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    हरदोई में 10 बिस्वा सरकारी जमीन को लेकर विवाद, बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत

    Updated: Sun, 12 Jul 2026 09:28 PM (IST)

    हरदोई के हरपालपुर में 10 बिस्वा सरकारी जमीन के विवाद में एक बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों ने चार रिश्तेदारों पर पीट-पीटकर हत् ...और पढ़ें

    बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत।

    बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत।

    HighLights

    1. हरदोई में 10 बिस्वा सरकारी जमीन को लेकर विवाद।

    2. विवाद में बुजुर्ग राजेंद्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत।

    3. परिजनों ने चार रिश्तेदारों पर हत्या का आरोप लगाया।

    संवाद सूत्र, हरपालपुर (हरदोई)। 10 बिस्वा जमीन को लेकर चल रहे विवाद में एक बुजुर्ग की संदिग्ध हालात में मौत हो गई, जिन लोगों से विवाद हुआ था वह बुजुर्ग के रिश्तेदार हैं। मृतक का भतीजा ही गांव का प्रधान है। उन्होंने चार लोगों पर पीट-पीटकर हत्या का आरोप लगाया है, जिसके बाद गांव में तनाव की स्थिति पैदा हो गई। पुलिस फोर्स ने गांव पहुंचकर स्थिति संभाली।

    घरवाले तो हत्या का आरोप लगा रहे हैं, लेकिन पुलिस का कहना है कि शरीर पर कोई चोट का निशान नहीं है। चिकित्सकों ने भी कोई चोट नहीं बताई है। पोस्टमार्टम में जो बात सामने आएगी उसी के अनुसार आगे की कार्रवाई होगी।

    हरपालपुर क्षेत्र के ईसेपुर गांव निवासी राजेंद्र पेशे से किसान थे। उनके खेत के समीप ही ग्राम समाज की करीब 10 बिस्वा जमीन स्थित है, जहां से उनका निकास भी है। इस सरकारी जमीन पर राजेंद्र के साढ़ू शैलेंद्र और उनके भाई धीरेंद्र ने अवैध कब्जा कर रखा था और वे इसे खाली नहीं कर रहे थे।

    राजेंद्र ने इस संबंध में ''समाधान दिवस'' में न्याय की गुहार लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के निस्तारण के लिए रविवार को लेखपाल मनोज और राजस्व निरीक्षक सुरेश चंद्र पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे थे। टीम ने जमीन की विधिवत नाप-जोख की और उसे सरकारी घोषित करते हुए कब्जा मुक्त करा दिया।

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    ग्राम प्रधान संदीप सिंह के अनुसार, जैसे ही राजस्व और पुलिस विभाग की टीम औपचारिकताएं पूरी कर गांव से रवाना हुई, वैसे ही विपक्षी पक्ष के शैलेंद्र, उनके भाई धीरेंद्र, अमिताभ और अनुपम ने राजेंद्र के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। जब बुजुर्ग राजेंद्र ने इस अभद्रता का विरोध किया, तो चारों आरोपियों ने हमला कर दिया, जिसमें राजेंद्र की मौत हो गई।

    राजेंद्र की मौत की खबर जैसे ही ग्रामीणों और उनके परिजनों तक पहुंची, मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। पिता की मौत से आक्रोशित बेटों ने मौके पर ही विपक्षियों से बदला लेने (हत्या करने) का ऐलान कर दिया, जिससे माहौल बेहद संवेदनशील हो गया।

    परिजन पहले शव को लेकर पोस्टमार्टम के लिए रवाना हुए, लेकिन आक्रोश के चलते रास्ते से वापस लौट आए। गंभीरता को देखते हुए सीओ प्रवीण कुमार समेत कई थानों की पुलिस फोर्स तुरंत गांव पहुंची और परिजनों को समझा-बुझाकर शांत किया।

    सीओ प्रवीण कुमार ने बताया कि पीड़ित पक्ष से तहरीर ली जा रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के निष्कर्षों तथा प्राप्त तहरीर के आधार पर आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

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