रक्षाबंधन पर भारी मात्रा में मिलावटी मिठाई खपाने की थी तैयारी, प्रयागराज में 70 कुंतल बरामद; ऐसे करें शुद्धता की पहचान
प्रयागराज में रक्षाबंधन से पहले 70 कुंतल मिलावटी मिठाई जब्त की गई, जिसे गेस्ट हाउस की आड़ में बनाया जा ...और पढ़ें
HighLights
गेस्ट हाउस की आड़ में मिलावटी मिठाइयां बनाने और बेचने का चल रहा था धंधा
गंगापार के सोरांव तहसील में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की कार्रवाई
त्योहार पर शुद्ध और मिलावटी मिठाइयों की पहचान करने के बाद ही इसे खरीदें
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। गेस्ट हाउस की आड़ लेकर मिलावटी मिठाइयां बनाने और बेचने का गोरखधंधा गंगापार के सोरांव तहसील क्षेत्र स्थित मलाक चौधरी गांव में चल रहा था। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीम ने प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस बल के साथ 25 अगस्त की रात में छापेमारी की। वहां मिठाइयों का व्यापक भंडारण देख अधिकारी हैरान रह गए।
'मीठा जहर' खिलाए जाने की आशंका
लगभग 70 कुंतल मिठाइयों का भंडारण पाया गया, कारीगरों और कारखाना संचालक से देर रात तक पूछताछ होती रही। इस दौरान खाेवा में मिलावट तथा अन्य हानिकारक रसायनों की मिलावट का परीक्षण होता रहा। इस कार्रवाई से जिले भर में मिठाइयों में ही 'मीठा जहर' खिलाए जाने की सुगबुगाहट मिली है।
खोवा समेत अन्य सामग्रियों में हो राही मिलावट
रक्षाबंधन का पर्व 28 अगस्त को है। इससे पहले दुकानों पर मिठाइयों की सप्लाई के बड़े कारोबारी सक्रिय हो गए हैं। महंगे दामों में मिठाइयां बेचने, खोवा समेत अन्य सामग्रियों में मिलावट कर अधिक मुनाफा कमाने का गोरखधंधा चोरी छिपे हो रहा है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के अधिकारियों ने सूचना के आधार पर मलाक चौधरी स्थित गेस्ट हाउस में देर रात छापेमारी की।
खोवा में स्टार्च आदि हानिकारिक सामग्री मिली
गेस्ट हाउस का गेट बाहर से बंद था तो टीम पिछले रास्ते से अंदर पहुंची। गेस्ट हाउस के पिछले हिस्से में बड़े गोदाम पाए गए। इसमें खाद्य सुरक्षा अधिकारी और पुलिस कर्मी पहुंचे तो व्यापक रूप से मिठाइयों का भंडारण मिला। खोवा, छेना, बेसन की मिठाइयां मिलीं। अनुमान लगाया कि करीब 70 कुंतल मिठाई है। इसमें मिलावट का संदेह हुआ। खोवा में स्टार्च समेत अन्य हानिकारिक सामग्रियां पाई गईं। कुछ अन्य रासायनिक पदार्थों के भी मिले होने की आशंका जताई गई।
क्या बोले सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा?
इस संबंध में सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा दीनानाथ यादव ने बताया कि कई दिनों से सूचना मिल रही थी। रेकी कराई गई तो गेस्ट हाउस की आड़ में मिलावट का गोरखधंधा पकड़ में आया। करीब 70 कुंतल मिठाई पाई गई है।
ऐसे करें शुद्ध और मिलावटी मिठाइयों की पहचान
खोवे की मिठाई के थोड़े से हिस्से को पानी में घोलकर उसमें आयोडीन सॉल्यूशन या टिंचर की कुछ बूंदें मिलाएं। अगर रंग नीला या काला हो जाए तो उसमें स्टार्च, मैदा या आलू की मिलावट है।
हथेली पर रगड़ना: असली खोया हथेली पर मसलने पर आसानी से चिकना होकर घुल जाता है और चिपचिपा महसूस नहीं होता।
चांदी के वर्क की जांच: असली चांदी के वर्क को उंगली से रगड़ने पर वह तुरंत गायब या विलीन हो जाता है, जबकि एल्युमीनियम फॉइल होने पर वह आसानी से एक छोटी गोली या परत के रूप में छूट जाता है।
रंगों और अन्य चीजों की जांच: मिठाई को हाथ में लेने पर अगर उसका रंग आपकी हथेलियों पर उतरने लगे तो समझें कि उसमें सिंथेटिक रंगों का इस्तेमाल किया गया है।
डिटर्जेंट की जांच: मिठाई के टुकड़े को पानी में डालकर जोर से हिलाएं। यदि ज्यादा झाग या साबुन जैसी महक आए तो उसमें डिटर्जेंट की मिलावट हो सकती है।
केसर की शुद्धता: असली केसर पानी में तुरंत रंग नहीं छोड़ता, जबकि नकली पानी में डालते ही रंग छोड़ने लगता है।
टोल फ्री नंबर पर करें शिकायत
अगर आपको किसी मिठाई में मिलावट का संदेह है तो आप राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा प्राधिकरण FSSAI के पोर्टल या उनके टोल-फ्री नंबर 1800112100 पर इसकी शिकायत कर सकते हैं।
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