शामली कबड्डी खिलाड़ी हत्याकांड: मौके पर मिली चप्पल ने खोला राज, हत्या से पहले आरोपियों ने रातभर देखी थीं फिल्म
शामली में कबड्डी खिलाड़ी की हत्या का राज छह घंटे में खुल गया, जब घटनास्थल पर मिली एक चप्पल ने पुलिस को मुख्य आरोपित कार्तिक तक पहुंचाया। ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक तस्वीर
HighLights
शामली में कबड्डी खिलाड़ी की हत्या का राज छह घंटे में खुला।
घटनास्थल पर छूटी चप्पल ने पुलिस को मुख्य आरोपित तक पहुंचाया।
प्रेम-प्रसंग के चलते आरोपितों ने क्राइम फिल्में देखकर की हत्या।
आकाश शर्मा, शामली। कबड्डी खिलाड़ी की हत्या करने के लिए आरोपितों ने 15 दिनों तक प्लान तैयार किया था। एक रात पहले भी हत्याकांड को लेकर कई फिल्म देखी थी, लेकिन पुलिस की सतर्कता और आरोपितों की एक चूक से हत्याकांड का राजफाश छह घंटे में हो गया, क्योंकि मौके पर कार्तिक की चप्पल छूट गई थी। पुलिस जब कार्तिक के घर पहुंची तो एकदम वैसी ही चप्पल वहां मिली।
शनिवार तड़के जब कांधला पुलिस, एसओजी और सर्विलांस की टीम घटनास्थल पर पहुंची, तो वहां मृतक की शर्ट और चप्पल के अलावा एक जोड़ी अन्य चप्पल भी मिली थी। पुलिस ने इस अनजानी चप्पल को अहम सुराग मानते हुए जांच आगे बढ़ाई।
मामले का राजफाश करने के लिए पुलिस ने गांव ककड़ीपुर और आसपास के रास्तों पर लगे करीब 200 सीसीटीवी की फुटेज खंगाली। सीसीटीवी और सर्विलांस की मदद से जब पुलिस गांव ककड़ीपुर पहुंची। गांव में मोनू और आरोपित पक्ष के घर महज 500 मीटर की ही दूरी हैं।
पुलिस सर्विलांस के आधार पर युवती के घर पहुंची, जहां तलाशी के दौरान घटनास्थल पर मिली चप्पल से मेल खाती दूसरी चप्पल बरामद हो गई। इतना ही नहीं, स्वजन द्वारा बेरहमी से पीटे जाने के कारण युवती भी गंभीर हालत में थी। इसके बाद पुलिस ने प्रेम-प्रसंग के एंगल पर जांच शुरू कर दी।
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हिरासत में लिए गए मुख्य आरोपित कार्तिक ने पूछताछ में बताया कि दोनों परिवारों का घर एक ही गांव में होने के कारण शादी संभव नहीं थी। आए दिन हो रही चर्चाओं से गांव में परिवार की बदनामी हो रही थी, जिससे वह तनाव और गुस्से में था। आरोपित ने बताया कि जब वह शुक्रवार शाम हत्या करने में विफल रहे तो शुक्रवार उसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर पूरी रात हत्या करने का तरीका सीखने के लिए मोबाइल पर कई क्राइम फिल्में देखी थी।
फिल्मों को देखकर ही उन्होंने गोली मारने और पुलिस से बचने की योजना तैयार की थी। हालांकि, घटना के दौरान जल्दबाजी में आरोपित की चप्पल मौके पर ही छूट गई। इससे घटना का पुलिस ने छह घंटे में राजफाश कर दिया। हत्याकांड में शामिल तीन तमंचे भी आरोपित के साथी लेकर आए थे।
हत्याकांड को अंजाम देकर गांव में ही रहा आरोपित
हत्याकांड के बाद किसी को उसपर कोई शक न हो इसलिए आरोपित पक्ष के लोग घर में ही मौजूद थे। हत्याकांड में शामिल कार्तिक भी गांव में ही घूम रहा था। कई बार गांव में पुलिस आई और गई वह पुलिस के सामने भी आया, जिससे पुलिस और ग्रामीणों को उनके परिवार पर किसी तरह का कोई शक न हो, लेकिन सर्विलांस और सीसीटीवी की मदद से पुलिस ने आरोपितों को पकड़ लिया।