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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 15, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Chardham 2022 : अब तक 254 तीर्थयात्रियों की हृदयाघात से मौत, बर्फबारी से गिरा पारा, ऐसे रखें अपना ध्‍यान

    By Jagran NewsEdited By: Nirmala Bohra
    Updated: Sat, 15 Oct 2022 09:07 AM (IST)

    Chardham Yatra 2022 बदरीनाथ दर्शनों को आए कर्नाटक के एक तीर्थ यात्री की हृदयाघात से मौत हो गई। इसके साथ ही बदरीनाथ में अब तक 73 तीर्थ यात्रियों की म ...और पढ़ें

    Chardham Yatra 2022 : अब कुल मृत यात्रियों की संख्‍या 54 पहुंची। जागरण
    Chardham Yatra 2022 : अब कुल मृत यात्रियों की संख्‍या 54 पहुंची। जागरण

    संवाद सहयोगी, चमोली: Chardham Yatra 2022: बदरीनाथ दर्शनों को आए कर्नाटक के एक तीर्थ यात्री की हृदयाघात से मौत हो गई। जानकारी के अनुसार पत्नी के साथ चित्रदुर्ग (कर्नाटक) निवासी शशिधर (59) गुरुवार को बदरीनाथ धाम पहुंचे थे। इसी दौरान अचानक तबीयत बिगड़ने पर शशिधर को स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया।

    कर्णप्रयाग पहुंचने से पूर्व ही शशिधर की मौत हो गई। इसके साथ ही बदरीनाथ में अब तक 73 तीर्थ यात्रियों की मौत हृदयाघात से हो चुकी है, जबकि हेमकुंड साहिब, श्रीनगर व ऋषिकेश समेत चारधाम में यह संख्या 254 पहुंच गई है। पहले से किसी गंभीर बीमारी से ग्रसित होने और अचानक हार्टअटैक के कारण हुई है

    चारधामों में अब तक 42 लाख से अधिक श्रद्धालु पहुंचे

    चारधाम यात्रा में समाप्‍त होने में अभी एक सप्‍ताह से ज्‍यादा का समय शेष है। वहीं इस बार तीर्थयात्रियों ने रिकॉर्ड बनाया है। अब तक बदरीनाथ धाम में 15.14 लाख, केदारनाथ धाम में 14.25, गंगोत्री में 6.0 लाख, यमुनोत्री में 4.73 लाख से अधिक यात्री दर्शन कर चुके हैं।

    अब त‍क चारों धाम में 42 लाख से अधिक श्रद्धालु पहुंचे हैं। कपाट बंद होने तक यह संख्या 45 लाख तक पहुंचने की उम्मीद है। हेमकुंड साहिब में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने दर्शन किए।

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    अब तक हृदयाघात से मरे यात्री

    • धाम, 14 अक्टूबर को, कुल मृतक
    • यमुनोत्री, 00, 44
    • गंगोत्री, 00, 18
    • केदारनाथ, 00, 110
    • बदरीनाथ, 00, 73
    • हेमकुंड, 00, 02
    • श्रीनगर-गढ़वाल, 00, 01
    • ऋषिकेश, 00, 06

    तीर्थयात्री ऐसे रखें अपना ध्‍यान

    • अब ठंड बढ़ गई है ऐसे में इससे शरीर के भीतर रक्त संचार प्रणाली और श्वसन तंत्र पर प्रभाव पड़ता है। खुद को ठंड से बचाएं
    • स्वास्थ्य परीक्षण के बाद ही यात्रा के लिए रवाना हों।
    • पूर्व से बीमार यात्री चिकित्सक का परामर्श पर्चा, संपर्क नंबर व दवाएं साथ रखें।
    • अति वृद्ध, बीमार व पूर्व में कोविड से ग्रसित व्यक्ति यात्रा पर न जाएं तो उचित होगा।
    • तीर्थस्थल पर पहुंचने से पूर्व मार्ग में एक दिन का विश्राम करें।
    • गर्म एवं ऊनी वस्त्र साथ में अवश्य रखें।
    • हृदय रोग, श्वास रोग, मधुमेह, उच्च रक्तचाप से ग्रस्त विशेष सावधानी बरतें।
    • सिर दर्द, उल्टी, चक्कर, खांसी, घबराहट, दिल की धड़कन तेज होने, हाथ-पांव व होठ नीले पड़ने, थकान, सांस फूलने पर निकटतम स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे या 104 हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क करें।
    • धूमपान व अन्य मादक पदार्थों के सेवन न करें।
    • त्वचा को तेज धूप से बचाने के लिए सनस्क्रीन एसपीएफ-50 का उपयोग करें।
    • यूवी किरणों से आंखों के बचाव के लिए सन ग्लासेस का उपयोग करें।
    • यात्रा के दौरान पानी पीते रहें और भूखे पेट न रहें।
    • लंबी पैदल यात्रा के दौरान बीच-बीच में विश्राम करें।
    • ऊंचाई वाले क्षेत्रों में व्यायाम करने से बचें।
    • किसी भी स्वास्थ्य संबंधी जानकारी के लिए 104 और एंबुलेंस के लिए 108 हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क करें।

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