Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    भाजपा सरकार ने एक्सप्रेस-वे जैसे निर्माण कार्यों में तोड़े भ्रष्टाचार के रिकॉर्ड, बजट में चल रही लूट : अखिलेश

    Updated: Sat, 08 Aug 2026 08:11 PM (IST)

    सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर निर्माण कार्यों में भ्रष्टाचार के सारे रिकॉर्ड तोड़ने का आरोप लगाया है। उन्होंने लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के ध ...और पढ़ें

    News Article Hero Image

    HighLights

    1. लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे धंसने पर अखिलेश यादव ने भाजपा को घेरा।

    2. भाजपा सरकार में निर्माण कार्यों में भ्रष्टाचार के रिकॉर्ड टूटे: सपा प्रमुख।

    3. जल जीवन मिशन में भी घपले, भाजपा 'बेहद जानलेवा पार्टी'।

    राज्य ब्यूरो, लखनऊ। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के धंसने को लेकर भाजपा पर निशाना साधा है। सपा प्रमुख ने शनिवार को आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में एक्सप्रेस-वे और अन्य निर्माण कार्यों में भ्रष्टाचार के सारे रिकार्ड टूट गए हैं।

    हाल ही में बना लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे इसका उदाहरण है। भाजपा सरकार में बनी अन्य सड़कों का भी यही हाल है। सड़कों के निर्माण में भारी भ्रष्टाचार हुआ। मानकाें की अनदेखी की गयी। सबसे महंगा एक्सप्रेसवे दर्जनों जगह धंस गया। भाजपा, बेहद जानलेवा पार्टी है।

    सपा प्रमुख ने कहा कि भाजपा सरकार में बजट की लूट चल रही है। हर विभाग में घपले, घोटाले और भ्रष्टाचार है। झूठ, लूट और बेईमानी इस सरकार की पहचान बन चुके है। जल जीवन मिशन के तहत अब तक दर्जनों पानी की टंकियां टूट कर गिर गई हैं या फिर पानी भरते ही क्षतिग्रस्त हो गई हैं।

    कामों को देख कर लगता है कि भाजपाईयों की कमीशनखोरी का रिकार्ड सदियों तक कोई नहीं तोड़ पाएगा। उन्होंने कहा कि भाजपा ने प्रदेश की जनता को विकास के नाम पर सिर्फ धोखा दिया है। जनता वर्ष 2027 में भाजपा को सत्ता से हटाकर उसके भ्रष्टाचारी शासन का अंत कर देगी।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें- गोरखपुर : BJP पार्षद ज्ञानती देवी को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, चुनाव रद करने के आदेश पर रोक; अब 15 सितंबर को होगी सुनवाई

    वहीं सपा प्रमुख ने सांसद पप्पू यादव पर हमले के आरोपितों के बुलंदशहर में स्वागत और राेड शो को लेकर भी हमला बोला। उन्होंने एक्स पर इससे जुड़ा वीडियो शेयर कर लिखा, ‘भाजपा में अपराधियों की बलिहारी है, दोषियों के स्वागत की परंपरा जारी है।’