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    CSJMU Kanpur की एकेडमिक काउंसिल में बड़ा फैसला, 20 कोर्स बंद, 6 साल में पूरी कर सकेंगे LLB

    Updated: Fri, 31 Jul 2026 10:12 PM (IST)

    सीएसजेएमयू कानपुर की एकेडमिक काउंसिल ने 20 कोर्स बंद करने का फैसला किया है और एलएलबी छात्रों को अब 3 की बजाय 6 साल में पढ़ाई पूरी करने की छूट मिलेगी। ...और पढ़ें

    सीएसजेएमयू के सेंटर फार एकेडमिक में कुलपति की अध्यक्षता में एकेडमिक काउंसिल की बैठक में प्रस्तावों पर चर्चा करते सदस्य। विश्वविद्यालय

    सीएसजेएमयू के सेंटर फार एकेडमिक में कुलपति की अध्यक्षता में एकेडमिक काउंसिल की बैठक में प्रस्तावों पर चर्चा करते सदस्य। विश्वविद्यालय 

    HighLights

    1. कुलपति की अध्यक्षता में हुई बैठक में लिए गए कई महत्वपूर्ण फैसले।

    2. एलएलबी छात्र अब 3 की बजाय 6 साल में कोर्स पूरा करेंगे।

    3. छात्रों का ओवरऑल पास प्रतिशत 48 से घटाकर 45 किया गया।

    जागरण संवाददाता, कानपुर। सीएसएजेएमयू कानपुर की एकेडमिक काउंसिल की शुक्रवार को बैठक हुई। इसमें 20 कोर्स में कम प्रवेश को लेकर कोर्स बंद करने, एलएलबी छात्रों को 3 की बजाय 6 साल में पढ़ाई पूरी करने सहित अन्य कई अहम फैसले लिए गए। विधि संकाय की व्यवस्था में परिवर्तन को बड़ा फैसला माना जा रहा है।

    सीएसजेएमयू के सेंटर फार एकेडमिक में कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक की अध्यक्षता में हुई बैठक में पाठ्यक्रमों में बदलाव, कई कोर्सों में सीट वृद्धि, कोर्स में सीट कमी को लेकर जरूरी फैसले लिए गए। कला, मानविकी एवं सामाजिक विज्ञान, कृषि विज्ञान, आधारभूत विज्ञान, पत्रकारिता एवं जनसंचार, संगीत, शिक्षा, स्वास्थ्य विज्ञान व व्यावसायिक अध्ययन में कई नए कोर्स भी अनुमोदित किए गए। स्वास्थ्य विज्ञान, फार्मेसी, भाषा अध्ययन, पत्रकारिता, संगीत एवं अन्य विभागों की ओर से प्रस्तुत संशोधित पाठ्यक्रमों पर भी मंथन हुआ।

    विश्वविद्यालय के समाज कार्य विभाग में एमएसडब्ल्यू इन इंडस्ट्रियल रिलेशंस एंड ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट और एमएसडब्ल्यू इन लाइवलीहुड एंड सोशल एंटरप्रिन्योरशिप शुरू किया गया है। नया कोर्स होने के कारण इसमें प्रवेश की अंतिम तिथि बढ़ाकर सात अगस्त की गई है।

    बीए एलएलबी को आठ साल में पूरा कर सकेंगे

    विधि संकाय में अब बिना किसी गतिरोध के एलएलबी के छात्र तीन साल के कोर्स को छह साल और बीए एलएलबी के छात्र पांच साल के कोर्स को आठ साल में पूरा करने की छूट रहेगी। छात्रों के ओवरआल पास प्रतिशत को 48 से घटाकर 45 प्रतिशत किया गया है। अब सिर्फ बैक पेपर का नियम लागू रहेगा।

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    इन पर भी बनी सहमति

    विधि के अलावा अन्य कई संशोधित कोर्सों को सहमति मिली। इस फैसले से विधि छात्रों को राहत मिलेगी। विधि से एक्स व्यवस्था को समाप्त करने पर सहमति दी गई। अभी तक छात्रों के प्रथम और द्वितीय सेमेस्टर में मिलाकर कुल 48 प्रतिशत अंक और प्रत्येक विषय में 36 प्रतिशत उत्तीर्ण अंक अनिवार्य थे। यह न होने पर उसे पांचवें सेमेस्टर में प्रवेश नहीं मिलता था। बैठक में सीडीसी निदेशक प्रो. राजेश कुमार द्विवेदी, रजिस्ट्रार राकेश कुमार मिश्रा, डीन लाइफ साइंसेज प्रो. सुधीर कुमार अवस्थी, प्रो. बृष्टि मित्रा, प्रो. नीरज कुमार आदि मौजूद रहे।

