Kaushambi Blast: धमाका था ऐसा कि लगा मिसाइल से हो गया हमला, कई किमी दूर तक गूंजी विस्फोट की गूंज
मनौरी में पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण धमाके से आसपास के कई किलोमीटर तक के इलाके में दहशत फैल गई। ...और पढ़ें

कौशांबी के मनौरी स्थित पटाखा फैक्ट्री में धमाकें के बाद दूर गिरा लोहे एंगल। जागरण
HighLights
आवाज सुन प्रयागराज की सीमा पर बसे गांवों के लोग घटनास्थल की तरफ भागे
कई किलोमीटर दूर तक आसमान में उठता धुएं और धूल का गुबार लोगों ने देखा
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। सोमवार सुबह के करीब 11.30 बजे थे। एयरपोर्ट क्षेत्र की अपनी दुकान पर सूरज सिंह अपने काम निपटा रहे थे। तभी कई किलोमीटर दूर मनौरी में तेज धमाके हुए। वह कहते हैं कि विस्फोट इतनी तेज थे, लगा जैसे कहीं मिसाइल से हमला किया गया हो। घटना की जानकारी मिलने के बाद वह एसआरएन अस्पताल पहुंचे।
2 किमी दूर स्कूल की इमारत कांप उठी...
एसआरएन अस्पताल में मिले सैय्यद सरावां निवासी बैंक कर्मी राकेश कुमार ने बताया कि जिस वक्त मनौरी की फैक्ट्री में घटना हुई, उस समय वह अपने बच्चे के स्कूल में पैरेंट्स मीटिंग में गए थे। यह स्कूल घटना स्थल के करीब दो किलोमीटर दूर है। पटाखा फैक्ट्री में धमाके की आवाज से स्कूल की इमारत कांप उठी। बच्चे, अभिभावक और शिक्षक सब सहम गए। सारे काम छोड़कर वह पीड़ितों की मदद के लिए दौड़े।
आसमान में धूल और धुएं का उठा गुबार
मनौरी क्षेत्र में ही अपने एक रिश्तेदार के यहां रह रहे चित्रकूट के सर्वेश कुमार ने बताया सुबह खाना खाने के बाद वह आराम कर रहे थे। इसी बीच एक के बाद एक कई दहला देने वाले कई विस्फोट हुए। इनकी धमाका इतना तेज था कि लगा जैसे कोई प्लेन आकर घर के बगल में गिर गया हो। घर से बाहर निकला तो आसमान धुएं और धूल का गुबार था।
रुह कंपा देने वाला दृश्य था नजारा
इसके बाद घटनास्थल पर पहुंचा, जहां रुह कंपा देने वाला दृश्य दिखा। जहां कभी बस्ती थी, अब वहां मलबा और खंडहर थे। हर तरफ चीख-पुकार और मदद के लिए गुहारें लग रही थीं। दूसरों के साथ वह भी घायलों को बचाने में जुट गए।
त्योहार मनाने आई थी मायके, अब मातम
पंचायती राज विभाग में सफाई कर्मी के पद पर तैनात पनतरवा की रहने वाली रूपा का मनौरी निवासी मंजीत के यहां मायका है। रक्षाबंधन पर वह अपनी बेटी पीहू व उर्वशी के साथ यहां आई थी। सुबह यहीं से ड्यूटी पर जाने के लिए निकली थीं। सड़क पर साधन का इंतजार कर रहीं थीं, तभी विस्फोट हो गया। पीहू व उर्वशी जहां जिंदगी मौत से जूझ रहीं हैं। तो वहीं भाई मंजीत के दो बच्चों की जान चली गई। अब मातम छाया है।
पेड़ों के उड़े चीथड़े, परिंदों की गई जान
मनौरी स्थित पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट ने आस-पास इलाके में खूब तबाही मचाई। इस धमाके में फैक्ट्री के आसपास स्थित आम, नीम आदि के पेड़ों के चीथड़े उड़ गए। किसी पेड़ की डालें फट गईं तो कोई पूरा पेड़ ही धरासायी हो गया। यही नहीं इन पेड़ों में बसेरा बनाने वाले कौवों और कबूतरों सहित अन्य सैकड़ों परिंदों की जान चली गई। घटना के बाद आस-पास पक्षियों के शव बिखरे पड़े थे।
