Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    पीलीभीत के 'चूका बीच' पर जाना अब खतरे से खाली नहीं? पार्किंग तक पहुंचे बाघ-भालू, वन विभाग ने उठाया ये बड़ा कदम

    Updated: Mon, 01 Jun 2026 05:57 PM (IST)

    चूका बीच पर बाघों और भालू की बढ़ती आवाजाही पर्यटकों के लिए खतरा बन गई है, जिसके बाद पीलीभीत टाइगर रिजर्व प्रबंधन ने सुरक्षा बढ़ा दी है। पर्यटन सत्र सम ...और पढ़ें

    पीलीभीत टाइगर र‍िजर्व

    पीलीभीत टाइगर र‍िजर्व

    HighLights

    1. पर्यटकों के लिए खतरा न बन जाए पीलीभीत टाइगर रिजर्व का चूका पर्यटन स्थल

    जागरण संवाददाता, पीलीभीत। पीलीभीत टाइगर रिजर्व (पीटीआर) में चूका बीच में दो शावकों के पहुंचने के बाद वहां की ट्री हट पर पर्यटकों के रात्रि प्रवास पर रोक पहले ही लगाई जा चुकी है, लेकिन अब दिन में भी वहां पर जाना खतरे से खाली नहीं है। चूका पर्यटन स्थल की पार्किंग में रविवार को भालू घुस आया, जबकि दो बाघों का मूवमेंट लगातार चूका के आसपास बना हुआ है।

    इससे वहां पर दो हाथियों को पर्यटन सत्र समाप्त होने तक लगाने के साथ दो वन कर्मियों को पार्किंग गेट पर तैनात किया है, जो वन्यजीवों को वहां पर आने से रोक सकें। पीलीभीत टाइगर रिजर्व में पर्यटन सत्र का समापन 15 जून को हो जाएगा। स्कूलों में ग्रीष्म अवकाश शुरू होने से इन दिनों पीटीआर में पर्यटकों की आवाजाही बढ़ गई है।

    शनिवार और रविवार को पर्यटकों की संख्या काफी ज्यादा हो जाती है। पीटीआर के पर्यटक जंगल सफारी करने के दौरान चूका बीच घूमने जरूर जाते हैं, क्योंकि वहां पर सागर की लहरों की तरह बीच का पानी एक ओर आनंदित करता है तो दूसरी ओर हरा-भरा जंगल आंखों और मन को सुकून देता है।

    चूका बीच पर रविवार को एक भालू पार्किंग क्षेत्र में पहुंच गया, जहां भालू को देखते ही वहां मौजूद पर्यटक घबरा गए। गाइडों और सफारी वाहन चालकों ने सतर्कता दिखाते हुए पर्यटकों को तत्काल वाहनों में बैठाकर वहां से दूर हटाया। डेढ़ वर्ष से अधिक उम्र के दो शावक लगातार चूका बीच के आसपास देखे जा रहे हैं।

    खबरें और भी

    इन्हीं शावकों की वजह से चूका बीच में नाइट स्टे पर रोक लगाई गई थी। दो शावकों के मूवमेंट होने से बाघिन के आसपास होने की संभावना रहती है। इससे वहां पर सतर्कता बढ़ाते हुए वन विभाग के अधिकारियों ने दो हाथियों को पर्यटन सत्र समाप्ति होने तक अनिवार्य रूप से रखा है।

    दो वन कर्मियों की ड्यूटी पार्किंग में लगा दी गई, जो वन्यजीवों को चूका बीच में जाने से रोक सकें और पर्यटकों को सुरक्षा दे सकें। पार्किंग से चूका बीच तक 200 मीटर तक पैदल जाना होता है, जिससे वहां पर वन कर्मियों को लगाया गया।

     

    चूका में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिससे वन कर्मियों का मूवमेंट आसपास होने पर तुरंत पता चल जाता है। इसके बाद वनकर्मी सतर्कता बढ़ाकर वहां से बाघों को चूका बीच से दूर कर देते हैं। पर्यटन सत्र समाप्त होने तक वहां पर दो हाथियों को स्थायी तौर पर रखा हे। पार्किंग में दो वन कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है।

    - मनीष सिंह, डीएफओ पीलीभीत टाइगर रिजर्व


    यह भी पढ़ें- पीलीभीत मेडिकल कॉलेज की खोज, सिर्फ 2% लोगों में होने वाली दुर्लभ मांसपेशी 'बिफिड सार्टोरियस' मिली