    एईडीपी के प्रस्तावों को मिली मंजूरी

    राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अंतर्गत विश्वविद्यालय में अप्रेंटिसशिप एम्बेडेड डिग्री प्रोग्राम (एईडीपी) के प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बीएससी-बायोटेक्नोलाजी, बीएससी इन इंडस्ट्रियल इलेक्ट्रानिक्स, बीएससी इन एनिमेशन एवं वीएफएक्स, बीएससी इन गेम आर्ट एवं डिजाइन, बीएससी डिजिटल मार्केटिंग एवं एडवरटाइजमेंट, बीएससी मीडिया कम्युनिकेशन, बीए कंटेंट एवं क्रिएटिव राइटिंग तथा बीकाम रिटेल आपरेशंस कोर्सों का संचालन किया जाएगा।

    इन पाठ्यक्रमों में बढ़ाई गई सीटें

    पाठ्यक्रम पहले अब
    बीएससी-एमएससी इंटीग्रेटेड बायोटेक 50 60
    बीएससी कांबिनेशन 30 40
    बैचलर फाइन आर्ट (एप्लाइड आर्ट) 70 75
    बीएससी-बायोलाजिकल साइंसेस 50 60
    एमएससी माइक्रोबायोलाजी 40 45
    बीए जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन 80 90
    बैचलर-फिजिकल एजुकेशन एंड स्पोर्ट्स 90 100
    बैचलर फाइन आर्ट (पेंटिंग) 50 55
     
     

    इन कोर्स में तय सीटों में की गई कमी

     
    पाठ्यक्रम पहले अब
    एलएलएम (एक वर्ष) 60 40
    एमबीए (फाइनेंशियल सर्विसेस) 60 30
    मास्टर आफ हास्पिटल मैनेजमेंट 60 30
    एमएससी मैथमेटिक्स 20 15
    एमएससी जियोग्राफी (जीआइएस) 30 15
    बीएससी (आनर्स) केमिस्ट्री 40 30
    एमएससी (एन. साइंस एंड टेक) 30 20
    पीजीडीजेएमसी 30 15
    बीएससी योगा साइंस 40 30
    एमए (संस्कृत, प्रकृति, जैन दर्शन) 30 10
    बीए (आनर्स) सोशियोलाजी 40 30
    मास्टर आफ पब्लिक हेल्थ 45 40
     
     

    इन पाठ्यक्रमों का नहीं होगा संचालन

     
    क्रम पाठ्यक्रम
    1 इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (इवनिंग)
    2 रसियन लैंग्वेज
    3 स्पैनिश लैंग्वेज
    4 बीएससी (आनर्स) लाइफ साइंसेस
    5 एमए म्यूजिक (सितार)
    6 सर्टिफिकेट कोर्स इन वेदिक मैथमेटिक्स
    7 एमएससी इनवायरमेंटल साइंस विथ स्पेशलाइजेशन इन सस्टेनेबिलिटी एंड गवर्नेंस
    8 डिप्लोमा इन फैशन टेक्नोलाजी
    9 डिप्लोमा इन केमिकल इंजीनियरिंग
    10 डिप्लोमा इन मैटलर्जी एंड मैटेरियल टेक्नोलाजी
    11 डिप्लोमा इन जैन फिलास्फी
    12 डिप्लोमा इन प्रकृति लैंग्वेज
    13 डिप्लोमा इन जैन विधि विधान
    14 डिप्लोमा इन वास्तु ज्योतिष मुहुर्त
    15 डिप्लोमा इन पंजाबी लिट्रेचर
    16 सर्टिफिकेट इन जैन विधि विधान
    17 सर्टिफिकेट इन वास्तु ज्योतिष मुहुर्त
    18 मैकेनिकल इंजीनियरिंग (इवनिंग)
    19 मास्टर आफ स्पोर्ट्स मैनेजमेंट
    20 बीए (आनर्स) होम साइंस

     

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