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    ग्रेटर नोएडा में 90% जिम और पूल बिना रजिस्ट्रेशन चल रहे, 80% जिम में नहीं हैं महिला कोच; जल्द चलेगा अभियान

    Updated: Wed, 22 Apr 2026 08:39 AM (IST)

    ग्रेटर नोएडा में 90% जिम और स्विमिंग पूल बिना पंजीकरण के चल रहे हैं, जिससे सदस्यों की सुरक्षा खतरे में है। खेल विभाग ने महिला कोच की कमी और मानकों की ...और पढ़ें

    महिलाओं की सुरक्षा के मद्देनजर हर जिम और तरणताल में कम से कम एक महिला ट्रेनर या लाइफगार्ड रखना जरूरी है। मगर करीब 80 प्रतिशत जिम और स्वीमिंग पूल में महिला कोच नहीं हैं। एआई इमेज

    महिलाओं की सुरक्षा के मद्देनजर हर जिम और तरणताल में कम से कम एक महिला ट्रेनर या लाइफगार्ड रखना जरूरी है। मगर करीब 80 प्रतिशत जिम और स्वीमिंग पूल में महिला कोच नहीं हैं। एआई इमेज

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    जागरण संवाददाता, ग्रेटर नोएडा। जिले में स्विमिंग पूल और जिम सेंटर संचालकों की मनमानी लगातार जारी है। विभागीय मानकों की अनदेखी कर ये सुविधाएं बिना पंजीकरण के जारी हैं। इससे सदस्यों की सुरक्षा को खतरा पैदा हो रहा है। जिले में करीब एक हजार से अधिक जिम और करीब इतने ही स्विमिंग पूल संचालित हो रहे हैं लेकिन इनमें से मात्र पांच से सात प्रतिशत ही पंजीकृत हैं। शेष सभी बिना किसी मानक के अनौपचारिक रूप से चल रहे हैं।

    व्यापक अभियान की कमी साफ दिख रही

    नियमों के तहत इनके पंजीकरण अनिवार्य है, जिसमें सुरक्षा उपकरण, योग्य कोच, सीसीटीवी कैमरे और स्वच्छता मानक शामिल हैं, लेकिन ज्यादातर संचालक इनकी परवाह नहीं कर रहे। विभाग की कार्रवाई भी सिर्फ नोटिस जारी करने तक सीमित है। हाल ही में खेल विभाग ने 30 जिम व तरणताल का किया निरीक्षण। जांच में 8 स्थानों पर बिना मानक स्विमिंग पूल और जिम संचालित होते मिले, जिन्हें बंद करा दिया गया, लेकिन व्यापक अभियान की कमी साफ दिख रही है।

    80 प्रतिशत केंद्रों में केवल पुरुष कोच

    महिला कोच की अनिवार्यता को लेकर भी बड़ी लापरवाही सामने आई है। महिलाओं की सुरक्षा के मद्देनजर हर जिम और तरणताल में कम से कम एक महिला ट्रेनर या लाइफगार्ड रखना जरूरी है। तरणताल में पुरुष और महिला दोनों लाइफगार्ड की तैनाती अनिवार्य है। इसके बावजूद करीब 80 प्रतिशत केंद्रों में केवल पुरुष कोच हैं। महिलाएं ट्रेनिंग लेने पर असुरक्षित महसूस करती हैं।

    जल्द सख्त अभियान चलाने की चेतावनी

    जिला प्रभारी क्रीड़ाधिकारी डाॅ. परवेज अली का कहना है कि नए वित्तीय वर्ष में एनओसी के लिए महिला कोच अनिवार्य शर्त है। बिना इसके नवीनीकरण नहीं होगा। फिर भी कई संचालक नियम तोड़ रहे हैं। सदस्यों को सलाह है कि केवल पंजीकृत और मानक पूर्ण केंद्रों का ही चुनाव करें। विभाग ने चेतावनी दी है कि जल्द सख्त अभियान चलाया जाएगा, जिसमें बिना पंजीकरण वाले केंद्र बंद किए जा सकते हैं।

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    "क्रीड़ा विभाग लगातार अभियान चलाकर स्विमिंग पूल और जिम की जांच कर रहा है। अभी तक 18 जिम, 20 स्कूल, 12 होटल और 148 ग्रुप हाउसिंग सोसायटी को जांच के उपरांत एनओसी जारी किया गया है।"

    -डाॅ. परवेज अली, प्रभारी जिला क्रीड़ाधिकारी।

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