फिर कौन खोज रहा था युवराज को? कहीं और थी डिलीवरी ब्वाॅय मुनेंद्र की लोकेशन, रिपोर्ट में नोएडा पुलिस का बड़ा दावा
ग्रेटर नोएडा में इंजीनियर युवराज मेहता की डूबने से हुई मौत के मामले में एसआईटी जांच जारी है। पुलिस की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि डिलीवरी ब्वॉय मु ...और पढ़ें

डिलीवरी ब्वॉय की मोबाइल लोकेशन पर पुलिस ने किया चौंकाने वाला दावा। जागरण ग्राफिक्स

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जागरण संवाददाता, ग्रेटर नोएडा। सेक्टर-150 में बेसमेंट के लिए खोदे गए प्लाट में भरे पानी में डूबने से 16 जनवरी की रात इंजीनियर युवराज मेहता की मौत हाे गई थी। डिलीवरी ब्वाय मुनेंद्र सिंह ने जान की परवाह किए बिना ठंडे पानी में उतर कर करीब 40 मिनट युवराज की तलाश की थी।
घटना के तूल पकड़ने पर मुख्यमंत्री ने जांच के लिए एसआईटी का गठन किया था। एसआईटी ने संबंधित विभागों से जांच रिपोर्ट ली और जिम्मेदार अधिकारियों व कर्मचारियों के बयान दर्ज किए हैं।
सूत्रों के अनुसार पुलिस विभाग ने युवराज को बचाने का प्रयास करने वाले मुनेंद्र के मोबाइल फोन की लोकेशन घटना के समय घटना स्थल से काफी दूर बताई है।
बता दें कि एसआईटी जांच पूरी कर अपनी रिपोर्ट शासन को सौंप चुकी है। इसमें पुलिस की ओर से सौंपी रिपोर्ट में युवराज को बचाने की कोशिश करने वाले मुनेंद्र की लोकेशन कहीं और बताई गई है।
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काफी दूर थी लोकेशन
पुलिस की ओर से प्रस्तुत रिपोर्ट में युवराज और मुनेंद्र के मोबाइल फोन की लोकेशन और काल डिटेल निकाली गई। पुलिस की रिपोर्ट में कहा गया है कि जिस समय मुनेंद्र घटनास्थल पर होने का दावा कर रहा है, तब उसके मोबाइल की लोकेशन काफी दूर थी।
पुलिस कंट्रोल रूम पर आई पहली काल से लेकर मौके पर पुलिस, अग्निशमन दल और बचाव दल के पहुंचने तक की टाइमलाइन भी साझा की गई। रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया है कि युवराज को बचाने का पूरा प्रयास किया गया।
मोबाइल फोन की लोकेशन को लेकर मुनेंद्र का कहना है कि वह घटना स्थल पर था। इसकी पुष्टि युवराज के पिता राजकुमार मेहता ने की है। इसके अलावा कई लोग प्रत्यक्षदर्शी भी हैं।
बदनाम करने की साजिश - मुनेंद्र
मुनेंद्र का यह भी कहना है कि उसे झूठा और बदनाम उसके खिलाफ साजिश रची जा रही है। उसे रुपए देते हुए एक वीडियो भी प्रसारित कराया गया है। यह वीडियो 21 जनवरी का है। दो लोग उसके घर आए थे। कहा हम दोनों के खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज किया है।
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कोर्ट में मामले की पैरवी करने के लिए अधिवक्ता करने के लिए रुपए रख लो। उसे जबरन पांच हजार रुपए देकर चले गए थे।
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