यूपी के आठ जिलों में खुलेगा 50 बेड वाला आयुष हॉस्पिटल, पहले चरण में खर्च होंगे 60 करोड़ रुपये
उत्तर प्रदेश सरकार ने आठ जिलों में 50 बिस्तरों वाले नए आयुष अस्पताल बनाने का फैसला किया है, जिस पर पहले चरण में 60 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इन अस्पतालो ...और पढ़ें
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आठ जिलों में खुलेगा 50 बिस्तरों वाला आयुष हॉस्पिटल। AI जेनरेटेड फोटो
HighLights
आठ जिलों में बनेंगे 50 बिस्तरों के नए आयुष अस्पताल।
पहले चरण में 60 करोड़ रुपये का होगा निवेश।
आयुर्वेद, होम्योपैथी, योग जैसी सुविधाएं एक छत के नीचे।
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। प्रचीन समय से चली आ रही परंपरागत चिकित्सा सुविधा को विस्तार देने के लिए प्रयासरत प्रदेश सरकार ने आठ जिलों में 50 बिस्तरों के नये आयुष अस्पताल बनाने का फैसला किया है।
इन अस्पतालों में एक छत के नीचे ही आयुर्वेद, होम्योपैथी क्लीनिक होगी। एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, पंचकर्म, क्षार सूत्र, योग और प्राकृतिक चिकित्सा जैसी सुविधा रहेगी। परियोजना पर पहले चरण में 60 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
आयुष की शासी निकाय ने गत दिनों राज्य के सीतापुर, चित्रकूट, एटा, अम्बेडकरनगर, औरैया, गाजीपुर, बाराबंकी और बिजनौर में 50 बिस्तरों वाले अस्पताल स्थापित करने का प्रस्ताव स्वीकृत किया है, जिस पर खर्च होने वाली धनराशि की केन्द्र सरकार से मांग की गयी है।
अस्पताल के प्रस्ताव में कहा गया है कि गठिया, अस्थमा, मधुमेह, उच्च रक्तचाप जैसी बीमारियों के इलाज में परंपरागत चिकित्सा पद्धति कारगर है। मानव शरीर पर इस पद्धति का दुष्प्रभाव कम होता है। ऐसे में प्रदेश के सुदूर जिलों में आयुष चिकित्सालय खुलने से ग्रामीणों के स्वास्थ्य की देखभाल में आसानी होगी।
प्रमुख सचिव आयुष रंजन कुमार का कहना है कि यह प्रस्ताव वर्ष वर्ष 2026-27 के लिए है। प्रयास है कि विधानसभा चुनाव की आचार संहिता से पहले कार्य शुरू कर दिया है। परियोजना में यूनानी को भी शामिल किये जाने पर मंथन चल रहा है।