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    संभल: रीठ गांव में टेंट की दुकान और घेर में लगी भीषण आग, एक मवेशी की मौत, दो भाई झुलसे; 30 लाख का नुकसान

    Updated: Mon, 06 Jul 2026 06:37 PM (IST)

    संभल के रीठ गांव में देर रात एक टेंट की दुकान और घेर में भीषण आग लग गई, जिससे एक भैंस की मौत हो गई और दुकान मालिक के दो बेटे झुलस गए। इस अग्निकांड में ...और पढ़ें

    रीठ गांव में टेंट की दुकान व पशुशाला में लगी आग में जलता ट्रैक्टर। सौ. ग्रामीण

    रीठ गांव में टेंट की दुकान व पशुशाला में लगी आग में जलता ट्रैक्टर। सौ. ग्रामीण

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    1. रीठ गांव की घटना, साढ़े तीन घंटे की मशक्कत के बाद पाया आग पर काबू

    संवाद सूत्र, बनियाठेर/कुढ़ फतेहगढ़ (संभल)। गांव रीठ में रविवार की देर रात एक टेंट की दुकान और उसके पीछे बने घेर में आग लग गई। इस अग्निकांड में टेंट का सारा सामान, एक ट्रैक्टर और डीजे आदि जल गए। साथ ही घेर (पशुशाला) में बंधे तीन मवेशी गंभीर रूप से झुलस गए। जिनमें एक भैंस की मौके पर ही मौत हो गई। पशुओं को बचाने के प्रयास में दुकान स्वामी दो पुत्र भी झुलसे हैं। पीड़ित टेंट स्वामी के मुताबिक हादसे में करीब 25 से 30 लाख रुपये का नुकसान हुआ है।

    गांव निवासी अतर सिंह घर के पास ही टेंट की दुकान चलाते हैं और दुकान के ठीक पीछे उनका घेर है। जहां वे पशु पालते हैं। रविवार की रात अतर सिंह अपनी पत्नी ऊषा देवी और तीन वर्षीय नाती आवेश के साथ दुकान में ही सो रहे थे। रात करीब एक बजे जब अतर सिंह की आंख खुली तो दुकान के भीतर आग की लपटें उठ रही थीं।

    उन्होंने तुरंत अपनी पत्नी को जगाया और मासूम बच्चे को लेकर सुरक्षित बाहर की ओर भागे। अतर सिंह के शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर एकत्र हो गए और अपने-अपने स्तर से आग बुझाने के प्रयासों में जुट गए। देखते ही देखते आग ने टेंट के गद्दों, पर्दों और कुर्सियों को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे उसने विकराल रूप धारण कर लिया।

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    कुछ ही समय में आग दुकान के पीछे बने घेर तक फैल गई। घेर में तीन मवेशी बंधे हुए थे। अतर सिंह के बेटे सचिन और प्रवीन ने जान पर खेलकर दो मवेशियों को लपटों के बीच से सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन एक भैंस की जलने से मौत हो गई। घटना की सूचना मिलने के करीब एक घंटे बाद दमकल की गाड़ी मौके पर पहुंची।

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    फायर ब्रिगेड और ग्रामीणों के सामूहिक प्रयास से करीब साढ़े तीन घंटे बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया जा सका। सोमवार को सूचना मिलने पर हल्का लेखपाल गब्बर सिंह ने भी मौके का मुआयना किया और नुकसान का आकलन किया। टेंट स्वामी अतर सिंह ने बताया कि आग लगने का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सका है।

    मगर इस हादसे में बर्तन, कुर्सी, डेकोरेशन, डीजे का सामान, ट्रैक्टर समेत करीब 25 से 30 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। वहीं आग में झुलसे दोनों मवेशियों का इलाज चल रहा है। उधर, आग में घिरे पशुओं को बचाने के प्रयास में अतर सिंह के दो बेटे प्रवीन और छोटा बेटा सचिन भी मामूली रूप से झुलस गए।

    आग लगने से छत भी गिरी

    आग इतनी भयंकर थी कि लोगों के उसे बुझाने में पसीने छूट गए। दुकान स्वामी के अनुसार उसकी दुकान का अगले हिस्से पर लिंटर है, जबकि पिछले हिस्से में गाडर और पट्टियां डली हुई हैं। जब रविवार की देररात टेंट के सामान में आग लगी, तो वह पीछे घेर तक पहुंच गई।

    ऐसे में यहां रखा डीजे का सामान भी आग की लपटों के बीच जल गया। यहां खड़े ट्रैक्टर भी आग की चपेट में आ गया। बताते हैं कि आग की वजह से पिछले हिस्से की छत भी निकल गई।

    समय से नहीं पहुंची दमकल, ग्रामीणों ने जताई नाराजगी

    ग्रामीणों के अनुसार रविवार की रात एक बजे करीब दुकान में आग लगी थी। करीब 1.41 बजे फायर ब्रिगेड को आग लगने की सूचना दी गई। बताते है कि सूचना देने के बाद 2.30 बजे फायर फायर ब्रिगेड पहुंची और आग पर काबू पाया।

    ग्रामीणों ने दमकलकर्मियों के लेट पहुंचने पर नाराजगी जताई। जबकि दमकल कर्मियों ने बताया कि चंदौसी फायर स्टेशन से रीठ गांव की दूरी करीब 25 किलोमीटर की है। इसलिए, जो समय वहां तक पहुंचने में लगा, उसी की देरी हुई।

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