Prayagraj Flood News : गंगा-यमुना में बाढ़ से प्रभावित इलाकों के पीड़ितों को मिलेगी आर्थिक सहायता, सर्वे शुरू
प्रयागराज में गंगा और यमुना में बाढ़ के कारण तटीय क्षेत्रों में भारी नुकसान हुआ है। जिला प्रशासन प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान का सर्वे करा रहा है ता ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, प्रयागराज। Prayagraj Flood News गंगा और यमुना में बाढ़ के कारण तटीय क्षेत्रों में काफी नुकसान हुआ है। घरों में रखे सामान खराब गए तो फसलें जलमग्न होने के कारण सड़ गई हैं। घरों की दीवारें क्रैक हो गई हैं तो फर्श दब गई है। नदियों के लहरों से घरों की खिड़कियों के कांच भी टूट गए हैं। जिला प्रशासन की ओर से प्रभावित मोहल्लों और गांवों में नुकसान का सर्वे कराया जा रहा है। इसके बाद पीड़ितों को आर्थिक सहायता दी जाएगी।
वैसे अब दोनों नदियों का जलस्तर मामूली रूप से घटने लगा है। बुधवार दोपहर से गुरुवार सुबह तक गंगा चार सेमी तो यमुना सात सेमी घटी हैं। इससे अब नदियों के तटीय क्षेत्रों में बाढ़ पीड़ितों को राहत मिलने की उम्मीद जताई गई है। फिलहाल बाढ़ का पानी अब भी निचले इलाकों में भरा है। शहर की 23 बस्तियों के साथ ही 107 गांव अभी बाढ़ की चपेट में हैं। लगभग एक लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हैं।
कानपुर बैराज से छोड़े गए लगभग साढ़े चार लाख पानी से अभी बाढ़ का खतरा बरकरार है। शहर के पांच राहत शिविरों में पिछले चार दिनों से लगभग डेढ़ हजार बाढ़ पीड़ितों ने शरण लिया है। बघाड़ा, सलोरी, सादियाबाद, चिल्ला, राजापुर, गंगानगर, नेवादा, अशोक नगर के कछारी क्षेत्र, बेली, मऊ सरैया, मऊ कछार, दारागंज के साथ ही नैनी व झूंसी के कई गांव प्रभावित हैं।
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सोरांव, फूलपुर, हंडिया, करछना, मेजा व बारा के तटीय गांवों में सबसे ज्यादा फसलों को नुकसान हुआ है। एडीएम वित्त एवं राजस्व तथा आपदा राहत प्रभारी विनीता सिंह ने बताया कि दोनों नदियों का जलस्तर भले ही मामूली रूप से कम हो रहा है मगर जल्द ही राहत मिलने की संभावना है।