सिद्धार्थ विहार आवासीय प्लॉट योजना में रुचि नहीं ले रहे लोग, कब्रिस्तान और ज्यादा कीमत बना कारण
Siddharth Vihar Plot Scheme: गाजियाबाद के सिद्धार्थ विहार में आवास विकास परिषद की आवासीय भूखंड योजना में कब्रिस्तान और अत्यधिक कीमतों के कारण लोगों की ...और पढ़ें
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सांकेतिक तस्वीर। सौजन्य- AI Generated

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
जितेंद्र सिंह, साहिबाबाद। एनएच नौ और दिल्ली मेरठ एक्सप्रेस वे (डीएमई) के पास बेहतर कनेक्टिवटी पर सिद्धार्थ विहार सेक्टर 10 में आवास विकास परिषद द्वारा पहली बार लॉन्च की गई आवासीय प्लॉट योजना के पास कब्रिस्तान होने और ज्यादा कीमत के कारण लोग रुचि नहीं ले रहे हैं।
आवास विकास परिषद से मिली जानकारी के अनुसार 21 मार्च तक 72 वर्ग मीटर के लिए 20 और 112.50 वर्ग मीटर के लिए 27 सहित कुल 47 लोगों ने ही आवेदन किया है, जो उम्मीद के मुताबिक नहीं हैं।
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कम आवेदन के पीछे और क्या कारण?
एनएच नौ और डीएमई के पास बेहतर लोकेशन पर होने के कारण लोग आवासीय प्लॉट की लोकेशन तो देखने तो आ रहे हैं, लेकिन पास में कब्रिस्तान देखने के बाद लोग इससे किनारा कर रहे हैं। इसमें कम आवेदन के पीछे ज्यादा कीमत भी कारण है।बेहतर लोकेशन के कारण सिद्धार्थ विहार योजना में आवासीय प्लॉट योजना का लोग बेसब्री से इंतजार कर रहे थे। हालांकि अब यह योजना लोगों को रास नहीं आ रही है।
सिद्धार्थ विहार योजना में वर्तमान में करीब दो लाख से अधिक लोग रह रहे हैं। यहां परिषद की अपनी कई बड़ी सोसायटी हैं, जबकि बिल्डर के जरिए भी यहां कई सोसायटी विकसित की गई हैं और कई निर्माणाधीन हैं। दिल्ली नोएडा से कनेक्टिविटी होने के कारण इस योजना में लोग तेजी से बस रहे हैं। ऐसे में परिषद ने यहां तेजी से सुविधाएं बढ़ाने का कार्य शुरू कर दिया है।
आम लोगों से ज्यादा आवेदन करने वाले प्रॉपर्टी डीलर और बिल्डर
दिल्ली एनसीआर में अपनी जमीन पर आशियाना का सपना रखने वाले लोगों को अपना सपना साकार होने की उम्मीद जगी थी। हालांकि प्लॉट की ज्यादा कीमत ने उनका सपना अब कोसों दूर कर दिया है।
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ज्यादा कीमतों के कारण इसमें आवेदन करने वाले लोगों में ज्यादा संख्या प्रॉपर्टी डीलरों और बिल्डरों की है। योजना के बारे में जानकारी लेने के लिए आवास विकास परिषद के अधिकारियों के पास प्रॉपर्टी डीलरों और बिल्डरों के फोन आ रहे हैं।
प्लॉटों की संख्या और कीमत
- योजना के तहत 72 वर्ग मीटर के 56 और 112.50 वर्ग मीटर के 101 आवासीय प्लॉट हैं। 72 वर्ग मीटर 93.29 लाख और 112.50 मीटर आवासीय प्लॉट की कीमत 145.61 लाख रुपये है।
- पार्क फेसिंग, कार्नर और 18 मीटर या उससे अधिक चौड़ी सड़क किनारे 72 वर्ग मीटर 97.96 लाख और 112.50 वर्ग मीटर आवासीय प्लॉट की कीमत 152.90 लाख रुपये है।
- पंजीकरण राशि सामान्य श्रेणी 72 वर्ग मीटर की 9.33 लाख और 112.50 वर्ग मीटर की 14.57 लाख रुपये रखी गई है।
- वहीं आरक्षित श्रेणी के लिए 72 वर्ग मीटर की 4.67 लाख और 112.50 वर्ग मीटर की 7.29 लाख रुपये रखी गई गई।
बढ़ सकती है आवेदन की तिथि
आवासीय प्लॉटों के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 31 मार्च है। हालांकि उम्मीद के मुताबिक आवेदन न आने के कारण अंतिम तिथि को बढ़ाया जा सकता है।
आवसीय प्लॉट योजना के लिए 21 मार्च तक 47 लोगों ने आवेदन किया है। अभी आवेदकों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है। आवेदन की अंतिम तिथि 31 मार्च है। आवेदन की तिथि बढ़ाई जा सकती है।
- पीएस रावत, संपत्ति प्रबंधक