प्रयागराज के गांवों में सड़क-जल निकासी व्यवस्था पर खर्च होंगे 66 करोड़ रुपये, जिला पंचायत कराएगा विकास कार्य
प्रयागराज में जिला पंचायत वित्तीय वर्ष 2026-27 में गांवों में सड़क और जल निकासी व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए 66 करोड़ रुपये खर्च करेगी। इस बजट से 28 ...और पढ़ें

प्रयागराज के गांवों में सड़क और जल निकासी की व्यवस्था जिला पंचायत कराएगा।
HighLights
गंगापार व यमुनापार में वित्तीय वर्ष 2026-27 में विकास की तैयारी
जिला पंचायत की तकनीकी टीम कार्यस्थलों पर जाकर सर्वेक्षण करेगी
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। वित्तीय वर्ष 2025-26 के एक महीने शेष बचे हैं। इस पूरे वर्ष में हुए काम का हिसाब-किताब करने के साथ ही अगले वर्ष होने वाले कार्यों का खाका भी खींचा जाने लगा है। जिला पंचायत ने गंगापार व यमुनापार में विकास की तैयारी शुरू कर दी है। वित्तीय वर्ष 2026-27 में करीब 66.27 करोड़ रुपये खर्च करने की योजना बनाई गई है।
अगले वित्तीय वर्ष में इन कार्यों को प्राथमिकता
जिला पंचायत की ओर से अगले वित्तीय वर्ष में होने वाले कार्यों में सड़क और जल निकासी की समस्या को प्राथमिकता में रखा है। 66.27 करोड़ के बजट से जहां 280 सड़कों का निर्माण होगा। वहीं गांवों में जल निकासी के लिए 130 नाली व नालों का निर्माण भी कराया जाएगा।
बोर्ड की बैठक में जिपं सदस्यों ने दिए थे प्रस्ताव
बीते दिनों हुई बोर्ड की बैठक में जिला पंचायत सदस्यों ने इनके प्रस्ताव दिए थे। अब जिला पंचायत की तकनीकी टीम एक-एक कार्यस्थल पर जाकर विकास कार्यों का खाका खींचेगी। प्रस्तावित कार्यों में आने वाले खर्च से लेकर अन्य बिंदुओं पर प्रस्ताव तैयार करेगी। इसके बाद टेंडर होंगे फिर विकास कार्य कराए जाएंगे। विकास कार्यों के यह आंकड़े सिर्फ इतने ही नहीं रहेंगे, बल्कि आगे जैसे-जैसे प्रस्ताव आते जाएंगे वैसे-वैसे उन्हें शामिल किया जाएगा। सड़क और नाली-नालों के अलावा ग्रामीणों की जरूरत के हिसाब से अन्य विकास कार्यों को भी प्रस्तावों में रखने की तैयारी जिला पंचायत के अफसरों ने बनाई है।
किस निधि से मिलेगा कितना बजट (रुपये में)
राज्य वित्त आयोग -- 33,19,58,842
15वां वित्त आयोग टाइड ग्रांट - 19,84,73,310
15वां वित्त आयोग अनटाइड ग्रांट - 13,23,15,440
क्या कहते हैं जिला पंचायत अध्यक्ष?
जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ वीके सिंह का कहना है कि अगले वित्तीय वर्ष में होने वाले विकास कार्यों के लिए सदस्यों ने बोर्ड की बैठक में प्रस्ताव रखे हैं। इनमें सबसे ज्यादा कार्य सड़क और नाली-नाला निर्माण के हैं। इनका एस्टीमेट तैयार किया जा रहा है। जल्द से जल्द कार्य शुरू कराने का प्रयास किया जाएगा।