Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    स्वतंत्रता दिवस पर यूपी में देशभक्ति के साथ पर्यावरण का संदेश, प्रदेश भर में बनेंगी 'वंदे मातरम् वाटिका'

    Updated: Thu, 30 Jul 2026 02:18 PM (GMT+05:30)

    स्वतंत्रता दिवस पर उत्तर प्रदेश में 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत 'वंदे मातरम् वाटिका' स्थापित की जाएंगी। इन वाटिकाओं में 150 पौधे लगाए जाएंगे, ज ...और पढ़ें

    15 अगस्त को प्रदेश भर में 'वंदे मातरम् वाटिका' स्थापित होंगी।

    15 अगस्त को प्रदेश भर में 'वंदे मातरम् वाटिका' स्थापित होंगी।

    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    राज्य ब्यूरो, लखनऊ। स्वतंत्रता दिवस पर इस बार प्रदेश में राष्ट्रभक्ति और पर्यावरण संरक्षण का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। प्रदेश सरकार के ''एक पेड़ मां के नाम'' अभियान के तहत 15 अगस्त को सभी जिलों में ''वंदे मातरम् वाटिका'' स्थापित की जाएंगी।

    इसके लिए वन विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। प्रत्येक जिले में एक चयनित स्थान पर 150 पौधों का रोपण किया जाएगा, जो राष्ट्रगीत ''वंदे मातरम्'' के 150 वर्ष पूरे होने के अवसर पर प्रकृति को समर्पित श्रद्धांजलि होगी।

    वन विभाग प्रत्येक जिले में एक नई ''वंदे मातरम् वाटिका'' विकसित करेगा। इसमें स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप छायादार, फलदार और पर्यावरण संरक्षण में उपयोगी प्रजातियों के पौधे लगाए जाएंगे। इन पौधों के संरक्षण और नियमित देखभाल की जिम्मेदारी स्थानीय स्तर पर तय की जाएगी, ताकि यह अभियान केवल पौधारोपण तक सीमित न रहकर स्थायी हरित धरोहर का रूप ले सके।

    इस विशेष अभियान में आम नागरिकों की व्यापक भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है। पौधारोपण कार्यक्रम में विद्यालयों और महाविद्यालयों के विद्यार्थी, स्वयंसेवी संस्थाएं, सामाजिक संगठन, वंदे मातरम् फाउंडेशन एवं ट्रस्ट, स्वतंत्रता सेनानियों के परिवार, जनप्रतिनिधि और विभिन्न सरकारी विभाग सहभागी बनेंगे। अभियान का उद्देश्य लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने के साथ उन्हें पौधों के संरक्षण से भी जोड़ना है।

    खबरें और भी

    अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक सामाजिक वानिकी दीपक कुमार कहते हैं कि ''वंदे मातरम् वाटिका'' प्रदेश में चल रहे ''एक पेड़ मां के नाम'' महाअभियान की महत्वपूर्ण कड़ी होगी। यह पहल आजादी के अमृत संदेश को हरियाली से जोड़ने का माध्यम बनेगी।

    स्वतंत्रता दिवस पर लगाए जाने वाले पौधे आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्रप्रेम, प्रकृति संरक्षण और सामुदायिक सहभागिता का संदेश देंगे। यही वजह है कि इस बार 15 अगस्त का पौधारोपण कार्यक्रम केवल एक सरकारी आयोजन नहीं, बल्कि जनभागीदारी से जुड़ा व्यापक हरित अभियान बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

    यह भी पढ़ें- सावन की पहली सुबह शिवमय हुआ सारण, शिवालयों में उमड़ी आस्था की भीड़