यूपी बोर्ड की कॉपी मूल्यांकन में लगे शिक्षकों पर अतिरिक्त ड्यूटी का भी बोझ, मूल्यांकन में आ रही अड़चन
यूपी बोर्ड परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन में लगे परीक्षक कई ड्यूटी लगने से परेशान हैं। शिक्षकों को प्रतियोगी परीक्षाओं में कक्ष निरीक्षक और ...और पढ़ें

यूपी बोर्ड 2026 की उत्तर पुस्तिकाओं का हो रहा मूल्यांकन।
HighLights
मूल्यांकन में लगे परीक्षकों की प्रतियोगी भर्ती परीक्षा में कक्ष निरीक्षक व SIR में भी लगी ड्यूटी
प्रशासन से समन्वय कर शिक्षकों की ड्यूटी के समुचित समायोजन की मांग
तय संख्या से 5 प्रतिशत कम या ज्यादा काॅपियां जांचने वालों की बोर्ड ने मांगी सूची
राज्य ब्यूरो, जागरण, प्रयागराज। हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन में यूपी बोर्ड ने गुणवत्ता पर विशेष जोर दिया है। इसी कारण निर्धारित संख्या से पांच प्रतिशत कम या ज्यादा कॉपियां जांचने वाले परीक्षकों की सूची बोर्ड सचिव भगवती सिंह ने मांगी है। इधर, मूल्यांकन में लगे परीक्षक प्रतियोगी भर्ती परीक्षा में कक्ष निरीक्षक की ड्यूटी लगने तथा एसआइआर में भी ड्यूटी लगी होने से परेशान हैं।
परीक्षक संशय में, कौन ड्यूटी करें व कौन छोड़ें
परीक्षक समझ नहीं पा रहे कि कौन सी ड्यूटी करें और कौन छोड़ें। इस पर उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ (एकजुट) के प्रदेश संरक्षक डा. हरिप्रकाश यादव ने यूपी बोर्ड सचिव से मांग की है कि शासन-प्रशासन से समन्वय कर शिक्षकों की ड्यूटी का समुचित समायोजन किया जाए। एक परीक्षक के लिए एक दिन में हाईस्कूल की 50 इंटरमीडिएट की 45 कापियों का मूल्यांकन निर्धारित है।
अव्यवहारिक और अन्यायपूर्ण बताया
इस संबंध में संगठन के पदाधिकारियों ने बैठक कर बताया कि वर्तमान में शिक्षकों से एक साथ तीन से चार जगह ड्यूटी कराई जा रही है, जो पूरी तरह अव्यवहारिक और अन्यायपूर्ण है। प्रदेश संरक्षक ने कहा कि इस समय यूपी बोर्ड के मूल्यांकन कार्य में शिक्षकों की ड्यूटी लगी हुई है। इसके साथ ही एसआइआर कार्य में भी उन्हें लगाया गया है।
जनगणना की ट्रेनिंग में भी लगे शिक्षक
इतना ही नहीं, 22 मार्च को आठ जिलों में होने वाली एपीओ परीक्षा में भी ड्यूटी लगाई गई है। समानांतर रूप से जनगणना की ट्रेनिंग भी जारी है और उसमें भी शिक्षकों की भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। कुछ मूल्यांकन केंद्र एपीओ परीक्षा के केंद्र बने हैं। इससे परीक्षा के दिन मूल्यांकन पर संकट है।
खबरें और भी
शिक्षकों का मानसिक-शारीरिक संतुलन प्रभावित
तीन से चार ड्यूटी के कारण शिक्षकों का मानसिक व शारीरिक संतुलन प्रभावित हो रहा है। मांग की गई कि एक समय में एक ही कार्य सौंपा जाए। इसी के साथ ईद का अवकाश घोषित किए जाने की मांग भी की गई। बैठक में प्रदेश उपाध्यक्ष उपेन्द्र वर्मा, सुरेन्द्र प्रताप सिंह, सुधाकर ज्ञानार्थी, तीर्थ राज पटेल,संदीप शुक्ला सहित कई शिक्षक उपस्थित रहे।