बदरीनाथ धाम में ATS ने संभाला मोर्चा, 23 अप्रैल को खुलेंगे मंदिर के कपाट
बदरीनाथ धाम की यात्रा शुरू होने से पहले एटीएस टीम ने सुरक्षा व्यवस्था संभाल ली है। 23 अप्रैल को कपाट खुलने से पहले चमोली पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को ...और पढ़ें

बदरीनाथ धाम में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एटीएस ने संभाला मोर्चा। जागरण

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संवाद सहयोगी, गोपेश्वर (चमोली)। बदरीनाथ धाम की यात्रा शुरू होने से पूर्व धाम में सुरक्षा व्यवस्था के मध्येनजर आतंकवादी निरोध दस्ता (एटीएस) की टीम ने मोर्चा संभाल लिया है। इसके साथ सुरक्षा व्यवस्था और सुदृढ़ हो गई है।
श्री बदरीनाथ धाम के कपाट 23 अप्रैल को श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे। यात्रा के दृष्टिगत चमोली पुलिस द्वारा बदरीनाथ धाम में सुरक्षा व्यवस्था को अलर्ट मोड पर रखा गया है।
यात्रा के सुचारू व सुरक्षित संचालन के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। धाम क्षेत्र में भारी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं को ध्यान में रखते हुए बहु-स्तरीय सुरक्षा प्लान लागू किया गया है।
सभी प्रवेश मार्गों, प्रमुख स्थलों एवं संवेदनशील क्षेत्रों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई है। साथ ही सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से सतत निगरानी रखी जा रही है व नियमित चेकिंग अभियान चलाए जा रहे हैं।
सबसे अहम आतंकवादी निरोध दस्ता (एटीएस) ने मोर्चा संभाल लिया है। एटीएस की हर संभावित खतरे पर पहले से पैनी नजर है।
गंगोत्री-यमुनोत्री धाम के कपाट खुले
उत्तरकाशी। अक्षय तृतीया के अवसर पर रविवार को गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट विधिवत पूजा-अर्चना के साथ खोल दिए गए, जिसके साथ चारधाम यात्रा की शुरुआत हो गई। पहले दिन ही करीब 15 हजार श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गंगोत्री धाम में प्रधानमंत्री के नाम से पहली पूजा कराई। परंपरा अनुसार मां गंगा और मां यमुना की डोली यात्राएं अपने शीतकालीन प्रवास स्थलों से धामों तक पहुंचीं।
निर्धारित शुभ मुहूर्त में गंगोत्री के कपाट दोपहर 12:15 बजे और यमुनोत्री के कपाट 12:35 बजे खोले गए। कपाट खुलते ही दोनों धामों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी।
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