पटाखा फैक्ट्री में धमाके से दहला हमीरपुर का इमिलिया गांव, संचालक के बेटे सहित 3 झुलसे
हमीरपुर के मुस्करा स्थित इमिलिया गांव में एक पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट हो गया, जिसमें एक किशोरी गंभीर रूप से सहित तीन लोग झुलस गए। अनियमितताएं मिलने ...और पढ़ें

धमाके के बाद फैक्ट्री के बाहर मौजूद लोग व पुलिस। जागरण
HighLights
मुस्करा थाने के इमिलिया गांव में हुए धमाके की गूंज से गांव में मची हलचल
एसडीएम, सीओ समेत दमकल की टीम मौके पर पहुंची, लगी ग्रामीणों की भीड़
अनियमितताओं पर नाराजगी जताते हुए फैक्ट्री को सील कराने के निर्देश दिए
संवाद सूत्र, मुस्करा (हमीरपुर)। हमीरपुर के थानाक्षेत्र मुस्करा के इमिलिया गांव स्थित बीके राज फायर वर्क्स आतिशबाजी कारखाने में शनिवार की दोपहर पटाखा बनाते समय विस्फोट हो गया। धमाके की गूंज से पूरा गांव सन्न रह गया और लोगों के बीच हलचल मच गई। इस घटना में एक किशोरी झुलस गई। मौके पर पहुंची दमकल टीम ने आग पर काबू पाया। घटना के बाद एसडीएम करनवीर सिंह व सीओ राजीव प्रताप सिंह ने मौके का निरीक्षण कर फैक्ट्री में मिली अनियमितताओं पर नाराजगी जताते हुए उसे सील कराने के निर्देश दिए।
इमिलिया गांव में वर्ष 2005 से संचालित इस आतिशबाजी कारखाने में प्रतिदिन 50 से अधिक श्रमिक कार्य करते हैं। शनिवार दोपहर करीब 12 बजे परिसर में धूप में सुखाए जा रहे पटाखों में विस्फोट हो गया। हादसे में फैक्ट्री संचालक विनोद पुत्र मूलचंद भुर्जी का 26 वर्षीय पुत्र प्रदीप मामूली रूप से झुलसा है। जबकि इमिलिया निवासी संतोष प्रजापति की 17 वर्षीय पुत्री अंजली गंभीर रूप से झुलस गई। इसके अलावा एक अन्य व्यक्ति के भी झुलसने की बात ग्रामीण कर रहे हैं।

फैक्ट्री के सामने स्थित पेट्रोल पंप के कर्मचारियों ने धमाके के बाद तत्काल पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचना दी। फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियों ने आग पर समय रहते काबू पा लिया। बताया जा रहा है कि फैक्ट्री में बड़ी मात्रा में बारूद रखा हुआ था, जिससे बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई थी।
थानाध्यक्ष योगेंद्र प्रताप सिंह और क्षेत्राधिकारी राजीव प्रताप सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। थानाध्यक्ष ने बताया कि फैक्ट्री संचालक ने शुरूआत में किसी के घायल होने को नहीं बताया। जबकि ग्रामीणों ने तीन लोगों के घायल होने की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस घायलों की तलाश में इमिलिया गांव स्थित हमदर्द क्लीनिक पहुंची।
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वहां काफी देर तक दरवाजा बंद रहने के बाद संचालक शमशाद अली ने दरवाजा खोला और बताया कि पुलिस बल देखकर वह घबरा गया था। पुलिस ने पूछताछ के दौरान क्लीनिक में विस्फोट से घायल कोई व्यक्ति नहीं मिलने की बात कही तथा क्लीनिक संचालक को पुलिस का समय नष्ट करने और गुमराह करने पर कार्रवाई की चेतावनी दी।
वहीं सूचना पर पहुंचे एसडीएम करनवीर सिंह ने फैक्ट्री का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई अनियमितताएं मिलने पर उन्होंने नायब तहसीलदार सत्यप्रकाश वर्मा को फैक्ट्री सील करने के निर्देश दिए। इसके बाद प्रशासन ने फैक्ट्री को माल सहित सील कर दिया गया।
जिला श्रम अधिकारी दामोदर प्रसाद ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला गंभीर प्रतीत होता है। फैक्ट्री में अग्निशमन सहित सुरक्षा मानकों की पर्याप्त व्यवस्था नहीं मिली है। फैक्ट्री के अभिलेखों की जांच कर नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। पेट्रोल पंप कर्मचारियों ने भी बताया कि यहां पहले भी छोटे-मोटे धमाके होते रहे हैं और फैक्ट्री को अन्य स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग उच्च अधिकारियों से की।