मुरादाबाद में रूह कंपा देने वाली वारदात: पति से अलग रह रही मां-बेटे की बेरहमी से हत्या, पहचान छिपाने के लिए चेहरे भी जलाए
मुरादाबाद में पति से अलग रह रही मां सीमा और बेटे अंकुश की बेरहमी से हत्या कर दी गई, पहचान छिपाने के लिए दोनों के चेहरे जलाए गए थे। पुलिस ने महिला के प ...और पढ़ें

बालक के शव की सूचना पर एसपी सिटी कुमार रणविजय, सीओ हाईवे वरुण कुमार ओर अन्य। जागरण
HighLights
जंगल में 500 मीटर की दूरी पर मिले मां और 10 साल के मासूम के शव, शक के घेरे में पति और देवर
जागरण संवाददाता, मुरादाबाद। पाकबड़ा क्षेत्र में पति से अलग शेरुआ चौराहे पर रह रही महिला सीमा और उसके बेटे अंकुश की हत्या कर शव गांव मोढ़ा तैय्या के जंगल में फेंके गए थे। महिला का बुधवार को सुबह शव मिला था, जबकि उससे 500 मीटर की दूरी पर गुरुवार को दोपहर बालक का शव मिला। पहचान छिपाने के लिए दोनों की हत्या करने के बाद चेहरे जला दिए गए थे।
बालक का शव मिलने के करीब तीन घंटे बाद उसकी पहचान अंकुश और महिला की सीमा पत्नी जयराम निवासी मोढ़ा तैय्या के रूप में की। पुलिस ने महिला के पति, देवर समेत तीन को हिरासत में लिया है। पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है। हत्या महिला का किसी युवक से प्रेम प्रसंग होने के शक में की गई है। महिला का पति व देवर से करीब दो साल से विवाद भी चल रहा था।
पाकबड़ा क्षेत्र के गांव मोढ़ा तैय्या के जंगल में मंगलवार को सुबह एक महिला का शव मिला था। महिला की गला रेतकर हत्या की गई थी। उसका चेहरा जला दिया गया था। जिससे महिला की पहचान नहीं हो सकी थी, लेकिन जिस स्थान पर महिला का शव मिला था वहां कोई अनजान व्यक्ति नहीं जा सकता। ऐसे में स्पष्ट था कि महिला आसपास के गांव की ही है। पुलिस महिला की पहचान में जुटी थी।
उधर अमरोहा देहात के गांव चककालेट निवासी प्रदीप कुमार का खेत गांव मोढ़ा तैय्या के रकबे में है। गुरुवार को दोपहर वह अपने गन्ने के खेत में खाद डलवा रहे थे। उन्हीं के गांव निवासी वीरेंद्र उर्फ पिंटू खाद डाल रहे थे। तभी उनकी नजर बालक के शव पर पड़ी। यह देख उन्होंने शोर मचा दिया। शोर शराबा सुनकर आसपास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण पहुंच गए।
खबरें और भी
उसी क्षेत्र में दूसरा शव मिलने की जानकारी पर एसएसपी सतपाल अंतिल, एसपी सिटी कुमार रणविजय पुलिस बल के साथ पहुंच गए। बालक का शव महिला के शव से करीब 500 मीटर दूरी पर मिला था। बालक का शव देखते हुए पुलिस समझ गई कि यह महिला का ही बेटा है। आसपास के गांवों के लोगों को बुलाकर बालक के शव की पहचान करानी शुरू की, लेकिन मौके पर कोई भी पहचान नहीं कर पाया।
इसी बीच किसी व्यक्ति ने बालक को पहचान लिया और पुलिस को बता दिया। जानकारी मिलते ही पुलिस की टीम गांव मोढ़ा तैय्या में पहुंच गई। जयराम सैनी को बुलाकर बालक का शव दिखाया तो उन्होंने उसे अपना बेटा दस वर्षीय अंकुश बताया। इसके बाद महिला का शव दिखाया तो उन्होंने महिला को अपनी पत्नी सीमा बताया।
इसके बाद पुलिस ने जसराम, इसके बाद समेत तीन लोगों को हिरासत में ले लिया। एसपी सिटी कुमार रणविजय सिंह ने बताया कि जसराम की करीब 15 साल पहले शादी गोरखपुर निवासी सीमा से हुई थी। दो साल पहले जसराम नेे एक बीघा जमीन बेची थी। जिसके बाद पति पत्नी में विवाद हो गया था।
विवाद के बाद सीमा बेटे अंकुश के साथ शेरुआ चौराहे पर किराये का मकान लेकर रहने लगी थी। दोनों की मंगलवार की रात हत्या की और शव जंगल में फेंक दिए गए। महिला का पड़ोसी गांव निवासी एक युवक से प्रेम प्रसंग चल रहा था, वहीं पति व देवर से भी महिला का विवाद था। अभी तक की जांच में हत्या इन्हीं कारणों से होने की बात सामने आई है।