। बैठक में अमृत योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी), मुख्यमंत्री नगर सृजन योजना और राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन की प्रगति भी देखी गई।
सिंगल यूज प्लास्टिक के खिलाफ अभियान को प्रभावी बनाने और जनजागरूकता बढ़ाने पर भी जोर दिया गया। बैठक में अपर जिलाधिकारी निरंकार सिंह, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट गुंजिता अग्रवाल समेत नगर निकायों के अधिशाषी अधिकारी मौजूद रहे।
यह भी पढ़ें- बाराबंकी में खेल रहे बच्चों पर गिरी दीवार, भाई-बहन की मौत और तीन की हालत गंभीर