सिलेंडर मिल नहीं रहा तो खस्ता पूड़ी तलने के लिए लोगों ने लगाया ये देसी जुगाड़, एजेंसी संचालक बोले- बंद है सप्लाई
लखनऊ में व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की किल्लत और घरेलू सिलेंडरों की देरी से आपूर्ति ने होटल-रेस्तरां और चाट विक्रेताओं को प्रभावित किया है। ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक तस्वीर
HighLights
व्यावसायिक गैस सिलेंडर की आपूर्ति ठप।
घरेलू सिलेंडर मिलने में देरी, दाम बढ़े।
दुकानदार खस्ता-पूड़ी लकड़ी के चूल्हे पर बना रहे।
संवाद सूत्र, बीकेटी (लखनऊ)। कार्शियल गैस सिलेंडर मिल नहीं रहे, घरेलू गैस सिलेंडर मिलने में भी देरी हो रही है। होटल रेस्टोरेंट,चाट के ठेले वालों पर इसका असर पड़ रहा है। मजबूरन कुछ दुकानदार लकड़ी जलाकर चूल्हे पर खस्ता और पूड़ी तल रहे हैं।
गैस एजेंसी संचालकों का कहना है कामर्शियल गैस सिलेंडर की आपूर्ति बंद है ऐजेंसी को सिलेंडर नहीं मिल रहे हैं। उधर घरेलू गैस सिलेंडर 14.2 किलोग्राम प्रति सिलेंडर पर 60 रुपये बढ़ गये हैं। घरेलू गैस सिलेंडर बुकिंग के दो तीन दिन बाद भी नहीं मिल रहे।
बीकेटी में मिठाई की दुकान संचालक घनश्याम ने बताया कामर्शियल गैस सिलेंडर तो मिल ही नहीं रहा है। घरेलू गैस सिलेंडर ब्लैक में 950.50 वाला 12 से 12.50 में मुश्किल से मिल पा रहा है।
चंद्रिका देवी मेले के दुकानदार राजेश गुप्ता ने बताया दो दिन पहले भारत गैस कंपनी का सिलेंडर बुक कराया था। तीसरे दिन भी नहीं मिल सका। चाट खस्ता की दुकान है उसे बंद नहीं किया जा सकता। लकड़ी के चूल्हे पर ही खस्ता पूड़ी बनाई जा रही है।
भरत गैस सर्विस की एजेंसी के मैनेजर आशीष ने बताया बुकिंग कराने वाले ग्राहकों को सिलेंडर दिये जा रहे हैं। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट एसडीएम साहिल कुमार ने बताया घरेलू गैस सिलेंडर मे यदि कहीं अधिक रेट पर बिक्री पाई गई तो कारवाई की जायेगी। इसकी जांच कराई जायेगी।