रुद्रप्रयाग: उच्च हिमालयी क्षेत्रों में भारी बर्फबारी और बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, सड़कें बाधित
उच्च हिमालयी क्षेत्रों में भारी बारिश और बर्फबारी से जनजीवन प्रभावित हुआ। केदारनाथ में चार फीट से अधिक बर्फ गिरी, जबकि तुंगनाथ और चोपता में भी हिमपात ...और पढ़ें

केदारनाथ मंदिर पर बर्फबारी के बाद का नजारा।

समय कम है?
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संवाद सहयोगी, रुद्रप्रयाग। जनपद समेत उच्च हिमालयी क्षेत्रों में बीती रात हुई तेज बारिश और बर्फबारी के चलते जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया।
केदारनाथ धाम में जहां ताजा बर्फबारी चार फीट से अधिक दर्ज की गई, वहीं तुंगनाथ, चोपता और आसपास के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भी भारी हिमपात हुआ।
लगातार बारिश के कारण बदरीनाथ हाईवे सहित अन्य संपर्क मार्गों पर जगह-जगह मलबा और पत्थर गिरने की घटनाएं सामने आईं।
शनिवार सुबह भी कई स्थानों पर भारी कीचड़ जमा होने से वाहन फंस गए, जिससे यातायात प्रभावित रहा। इसी बीच चोपता क्षेत्र में बर्फ के कारण एक वाहन फिसलकर नाले में जा गिरा।
घटना की सूचना डीडीआरएफ को ऊखीमठ कंट्रोल रूम के माध्यम से मिली। सूचना मिलते ही टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान चलाकर वाहन को सुरक्षित बाहर निकाला। राहत की बात यह रही कि सभी यात्री सुरक्षित हैं।
वहीं, शनिवार सुबह बारिश के चलते सिरोबगड़ और आसपास के क्षेत्रों में मलबा व पत्थर आने के कारण मार्ग बाधित हो गया था। कुछ स्थानों पर सड़क दलदली हो गई, जिससे कई वाहन फंस गए।
पुलिस बल और संबंधित कार्यदायी संस्थाओं के संयुक्त प्रयास से फंसे वाहनों को निकाला गया तथा मलबा हटाकर मार्ग को साफ किया गया। इसके बाद यातायात को दोनों ओर से सुचारु रूप से संचालित कर दिया गया है।
मौसम की इस अचानक करवट ने एक बार फिर पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा और जनजीवन की चुनौतियों को उजागर कर दिया है। प्रशासन ने यात्रियों और स्थानीय लोगों से सतर्कता बरतने की अपील की है।
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