इलाहाबाद विश्वविद्यालय के शारीरिक शिक्षा विभाग के अध्यक्ष पर हमला, डॉ. दिनेश चंद लाल को जान से मारने की धमकी भी दी
इलाहाबाद विश्वविद्यालय के शारीरिक शिक्षा विभाग के अध्यक्ष डॉ. दिनेश चंद लाल पर पारिवारिक संपत्ति विवाद को लेकर हमला किया ...और पढ़ें

संपत्ति विवाद को लेकर इलाहाबाद विश्वविद्यालय के विभागाध्यक्ष से मारपीट करने में पुलिस ने केस दर्ज किया है।
HighLights
प्रोफेसर की तहरीर पर कर्नलगंज थाने में एक महिला समेत छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज
घटना के पीछे पारिवारिक संपत्ति का विवाद बताया गया है, पुलिस मामले की पड़ताल कर रही
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के शारीरिक शिक्षा विभाग के विभाग अध्यक्ष और प्रोफेसर डॉ. दिनेश चंद लाल पर हमला करने और जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। पीड़ित की तहरीर पर कर्नलगंज पुलिस ने एक महिला समेत छह लोगों के खिलाफ मुकदमा कायम किया है। घटना के पीछे पारिवारिक संपत्ति का विवाद बताया गया है। पुलिस मामले की जांच-पड़ताल कर रही है।
कर्नलगंज निवासी इलाहाबाद विश्वविद्यालय के प्रोफेसर का कहना है कि कटरा में उनकी पैतृक संपत्ति है, जिस पर ललिता देवी समेत कुछ लोग काबिज हैं। वह किराएदार भी रखे हैं। आरोप है कि वह अपनी भाभी मंजूरानी, बहन नीलम पत्नी अखिलेश कुमार (HSO) व दूसरी बहन पूनम की मृत्यु पर धार्मिक क्रिया कर्म हेतु पैत्रिक मकान पर गए। वहां विपक्षी ललिता देवी ने उन्हें और भाई एवं बहनो को जो कमरा पिता के समय से ही रह रहे थे, उसमें जबरन ताला लगा दिया था।
आरोप है कि जब ताले को खोलने के लिए आग्रह किया गया तो ललिता देवी और उसके पुत्र के साथ उनके सहयोगी प्यारेलाल, कृष्ण कुमार, राजबहादुर व जानू शर्मा मारपीट करने लगे। ललिता देवी आदि ने प्रार्थी को चप्पल व डंडे से पिटाई की और ईंट से प्रहार भी किया, जिससे उन्हें चोट आई।, विपक्षी की पूरी कोशिश जान से मारने की थी, शिकायती प्रार्थना पत्र थाना कर्नलगंज को दिया गया, परन्तु कोई कार्यवाही नहीं की गई। बताया कि मारपीट, ईंट लेकर दौड़ाने व मारने का वीडियो उपलब्ध है।
आरोप लगाया कि ललिता देवी मकान में हॉस्टल चला रही हैं। इसके अलावा डांडी प्रयागराज में पैत्रिक गेस्ट हाउस व जमीन व मकान पर भी कब्जा कर रखा है। समस्त किराया जबरन ललिता देवी और उनके पुत्र ले रहे हैं। प्रार्थी व अन्य भाई, बहनों का समस्त मकान व गेस्ट हाउस जमीन में नाम दर्ज व अंकित है। इसके बावजूद भी ललिता देवी और इनके सहयोगी हिस्सा देना नहीं चाहते हैं और मारपीट करते हैं।
