मंगलौर हत्याकांड का खुलासा: दोस्तों ने ही की सौरभ की हत्या, दुश्मनों को फंसाने की थी साजिश
मंगलौर में सौरभ हत्याकांड का पुलिस ने पर्दाफाश किया है, जिसमें मृतक के दोस्त ही हत्यारोपी निकले। दोस्तों ने दुश्मनों को फंसाने के लिए झूठी कहानी गढ़ी ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर।
HighLights
सौरभ की हत्या में दोस्त सुमित, डिंपल, आशीष गिरफ्तार
तमंचा चेक करते समय गोली लगने से हुई मौत
आरोपियों ने दुश्मनों को फंसाने की कोशिश की
संवाद सहयोगी, मंगलौर (रुड़की)। मंगलौर कोतवाली के ग्राम मोहम्मदपुर जट निवासी सौरभ हत्याकांड का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया। पुलिस की जांच में सौरभ के दोस्त ही हत्यारोपित निकले।
गिरफ्तार किए गए तीन आरोपितों ने दुश्मनों को फंसाने के लिए पुलिस को झूठी कहानी बताई थी। नामजद किए गए पक्ष व मृतक पक्ष में विवाद चल रहा था।
एसपी देहात शेखर चंद सुयाल ने मंगलवार को पत्रकार वार्ता में जानकारी दी कि 11 जुलाई को की शाम को ग्राम बुढ़पुर जट के एक खेत में यह घटनाक्रम हुआ था। पुलिस ने घायल सौरभ को उपचार के लिए अस्पताल भेजा था, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई थी।
इस मामले में स्वजन ने रोबिन, अनुज, प्रद्युमन के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कराया था। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी थी। जांच के दौरान सौरभ के दोस्त सुमित निवासी शकरपुर, थाना पुरकाजी, उत्तर प्रदेश, डिंपल और आशीष निवासी ग्राम मोहम्मदपुर जट से पूछताछ की थी।
घटना के दौरान तीनों ने नामजद आरोपितों पर इस घटनाक्रम को अंजाम देने का आरोप लगाया था। हालांकि, पुलिस की जांच में नामजद किए गए आरोपितों की लोकेशन मौके पर नहीं मिली। इसके बाद सौरभ के दोस्तों से सख्ती से पूछताछ की गई, तो उन्होंने सारी सच्चाई बताई।
एसपी देहात के अनुसार, नामजद आरोपितों से झगड़ा करने के उद्देश्य से में चारों दोस्त मोहम्मदपुर जट्ट में तमंचा लेकर पहुंचे थे।
आरोपितों ने पुलिस को बताया कि वह तमंचे को खोलकर चेक कर रहे थे, इसी दौरान तमंचे से फायरिंग हुई और गोली सौरभ के पैर में लग गई। सुमित ने साथियों को भरोसा दिलाया कि हम सभी नामजद आरोपितों के नाम पुलिस को बताएंगे और जेल जाने से बच जाएंगे।
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मुजफ्फरनगर से लाया था तमंचा
एसपी देहात ने बताया कि आरोपित सुमित शातिर अपराधी है। उस पर थाना पुरकाजी में दो व हरिद्वार के थाना सिडकुल में एक मुकदमा दर्ज है। सुमित ने पूछताछ में मुजफ्फरनगर से तमंचा लाने की बात स्वीकार की है।
हालांकि, अभी इसकी जांच की जा रही है कि वह किससे यह तमंचा लाया था। उन्होंने बताया कि इस मामले में गहनता से जांच की जा रही है। इंटरनेट मीडिया पर भी हथियारों का प्रदर्शन करने वालों पर टीम निगाह रख रही है।