बरेली से उत्तराखंड जाना अब और भी आसान, 450 करोड़ के इस प्रोजेक्ट ने पकड़ी रफ्तार; जानें क्या है नया प्लान
बरेली-सितारगंज हाईवे निर्माण में तेजी आई है, जिससे रुहेलखंड से उत्तराखंड की यात्रा आसान होगी। 450 करोड़ की इस परियोजना का बरेली-पीलीभीत पैकेज 50% पूरा ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक चित्र
HighLights
पीलीभीत-सितारगंज पैकेज का अगले साल तक पूरा हो पाएगा काम
लाइटें लगवाने का काम शुरू हुआ, प्रमुख स्थलों पर लगेंगे डिस्प्ले
जागरण संवाददाता, बरेली। रुहेलखंड मुख्यालय को सड़क मार्ग से सीधे उत्तराखंड से जोड़ने के लिए चल रहे बरेली-सितारगंज हाईवे निर्माण की गति बढ़ी है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) के अधिकारियों का दावा है कि बरेली-पीलीभीत पैकेज में 50 प्रतिशत कार्य पूर्ण करा लिया है। आगामी जून माह तक आवागमन शुरू हो जाएगा।बरेली से सितारगंज परियोजना के शुरूआती दौर में कई अवरोध उत्पन्न हुए थे।
भूमि अधिग्रहण के समय ही घपला उजागर हो जाने के बाद महीनों जांच-पड़ताल चलती रही। राजस्व विभाग और लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों पर निलंबन की कार्रवाई भी हुई थी। भूमि अधिग्रहण होने के बाद भी पांच स्थानों पर अतिक्रमण हटवाना चुनौती बना रहा। मार्ग में आ रहे पेड़ों को कटवाने में भी छह महीने से अधिक का समय लग गया।
इसकी वजह से आरंभ में निर्माण की गति धीमी रही। बरेली से सितारगंज तक दो पैकेज में काम चल रहा है। 450 करोड़ की लागत वाली परियोजना में बरेली से पीलीभीत तक 32.50 किमी जबकि दूसरे पैकेज में पीलीभीत से सितारगंज के बीच 38 किमी हाईवे का निर्माण कराया जा रहा है।
निर्माण करा रही आरसीएल बरेली हाईवे प्राइवेट लिमिटेड के ठेकेदार और कर्मचारी दिन-रात काम करा रहे हैं। कस्बों के निकट बाइपास निर्माण में अतिक्रमण का अवरोध आ रहा था, जिसे प्रशासन के सहयोग से दूर कराकर निर्माण की गति तेज की गई है। हाईवे निर्माण के साथ लाइटें लगवाने का काम भी शुरू करा दिया गया है।
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हाईवे पर अचानक बेसहारा पशुओं के झुंड आने से होने वाली दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पूरे हाईवे पर दोनों तरफ दीवार का निर्माण कराने की तैयारी की जा रही है। जगह-जगह डिजिटल डिस्प्ले लगाए जाएंगे। वहीं प्रमुख स्थानों पर कैमरे लगवाए भी जाएंगे, जिससे भविष्य में होने वाली दुर्घटनाओं के कारणों का भी आंकलन करने में आसानी रहेगी।
बरेली-सीतारगंज हाईवे का निर्माण दो पैकेज में कराया जा रहा है। पहले पैकेज बरेली-पीलीभीत में 50 प्रतिशत निर्माण हो चुका है। कार्यदायी संस्था को निर्माण की गति बढ़ाने के लिए निर्देशित किया गया है। एनएचएआइ की टीम लगातार गुणवत्ता परख रही है। आगामी जून तक पहले पैकेज का काम पूरा करा लिया जाएगा। दूसरे पैकेज का काम विलंब से शुरू हुआ था, इसलिए उसके पूरा होने में अभी वक्त लगेगा।
- नवरत्न, परियोजना निदेशक एनएचएआइ
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