‘3 महीने से भटक रही थी बुजुर्ग सास...’ पुत्रवधू के स्टे और जमीन कब्जे से तंग आकर महिला ने तहसील में खुद पर छिड़का डीजल
पुवायां तहसील परिसर में एक बुजुर्ग महिला ने पुत्रवधू से भूमि विवाद के चलते आत्मदाह का प्रयास किया, जिस पर कर्मचारियों ने उन्हें रोका। तीन माह से न्याय ...और पढ़ें

पुत्रवधू पर जमीन पर कब्जा करने के विरोध में डीजल छिड़ककर आत्महत्या करने पर समझाते एसडीएम सदानंद सरोज
HighLights
तीन माह से लगा रहीं थीं थाने व तहसील के चक्कर, पुत्रवधू पर भूमि कब्जा करने का आरोप
न्यायालय में वाद विचाराधीन होने के कारण अधिकारियों ने निस्तारण में जतायी असमर्थता
संवाद सहयोगी, पुवायां (शाहजहांपुर)। पुत्रवधू विनीता से चल रहे भूमि संबंधी विवाद में दिउरिया बुजुर्ग निवासी चित्रा देवी तीन माह से थाने से लेकर तहसील तक अधिकारियों के चक्कर लगा रहीं थीं, लेकिन वाद न्यायालय में विचाराधीन होने के कारण अधिकारी उन्हें निर्णय तक प्रतीक्षा की बात कहकर वापस भेज रहे थे।
गुरुवार को चित्रा का धैर्य जवाब दे गया, उन्होंने तहसील परिसर पहुंचकर आत्मदाह के लिए अपने ऊपर डीजल डालना शुरू कर दिया। वहां मौजूद कर्मचारियों की नजर पड़ी तो उनसे बोतल छीनी। नायब तहसीलदार जगतमोहन जोशी के नेतृत्व में टीम गांव भेजी गई, लेकिन विनीता ने स्टे दिखा दिया, जिस पर उन्हें वापस होना पड़ा। हालांकि बाद में दोनों पक्षों में समझौता हो गया।
पुवायां के दिउरिया गांव निवासी बुजुर्ग चित्रा देवी गुरुवार सुबह पति शिवदेव शुक्ला के साथ थाने पहुंचीं थीं। उन्होंने बताया कि इकलौते बेटे केशवराम की एक वर्ष पहले हादसे में मृत्यु हो चुकी है। पुत्रवधू विनीता ने साढ़े तीन एकड़ भूमि पर कब्जा कर गांव के ही प्रदीप को ठेके पर दे दी है। जिसके रुपये विनीता ने अपने पास रख लिए।
जिस वजह से बुजुर्ग दंपती के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया। दोनों काफी समय से बीमार भी रहते हैं। कई बार थाने से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों के पास न्याय की गुहार लगाई लेकिन ध्यान नहीं दिया गया। गुरुवार को चित्रा अपने पति के साथ पहले थाने गईं तो वहां से एसडीएम के पास भेज दिया गया।
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एसडीएम ने पुलिस के माध्यम से कार्रवाई कराने का भरोसा देकर वापस भेज दिया। इससे परेशान होकर वह बोतल में डीजल लेकर तहसील परिसर में पहुंच गईं। उन्होंने बोतल से जैसे ही अपने सिर पर डीजल डालना शुरू किया तो आस-पास मौजूद लोगों ने बोतल छीन ली।
उन्हें थाने भिजवाया गया जहां महिला पुलिसकर्मियों ने उन्हें स्नान कराकर कपड़े बदलवाए। एसडीएम सदानंद सरोज ने नायब तहसीलदार जगत मोहन जोशी व अपराध निरीक्षक प्रवीण कुमार को जांच के लिए मौके पर भेजा। बताया विनीता ने भूमि का स्टे दिखा दिया जिसके बाद जांच टीम वापस लौट गई।
विनीता के मुताबिक सास चित्रा देवी के ससुर रामप्रसाद ने यह भूमि उसके नाम पर वसीयत की थी। यह मामला न्यायालय में भी विचाराधीन है। पुलिसकर्मियों ने दोनों पक्षों की आपस में वार्ता कराई। जिसके बाद विवाद का निस्तारण हो गया। एक लाख 60 हजार रुपये में ठेके पर दिया गया था। जिसमें चित्रा ने 70 हजार रुपये जीवन यापन करने के लिए मांगे जिस पर सहमति बन गई।
खतौनी में शिवदेव के नाम पर भूमि दर्ज है। सिविल कोर्ट में यह प्रकरण विचाराधीन है, विनीता को इसमें स्टे मिला है। दोनों पक्षों की वार्ता करा दी गई है ताकि पारिवारिक मामला आसानी से निस्तारित हो सके।
- सदानंद सरोज, एसडीएम
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